1st Bihar Published by: First Bihar Updated Sun, 18 Jan 2026 07:58:55 AM IST
- फ़ोटो
NEET student case : राजधानी पटना के मुन्नाचक इलाके में स्थित एक हॉस्टल में रहकर नीट की तैयारी कर रही जहानाबाद की छात्रा के साथ हुई दरिंदगी के मामले में पुलिस की जांच लगातार आगे बढ़ रही है। इस सनसनीखेज मामले में अब मृतका का मोबाइल फोन जांच का सबसे अहम आधार बनकर सामने आया है। पुलिस ने छात्रा का मोबाइल जब्त कर लिया है और कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) के जरिए उन नंबरों की गहन जांच की जा रही है, जिन पर सबसे अधिक बातचीत हुई थी।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, घटना से एक दिन पहले और घटना वाले दिन छात्रा ने जिन-जिन लोगों से फोन पर बातचीत की थी, उन सभी की पहचान की जा रही है। प्रारंभिक जांच में कुछ ऐसे मोबाइल नंबर सामने आए हैं, जिन पर छात्रा की लगातार और लंबी बातचीत हुई थी। इन नंबरों के धारकों से पूछताछ की जा रही है और उनके रोल की भी बारीकी से जांच की जा रही है। अधिकारियों का मानना है कि मोबाइल फोन से मिलने वाले डिजिटल साक्ष्य मामले के उद्भेदन में निर्णायक भूमिका निभा सकते हैं।
जानकारी के मुताबिक, पांच जनवरी को छात्रा जहानाबाद से पटना पहुंची थी। पटना आने के बाद उसने किन-किन लोगों से संपर्क किया, कहां-कहां फोन किया और किस समय बात हुई—इन सभी बिंदुओं का पूरा रिकॉर्ड पुलिस के पास मौजूद है। इसी आधार पर कुछ संदिग्धों से पूछताछ भी की जा चुकी है। हालांकि अब तक कोई ठोस सुराग हाथ नहीं लग पाया है, लेकिन पुलिस का दावा है कि जांच सही दिशा में आगे बढ़ रही है।
इस मामले में हॉस्टल की भूमिका भी जांच के दायरे में है। पुलिस और एसआईटी (विशेष जांच दल) की टीम ने हॉस्टल में रहने वाली छात्रा की सहेलियों से भी पूछताछ की है। उनसे छात्रा की दिनचर्या, उसके व्यवहार, किसी से विवाद या किसी संदिग्ध गतिविधि के बारे में जानकारी जुटाई गई है। इसके अलावा हॉस्टल के आसपास रहने वाले स्थानीय लोगों से भी पूछताछ की गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि हॉस्टल के बाहर अक्सर गाड़ियां खड़ी रहती थीं, लेकिन उन गाड़ियों में कौन आता-जाता था, इसकी उन्हें कोई स्पष्ट जानकारी नहीं है।
घटना की गंभीरता को देखते हुए क्राइम ब्रांच की टीम भी सक्रिय हो गई है। शनिवार को क्राइम ब्रांच की एक टीम जहानाबाद स्थित छात्रा के घर पहुंची और परिजनों से लंबी पूछताछ की। पुलिस ने परिजनों से यह जानने की कोशिश की कि पटना से लौटने के बाद छात्रा कहां-कहां गई थी और किन लोगों से मिली थी। इस पर परिजनों ने बताया कि पटना से आने के बाद वह ज्यादातर घर पर ही रहती थी और कहीं बाहर नहीं जाती थी। छुट्टी समाप्त होने के बाद वह दोबारा पटना के हॉस्टल चली गई थी।
परिजनों ने यह भी बताया कि छात्रा पढ़ाई को लेकर काफी गंभीर थी और उसका मुख्य फोकस नीट की तैयारी पर ही रहता था। किसी से दुश्मनी या किसी तरह के दबाव की जानकारी उन्हें नहीं थी। हालांकि पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है और किसी भी संभावना को नजरअंदाज नहीं किया जा रहा है।
फिलहाल पुलिस मोबाइल डेटा, कॉल रिकॉर्ड, हॉस्टल से जुड़े सीसीटीवी फुटेज और प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष गवाहों के बयान के आधार पर पूरे घटनाक्रम को जोड़ने की कोशिश कर रही है। इस जघन्य घटना ने न सिर्फ पटना बल्कि पूरे राज्य को झकझोर कर रख दिया है। छात्राओं की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पुलिस का कहना है कि जल्द ही इस मामले का खुलासा किया जाएगा और दोषियों को सख्त सजा दिलाई जाएगी।