ब्रेकिंग
राजस्व कर्मचारियों को सरकार की लास्ट वार्निंग: 24 घंटे के भीतर योगदान नहीं दिया तो एक्शन तय, ट्रांसफर के बावजूद नहीं कर रहे ज्वाइनगृह मंत्री अमित शाह की चेयरमैनशिप वाली 'परिषद' में डिप्टी सीएम के साथ एक मंत्री को बनाया गया सदस्य, CM सम्राट ने की नियुक्ति खेसारी लाल यादव ने पिता को गिफ्ट की 4 करोड़ की Range Rover SV, भावुक वीडियो हुआ वायरलबिहार में SC-ST अत्याचार मामलों के लिए बनेंगे 19 नए स्पेशल कोर्ट, 171 पदों के सृजन को कैबिनेट की मंजूरीफर्जी आधार कार्ड से भारत में घूम रहा था नेपाली युवक, नाबालिग लड़की को लेकर पहुंचा मैत्री पुल; SSB ने दबोचाराजस्व कर्मचारियों को सरकार की लास्ट वार्निंग: 24 घंटे के भीतर योगदान नहीं दिया तो एक्शन तय, ट्रांसफर के बावजूद नहीं कर रहे ज्वाइनगृह मंत्री अमित शाह की चेयरमैनशिप वाली 'परिषद' में डिप्टी सीएम के साथ एक मंत्री को बनाया गया सदस्य, CM सम्राट ने की नियुक्ति खेसारी लाल यादव ने पिता को गिफ्ट की 4 करोड़ की Range Rover SV, भावुक वीडियो हुआ वायरलबिहार में SC-ST अत्याचार मामलों के लिए बनेंगे 19 नए स्पेशल कोर्ट, 171 पदों के सृजन को कैबिनेट की मंजूरीफर्जी आधार कार्ड से भारत में घूम रहा था नेपाली युवक, नाबालिग लड़की को लेकर पहुंचा मैत्री पुल; SSB ने दबोचा

National Highway Bihar : बिहार में सड़क निर्माण तेज़ होगा, परियोजनावार राजस्व अधिकारी हुए नियुक्त; भूमि अधिग्रहण में अब नहीं होगी देरी

बिहार में हाईवे, एक्सप्रेसवे और अन्य महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं के लिए अब जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया में रुकावट नहीं आएगी। राज्य सरकार ने पथ निर्माण विभाग और राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के बीच समन्वय बढ़ाने के लिए विशेष पहल की है।

National Highway Bihar : बिहार में सड़क निर्माण तेज़ होगा, परियोजनावार राजस्व अधिकारी  हुए नियुक्त; भूमि अधिग्रहण में अब नहीं होगी देरी
Tejpratap
Tejpratap
3 मिनट

National Highway Bihar : बिहार में सड़क निर्माण परियोजनाओं को तेजी से पूरा करने के लिए सरकार ने जमीन अधिग्रहण प्रक्रिया में बड़ा सुधार करने का फैसला लिया है। राज्य में हाईवे, एक्सप्रेसवे और अन्य प्रमुख सड़कों के निर्माण में अक्सर सबसे बड़ी रुकावट जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया में आती है। इसके तहत पथ निर्माण विभाग और राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के बीच भूमि की रिपोर्ट देने और प्राप्त करने में देरी हो जाती थी। इस कारण कई परियोजनाओं में काम महीनों या सालों तक रोक सा जाता था।


इस समस्या का समाधान निकालने के लिए बिहार सरकार ने अब विशेष पहल की है। इसके तहत राज्य की महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं के लिए परियोजनावार राजस्व अधिकारी तैनात किए जाएंगे। पथ निर्माण विभाग ने इसका प्रस्ताव तैयार कर राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग को भेजा है। इसका मुख्य उद्देश्य यह है कि भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया तेज हो और सड़क परियोजनाएं समय पर पूरी हों।


अब तक सड़क परियोजनाओं के लिए जमीन अधिग्रहण जिला स्तर पर भू-अर्जन पदाधिकारी के माध्यम से हो रहा था। जब पथ निर्माण विभाग किसी परियोजना में भूमि अधिग्रहण की रिपोर्ट मांगता, तो जिला स्तर के अधिकारी पूरे जिले के कई प्रोजेक्टों का हवाला देकर अपनी उपलब्धि और व्यस्तता गिनाने लगते थे। इसी वजह से कई परियोजनाओं में जमीन अधिग्रहण कार्य वर्षों तक अधूरा रह जाता था।


समाधान के तौर पर अब राज्य की प्रमुख सड़क परियोजनाओं, खासकर नेशनल हाईवे और एक्सप्रेसवे के लिए परियोजनावार एडीएलओ (अपर जिला भू-अर्जन अधिकारी) तैनात किए जाएंगे। ये अधिकारी डीएलओ के अधीन कार्य करेंगे और अनुमंडल स्तर पर डीसीएलआर के समान अधिकार प्राप्त होंगे। इनके द्वारा भूमि अधिग्रहण के साथ ही पथ निर्माण विभाग और राजस्व विभाग के बीच समन्वय भी सुनिश्चित किया जाएगा।


पथ निर्माण विभाग ने राजस्व विभाग से मांग की है कि वे प्रत्येक महत्वपूर्ण परियोजना के लिए एडीएलओ नियुक्त करें। इन अधिकारियों के माध्यम से केंद्र और राज्य के बीच समन्वय भी बेहतर होगा। सूत्रों के अनुसार, राजस्व और पथ निर्माण विभाग के बीच इस प्रस्ताव पर सहमति बन गई है और सरकार के शीर्ष स्तर पर जल्द ही इसे विधिवत आदेश के रूप में जारी किया जाएगा।


इस पहल के लागू होने के बाद बिहार में सड़क निर्माण परियोजनाओं में तेजी आएगी और हाईवे, एक्सप्रेसवे सहित अन्य सड़क परियोजनाओं के लिए भूमि अधिग्रहण अब बाधा नहीं बनेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे न केवल परियोजनाओं की गति बढ़ेगी, बल्कि निवेशकों और जनता को भी लाभ मिलेगा। बिहार सरकार की यह पहल राज्य के सड़क नेटवर्क को मजबूत करने और आर्थिक विकास को गति देने की दिशा में अहम कदम साबित होगी।