ब्रेकिंग
15 अगस्त 2027 से दौड़ेगी भारत की पहली बुलेट ट्रेन, रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया पूरा प्लानपटना में ज्वेलरी शॉप से 25 लाख की लूट, हथियारबंद अपराधियों ने वारदात को दिया अंजामबेगूसराय में पूर्व जिला पार्षद और RJD नेता को अपराधियों ने मारी गोली, गंभीर हालत में निजी अस्पताल में भर्तीBihar Ias Transfer: बिहार के सात IAS अफसरों का तबादला, पूरी सूची देखें...बिहार प्रशासनिक सेवा के 45 अफसरों का ट्रांसफर-पोस्टिंग, कई जिलों में नए DTO- SDO की तैनाती, देखिये पूरी लिस्ट15 अगस्त 2027 से दौड़ेगी भारत की पहली बुलेट ट्रेन, रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया पूरा प्लानपटना में ज्वेलरी शॉप से 25 लाख की लूट, हथियारबंद अपराधियों ने वारदात को दिया अंजामबेगूसराय में पूर्व जिला पार्षद और RJD नेता को अपराधियों ने मारी गोली, गंभीर हालत में निजी अस्पताल में भर्तीBihar Ias Transfer: बिहार के सात IAS अफसरों का तबादला, पूरी सूची देखें...बिहार प्रशासनिक सेवा के 45 अफसरों का ट्रांसफर-पोस्टिंग, कई जिलों में नए DTO- SDO की तैनाती, देखिये पूरी लिस्ट

Bihar Election News : बिहार पंचायत चुनाव में बड़ा बदलाव, पहली बार इस तरह से होगा मतदान, 27 अप्रैल से वोटर लिस्ट प्रक्रिया शुरू; जानिए पूरी डिटेल

बिहार पंचायत चुनाव 2026 को लेकर बड़ी अपडेट सामने आई है। 27 अप्रैल को वोटर लिस्ट का प्रारूप जारी होगा। इस बार पहली बार EVM से मतदान होगा, जिससे चुनाव और पारदर्शी बनने की उम्मीद है।

Bihar Election News : बिहार पंचायत चुनाव में बड़ा बदलाव, पहली बार इस तरह से होगा मतदान,  27 अप्रैल से वोटर लिस्ट प्रक्रिया शुरू; जानिए पूरी डिटेल
Tejpratap
Tejpratap
4 मिनट

Bihar Election News : बिहार में पंचायत आम चुनाव 2026 को लेकर तैयारियां अब अंतिम चरण में पहुंचती दिख रही हैं। राज्य निर्वाचन आयोग ने चुनाव प्रक्रिया को लेकर बड़ा अपडेट जारी करते हुए सभी जिलों को जरूरी दिशा-निर्देश भेज दिए हैं। इसी कड़ी में आगामी 27 अप्रैल को सभी पंचायतों में प्रारूप प्रकाशन किया जाएगा, जिसके लिए जिला निर्वाचन पदाधिकारी (डीएम) को निर्देशित कर दिया गया है। आयोग के इस फैसले के बाद राज्यभर में चुनावी हलचल तेज हो गई है और प्रशासनिक स्तर पर तैयारी शुरू हो चुकी है।


राज्य निर्वाचन आयोग के सचिव मुकेश कुमार सिन्हा ने जानकारी दी कि 24 अप्रैल को ही सभी निर्वाचन क्षेत्रों में प्रारूप प्रकाशित कर दिया जाएगा। इसके साथ ही सभी जिलों में फॉर्म-1 तैयार करने की प्रक्रिया भी शुरू हो गई है। पहले से ही डीएम को पंचायत चुनाव के लिए निर्वाचन पदाधिकारी नियुक्त किया जा चुका है, जिससे प्रशासनिक ढांचा पूरी तरह सक्रिय हो गया है। इस बार भी पंचायतों के वार्डों की सीमाओं में कोई बदलाव नहीं किया गया है और 2011 की जनगणना के आधार पर ही आबादी का निर्धारण किया जाएगा।


बिहार में इस वर्ष कुल 8035 पंचायतों में चुनाव कराए जाने हैं। आयोग के निर्देश के अनुसार, प्रारूप प्रकाशन के बाद मतदाता सूची तैयार करने की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। इसके तहत सभी निर्वाचन क्षेत्रों में दावा और आपत्ति आमंत्रित किए जाएंगे। निर्धारित समय सीमा के भीतर इनका निपटारा किया जाएगा, जिसके बाद अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी। मतदाता सूची तैयार होने के बाद ही चुनाव की औपचारिक प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा।


प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, पंचायत चुनाव का आयोजन इस वर्ष नवंबर और दिसंबर महीने में किया जा सकता है। मौजूदा जनप्रतिनिधियों का कार्यकाल समाप्त होने से पहले ही नए प्रतिनिधियों का चुनाव सुनिश्चित करने की योजना बनाई गई है। राज्य निर्वाचन आयोग और पंचायती राज विभाग इस दिशा में पहले से ही समन्वय बनाकर काम कर रहे हैं, ताकि चुनाव समय पर और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराया जा सके।


इस बार का पंचायत चुनाव कई मायनों में खास होने वाला है। पहली बार बिहार में पंचायत चुनाव इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) के जरिए कराया जाएगा। इससे पहले तक पंचायत चुनाव बैलेट पेपर से कराए जाते थे। EVM के इस्तेमाल से मतदान प्रक्रिया तेज और पारदर्शी होने की उम्मीद जताई जा रही है। इस चुनाव में मतदाता वार्ड सदस्य, पंच, सरपंच, मुखिया सहित कुल छह पदों के लिए एक साथ वोट डाल सकेंगे। इसके लिए मल्टी-पोस्ट EVM का उपयोग किया जाएगा, जिससे एक ही मशीन पर अलग-अलग पदों के लिए मतदान संभव होगा।


हालांकि इस बार चुनाव पुराने परिसीमन के आधार पर ही कराया जाएगा, लेकिन आरक्षण रोस्टर में बदलाव किया जाएगा। नियमानुसार हर 10 साल में आरक्षण रोस्टर बदला जाता है, ताकि विभिन्न वर्गों को प्रतिनिधित्व का अवसर मिल सके। इससे कई सीटों पर नए सामाजिक समीकरण भी देखने को मिल सकते हैं, जो चुनावी परिणामों को प्रभावित कर सकते हैं।


गौरतलब है कि वर्ष 2021 में पंचायत चुनाव 11 चरणों में संपन्न हुए थे और चुनाव की तारीखों की घोषणा अगस्त महीने में की गई थी। ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि इस बार भी चुनाव कार्यक्रम की घोषणा अगस्त के आसपास की जा सकती है।


कुल मिलाकर, बिहार पंचायत चुनाव 2026 को लेकर प्रशासनिक और राजनीतिक दोनों स्तरों पर गतिविधियां तेज हो गई हैं। प्रारूप प्रकाशन से लेकर मतदाता सूची तैयार करने और EVM से मतदान तक, इस बार का चुनाव कई नए बदलावों के साथ होने जा रहा है, जिस पर पूरे राज्य की नजर बनी हुई है।