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बिहार का यह शख्स पैदल पहुंच गया बांग्लादेश, पुलिस ने किया गिरफ्तार, 5 साल बाद जेल से छूटा

PATNA : बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के रहना वाला एक शख्स पैदल बांग्लादेश पहुंच गया. जहां उसे बांग्लादेश की पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया. गिरफ्तारी के पांच साल बाद वो जेल से छूट गया

बिहार का यह शख्स पैदल पहुंच गया बांग्लादेश, पुलिस ने किया गिरफ्तार, 5 साल बाद जेल से छूटा
First Bihar
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PATNA : बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के रहना वाला एक शख्स पैदल बांग्लादेश पहुंच गया. जहां उसे बांग्लादेश की पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया. गिरफ्तारी के पांच साल बाद वो जेल से छूट गया है. रिहा होने के बाद यह शख्स अपने घर मुजफ्फरपुर पहुंचा, जिसे लेकर उसके घर पर ख़ुशी और उत्साह का माहौल है.


दरअसल मुजफ्फरपुर जिला के सकरा थाना अंतर्गत बरियारपुर ओपी क्षेत्र के महमदपुर बनबारी गांव का रहने वाला राम सुंदर पासवान (60) पांच साल बाद बांग्लादेश की जेल से छूटकर अपने घर पहुंचा. बताया जा रहा है कि राम सुंदर पासवान साला 2016 में पश्चिम बंगाल गए थे और वहां से रास्ता भटककर वह बांग्लादेश पहुंच गए.


बांग्लादेश की सीमा में घुसने के बाद पुलिस ने राम सुंदर पासवान को गिरफ्तार कर जेल में डाल दिया. इसके बाद बंगलादेश के जेल में ही बंद थे. बीते दिनों जब बंगलादेश सरकार ने विदेशी कैदियों को रिहा किया. उसमें राम सुंदर पासवान का भी नाम था. रिहाई के बाद बांग्लादेश ने रामसुंदर को पश्चिम बंगाल सरकार को सौंपा और वहां से ये सीधे बिहार के मुजफ्फरपुर स्थित अपने घर आ गए. 


सही सलामत घर वापसी के बाद रामसुंदर पासवान ने बताया कि वे भटकते हुए पैदल ही बंगलादेश के सीमा में घुस गए थे. बांग्लादेश के जेल में किसी प्रकार की भेदभाव और अन्य समस्या नहीं आयी. घर परिवार से पांच साल तक दूर रहना काला पानी की सजा की तरह था. पांच साल तक परिवार के किसी भी सदस्य से मिलना तो दूर बातचीत तक नहीं हो पाई. 


रामसुंदर पासवान के भाई बालेश्वर पासवान ने बताया कि सरकार, पुलिस और प्रसाशन ने कई बार बंगलादेश जेल में बन्द राम सुंदर पासवान के चरित्र का सत्यपन कराया. लम्बे इंतजार के बाद उसे रिहा किया गया. राम सुंदर पासवान की मानसिक स्थिति भी थोड़ी खराब है. वे कमाई के लिए पश्चिम बंगाल गए थे.