JEEViKA Didi Cricket : गोपालगंज से महिला सशक्तिकरण, आत्मनिर्भरता और खेल भावना से जुड़ी एक बेहद सकारात्मक और प्रेरणादायक खबर सामने आ रही है। नई चेतना अभियान – खेल से सशक्तिकरण की ओर के तहत गोपालगंज जिले में आज जीविका दीदियों की एकदिवसीय क्रिकेट प्रतियोगिता का भव्य आयोजन किया गया। यह आयोजन न सिर्फ एक खेल प्रतियोगिता था, बल्कि ग्रामीण महिलाओं के आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक भागीदारी को मजबूती देने वाला सशक्त मंच भी बना।
इस प्रेरणादायक प्रतियोगिता का आयोजन गोपालगंज जिले के उच्च माध्यमिक विद्यालय, बरौली के खेल मैदान में किया गया, जहां जिले के विभिन्न प्रखंडों से आई जीविका दीदियों की टीमों ने पूरे उत्साह, जोश और खेल भावना के साथ भाग लिया। मैदान पर उतरते ही महिलाओं का आत्मविश्वास और ऊर्जा देखने लायक थी, जिसने यह साबित कर दिया कि आज ग्रामीण महिलाएं किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं हैं।
प्रतियोगिता का विधिवत शुभारंभ जिला पदाधिकारी पवन कुमार सिन्हा एवं पुलिस अधीक्षक अवधेश दीक्षित द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलन एवं फीता काटकर किया गया। इस अवसर पर उप विकास आयुक्त कुमार विवेक निशांत तथा अपर समाहर्ता राजेश्वरी पाण्डेय की गरिमामयी उपस्थिति ने कार्यक्रम की भव्यता और महत्व को और बढ़ा दिया। प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी ने खिलाड़ियों का उत्साह दोगुना कर दिया।
उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए जिला पदाधिकारी पवन कुमार सिन्हा ने कहा कि खेल केवल शारीरिक गतिविधि तक सीमित नहीं है, बल्कि यह मानसिक विकास, आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता को मजबूत करने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने कहा कि जीविका दीदियों की इस प्रतियोगिता में सक्रिय भागीदारी यह स्पष्ट संदेश देती है कि महिलाएं आज हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं। ऐसे आयोजन महिला सशक्तिकरण को नई दिशा देते हैं और समाज में सकारात्मक बदलाव लाते हैं।
वहीं पुलिस अधीक्षक अवधेश दीक्षित ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि खेल अनुशासन, टीम वर्क और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि महिलाओं को आगे बढ़ने के लिए ऐसे मंच लगातार मिलते रहने चाहिए, ताकि वे आत्मनिर्भर बन सकें और समाज में अपनी सशक्त भूमिका निभा सकें। खेल के माध्यम से महिलाओं में आत्मविश्वास और निर्णय क्षमता विकसित होती है।
क्रिकेट मैदान में जीविका दीदियों का उत्साह देखते ही बन रहा था। कोई बल्लेबाज़ी में चौके-छक्के लगाती नजर आई, तो कोई गेंदबाज़ी में शानदार प्रदर्शन कर दर्शकों की तालियां बटोरती दिखी। फील्डिंग के दौरान भी खिलाड़ियों में जबरदस्त तालमेल और अनुशासन देखने को मिला। मैदान के बाहर दर्शक दीर्घा में मौजूद लोग तालियों और जयकारों के साथ खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाते नजर आए।
पूरे आयोजन के दौरान खेल भावना, अनुशासन और आपसी सहयोग की झलक साफ दिखाई दी। प्रतियोगिता ने यह साबित कर दिया कि ग्रामीण महिलाएं न केवल आर्थिक गतिविधियों में बल्कि खेल और सामाजिक क्षेत्रों में भी अपनी मजबूत पहचान बना रही हैं। जीविका दीदियों का यह आत्मविश्वास समाज के लिए प्रेरणादायक संदेश है।
कुल मिलाकर, नई चेतना अभियान के तहत आयोजित यह एकदिवसीय क्रिकेट प्रतियोगिता केवल एक खेल आयोजन नहीं रही, बल्कि यह ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण, आत्मनिर्भरता और सामाजिक बदलाव का सशक्त प्रतीक बनकर उभरी। गोपालगंज से निकला यह आयोजन पूरे जिले और प्रदेश के लिए एक प्रेरणादायक मिसाल बन गया है, जो यह दर्शाता है कि जब महिलाओं को अवसर और मंच मिलता है, तो वे हर क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छू सकती हैं।





