गोपालगंज: बिहार के गोपालगंज जिले में पुरानी रंजिश ने मंगलवार को हिंसक रूप ले लिया। नगर थाना क्षेत्र के जादोपुर मोड़ पर दो पक्षों के बीच शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते खूनी संघर्ष में बदल गया। दोनों ओर से हुई चाकूबाजी में दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इतना ही नहीं, इलाज के लिए सदर अस्पताल पहुंचने के बाद भी दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और अस्पताल परिसर में जमकर मारपीट हुई। इस घटना से अस्पताल में अफरा-तफरी मच गई और मरीजों व उनके परिजनों में दहशत का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और चार लोगों को हिरासत में ले लिया। वहीं, फरार आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है।
जादोपुर मोड़ पर शुरू हुआ विवाद, देखते ही देखते चली चाकू
जानकारी के अनुसार, नगर थाना क्षेत्र के जादोपुर मोड़ के पास दो पक्षों के बीच किसी पुराने विवाद को लेकर कहासुनी शुरू हुई। शुरुआत में मामूली बहस के रूप में शुरू हुआ विवाद कुछ ही देर में हिंसक झड़प में बदल गया। दोनों पक्षों के लोगों ने एक-दूसरे पर हमला कर दिया और चाकूबाजी शुरू हो गई।
स्थानीय लोगों ने बताया कि घटना अचानक हुई, जिससे आसपास मौजूद लोगों में भगदड़ मच गई। कई लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। किसी ने तुरंत पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात पर काबू पाने की कोशिश की।
दो लोग गंभीर रूप से घायल
इस खूनी संघर्ष में दो लोग गंभीर रूप से घायल हुए। घायलों की पहचान नगर थाना क्षेत्र के मठिया निवासी 25 वर्षीय विशाल कुमार और 14 वर्षीय साबिर अली के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों को तत्काल इलाज के लिए गोपालगंज सदर अस्पताल पहुंचाया।
डॉक्टरों के अनुसार, विशाल कुमार को चाकू से गंभीर चोट लगी थी। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत नाजुक देखते हुए बेहतर इलाज के लिए उसे गोरखपुर रेफर कर दिया गया। वहीं साबिर अली का इलाज सदर अस्पताल में जारी है और उसकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है।
अस्पताल में भी भिड़ गए दोनों पक्ष
घटना का सबसे चौंकाने वाला पहलू यह रहा कि सड़क पर हुए खूनी संघर्ष के बाद भी विवाद शांत नहीं हुआ। इलाज के लिए सदर अस्पताल पहुंचे दोनों पक्षों के समर्थक अस्पताल परिसर में फिर आमने-सामने आ गए। देखते ही देखते अस्पताल के अंदर और परिसर में जमकर मारपीट शुरू हो गई।
अचानक हुए इस बवाल से अस्पताल में मौजूद मरीजों, उनके परिजनों और स्वास्थ्यकर्मियों में अफरा-तफरी मच गई। कुछ देर के लिए अस्पताल का माहौल पूरी तरह तनावपूर्ण हो गया। मौके पर तैनात पुलिसकर्मियों ने तत्काल हस्तक्षेप किया और दोनों पक्षों को अलग कर स्थिति को नियंत्रित किया।
चार लोग हिरासत में, फरार आरोपियों की तलाश जारी
अस्पताल में हुए हंगामे के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मौके से चार लोगों को हिरासत में लिया। हालांकि, मारपीट और चाकूबाजी में शामिल कुछ आरोपी पुलिस के पहुंचने से पहले ही फरार हो गए। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि फरार आरोपियों की पहचान कर ली गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है ताकि घटना में शामिल अन्य लोगों की पहचान की जा सके।
पुरानी रंजिश बनी खूनी संघर्ष की वजह
प्राथमिक जांच में पुलिस को पता चला है कि दोनों पक्षों के बीच पहले से विवाद चला आ रहा था। इसी पुरानी रंजिश के कारण मंगलवार को दोनों पक्ष आमने-सामने आए और विवाद हिंसक हो गया। पुलिस का कहना है कि सड़क पर हुई चाकूबाजी और उसके बाद अस्पताल परिसर में हुई मारपीट, दोनों घटनाओं की अलग-अलग बिंदुओं पर जांच की जा रही है। मामले में शामिल सभी आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर भी उठे सवाल
सदर अस्पताल जैसे संवेदनशील स्थान पर दो पक्षों के बीच दोबारा मारपीट होने के बाद अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि अस्पताल में पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था होती तो इतनी बड़ी घटना दोबारा नहीं होती। हालांकि, पुलिस का कहना है कि स्थिति अब पूरी तरह नियंत्रण में है और अस्पताल परिसर में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है ताकि दोबारा किसी तरह की अप्रिय घटना न हो।
पुलिस कर रही मामले की गहन जांच
फिलहाल नगर थाना पुलिस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है। पुलिस दोनों पक्षों के लोगों से पूछताछ कर रही है और घटना के पीछे की वास्तविक वजह जानने का प्रयास कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पूरे मामले का खुलासा हो सकेगा। पुलिस ने लोगों से भी शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है।





