Jeevika Salary Hike 2026: 1 अप्रैल 2026 से बढ़ेगा जीविका कर्मियों का वेतन, बिहार सरकार का बड़ा फैसला; आदेश जारी

Jeevika Salary Hike 2026 : बिहार सरकार ने जीविका परियोजना से जुड़े कर्मचारियों और अधिकारियों को बड़ी राहत दी है। 1 अप्रैल 2026 से वेतन में 10 से 30 प्रतिशत तक बढ़ोतरी लागू होगी, साथ ही 5 लाख का मेडिक्लेम बीमा भी मिलेगा।

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Sat, 03 Jan 2026 07:57:46 AM IST

Jeevika Salary Hike 2026: 1 अप्रैल 2026 से बढ़ेगा जीविका कर्मियों का वेतन, बिहार सरकार का बड़ा फैसला; आदेश जारी

- फ़ोटो

Jeevika Salary Hike 2026: बिहार सरकार ने ग्रामीण आजीविका मिशन ‘जीविका’ से जुड़े कर्मचारियों और अधिकारियों को बड़ी राहत देते हुए उनके वेतन में उल्लेखनीय बढ़ोतरी की घोषणा की है। लंबे समय से वेतन पुनरीक्षण की मांग कर रहे जीविका कर्मियों के लिए यह फैसला किसी बड़ी सौगात से कम नहीं है। सरकार के इस निर्णय के तहत अलग-अलग स्तर पर कार्यरत कर्मचारियों के वेतन में 10 प्रतिशत से लेकर 30 प्रतिशत तक की वृद्धि की गई है। यह बढ़ा हुआ वेतन 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी होगा।


अलग-अलग स्तर पर कितनी बढ़ोतरी

सरकारी आदेश के अनुसार राज्य और जिला स्तर पर काम कर रहे अधिकारियों एवं कर्मचारियों के वेतन में 10 से 15 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी की गई है। वहीं ब्लॉक स्तर पर कार्यरत कर्मियों को सबसे अधिक लाभ दिया गया है। इनके वेतन में 20 से 30 प्रतिशत तक की वृद्धि तय की गई है।इसके अलावा जीविका परियोजना से जुड़े सभी यंग प्रोफेशनल्स को हर महीने 5,000 रुपये की सीधी बढ़ोतरी दी जाएगी, जिससे उनकी आय में स्थायी इजाफा होगा।


पदवार वेतन वृद्धि का विवरण

वेतन वृद्धि की सूची के अनुसार निदेशक, उद्यम निदेशक, विशेष कार्यपालक अधिकारी, कार्यक्रम समन्वयक, राज्य परियोजना प्रबंधक और राज्य वित्त प्रबंधक के वेतन में 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है।जबकि जिला प्रोजेक्ट मैनेजर, प्रोग्रामर और तकनीकी पदों पर कार्यरत कर्मचारियों को 15 प्रतिशत वेतन वृद्धि का लाभ मिलेगा। ब्लॉक प्रोजेक्ट मैनेजर और थीमैटिक मैनेजर के वेतन में 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है।


वहीं क्षेत्र समन्वयक, सामुदायिक समन्वयक, कार्यालय सहायक, लेखाकार, स्टेनो, आईटी कर्मी और अन्य कर्मचारियों के वेतन में 30 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी की गई है, जो इस निर्णय का सबसे बड़ा लाभार्थी वर्ग माना जा रहा है।


काम के बंटवारे में भी बड़ा बदलाव

सरकार ने वेतन वृद्धि के साथ-साथ कार्य संरचना में भी अहम बदलाव किए हैं ताकि जीविका परियोजना का संचालन और अधिक प्रभावी हो सके। अब एक सामुदायिक समन्वयक को एक ब्लॉक के भीतर तीन ग्राम पंचायतों की जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। प्रत्येक ब्लॉक में दो क्षेत्र समन्वयक तैनात किए जाएंगे।


इसके अलावा जो अतिरिक्त मानव संसाधन उपलब्ध होंगे, उन्हें आजीविका संवर्धन कार्यों और जीविका निधि के संचालन में लगाया जाएगा। शहरी क्षेत्रों में इन कर्मियों को संस्थान निर्माण, प्रशिक्षण, वित्तीय समावेशन और रोजगार सृजन से जुड़े कार्यों की जिम्मेदारी दी जाएगी।


मेडिक्लेम बीमा से मिलेगी स्वास्थ्य सुरक्षा

वेतन बढ़ोतरी के साथ सरकार ने जीविका कर्मियों को स्वास्थ्य सुरक्षा भी प्रदान की है। सभी जीविका कर्मचारियों को 5 लाख रुपये तक का मेडिक्लेम बीमा दिया जाएगा। यह सुविधा सभी कर्मचारियों पर समान रूप से लागू होगी। इससे गंभीर बीमारी या इलाज की स्थिति में कर्मचारियों और उनके परिवारों को आर्थिक सुरक्षा मिलेगी।


कर्मियों में खुशी, काम की गुणवत्ता बढ़ने की उम्मीद

सरकार के इस फैसले से जीविका से जुड़े हजारों कर्मचारियों में खुशी की लहर है। लंबे समय से अपेक्षित वेतन वृद्धि और बीमा सुविधा मिलने से कर्मचारियों का मनोबल बढ़ेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे न सिर्फ कर्मचारियों की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी, बल्कि जीविका परियोजना के कार्यों की गुणवत्ता और प्रभावशीलता भी बढ़ेगी।


बिहार सरकार का यह कदम ग्रामीण विकास, महिला सशक्तिकरण और आजीविका संवर्धन के क्षेत्र में काम कर रहे जीविका कर्मियों के प्रति सकारात्मक सोच को दर्शाता है। आने वाले समय में इस फैसले का सीधा लाभ राज्य के ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में दिखने की उम्मीद है।