ब्रेकिंग
MLC राहुल राज और बंशीधर ब्रजवासी की सदस्यता रद्द करने की मांग, RJD ने सभापति को सौंपा ज्ञापन✦Bihar Ration Card : अब राशन दुकानों पर AI की नजर! 60 हजार PDS दुकानों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार, फर्जी कार्ड और कालाबाजारी पर लगेगी लगाम✦ छठ से पहले प्रशासन का बड़ा एक्शन! KFC-डोमिनोज समेत कई दुकानों पर छापेमारी, गड़बड़ी मिलने पर लगा जुर्माना✦ IG से भिड़ने वाली महिला DSP को बड़ी राहत...सरकार ने दी क्लिनचिट, हाईकोर्ट के आदेश पर दुबारा पक्ष सुना गया, इसके बाद आरोप से किया गया मुक्त ✦बिहार TRE-4 में नौकरी की महाभारत! 33 हजार पदों के लिए 9.95 लाख युवाओं ने ठोकी दावेदारी, एक सीट पर 30 की टक्कर!✦MLC राहुल राज और बंशीधर ब्रजवासी की सदस्यता रद्द करने की मांग, RJD ने सभापति को सौंपा ज्ञापन✦Bihar Ration Card : अब राशन दुकानों पर AI की नजर! 60 हजार PDS दुकानों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार, फर्जी कार्ड और कालाबाजारी पर लगेगी लगाम✦ छठ से पहले प्रशासन का बड़ा एक्शन! KFC-डोमिनोज समेत कई दुकानों पर छापेमारी, गड़बड़ी मिलने पर लगा जुर्माना✦ IG से भिड़ने वाली महिला DSP को बड़ी राहत...सरकार ने दी क्लिनचिट, हाईकोर्ट के आदेश पर दुबारा पक्ष सुना गया, इसके बाद आरोप से किया गया मुक्त ✦बिहार TRE-4 में नौकरी की महाभारत! 33 हजार पदों के लिए 9.95 लाख युवाओं ने ठोकी दावेदारी, एक सीट पर 30 की टक्कर!

45 शिक्षकों की मौत के बाद सरकार की अपील बेमानी, शिक्षक संघ मरते दम तक संघर्ष जारी रखेगा

PATNA : बिहार माध्यमिक शिक्षक संघ के महासचिव सह पूर्व सांसद शत्रुघ्न प्रसाद सिंह ने राज्य के शिक्षा मंत्री द्वारा हड़ताली शिक्षकों के लिए जारी अपील पर आक्रोश व्यक्त करते हुए क

FirstBihar
Anurag Goel
2 मिनट

PATNA : बिहार माध्यमिक शिक्षक संघ के महासचिव सह पूर्व सांसद शत्रुघ्न प्रसाद सिंह ने राज्य के शिक्षा मंत्री द्वारा हड़ताली शिक्षकों के लिए जारी अपील पर आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा कि करीब 45 हड़ताली शिक्षकों की जिन्दगी लील लेने वाली सरकार के शिक्षा मंत्री जी  कोरोना संकट मे मानवता की दुहाई दे रहे हैं।


शत्रुघ्न प्रसाद सिंह ने कहा कि हम चाणक्य के वंशज है, मानवता की परिभाषा न सिखाएं । हम तो हड़ताल मे रहकर आपके द्वारा किए गए गैर कानूनी दमनात्मक कारवाइयों को झेलते हुए भी स्वेच्छा से इस कोरोना वैश्विक महामारी मे जन जागरूकता से लेकर कोरेनटाईन सेंटर पर पीड़ित मानवता की सेवा करते हुए अपनी सामाजिक दायित्वों का भलीभांति निर्वहन कर रहे हैं ।


उन्होनें कहा कि इतने शिक्षकों की मृत्यु के बाबजूद भी किसी तरह से संवेदनशील नहीं होना संवेदना के सभी सूत्रों को तो आपने खंडित करने का दुहसाहस किया है । शिक्षक की औचित्यपूर्ण मांगों को हमारी विवशता समझने का भूल नहीं करें । मुझे भी अपने वाजिब अधिकारों के लिए ससमय फैसला लेने आता है । हम एक हैं,अडिग हैं ,अखंडित हैं और सांगठनिक रूप से अनुशासित एवं एकताबद्ध हैं ।और सरकार के ऐसे सभी कुचक्रों का मुहतोड़ जबाब देने के लिए हमारे सभी जाबांज साथी दृढसंकल्पित हैं