1st Bihar Published by: First Bihar Updated Jul 08, 2025, 8:01:04 AM
प्रतीकात्मक - फ़ोटो Google
Bihar Crime News: बिहार के समस्तीपुर में 7 मई 2025 को बैंक ऑफ महाराष्ट्र की काशीपुर शाखा में हुई 10 करोड़ रुपये की लूट के मामले का खुलासा हो गया है। बिहार विशेष कार्य बल और समस्तीपुर पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई में वैशाली, समस्तीपुर और उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में छापेमारी कर 3 महिलाओं सहित 13 अपराधियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों से 3 किलोग्राम सोना, दो देसी पिस्टल और छह कारतूस बरामद किए गए हैं। STF के अतिरिक्त महानिदेशक कुंदन कृष्णन ने इस कार्रवाई की पुष्टि की है। जांच में खुलासा हुआ कि इस लूट में बैंक के सोना जांचकर्ता और लोन एजेंट ने भी अपराधियों की मदद की थी।
इस लूट की साजिश में बैंक के सहयोगी कर्मियों की भूमिका सामने आई है। बैंक द्वारा सोने की शुद्धता जांचने के लिए नियुक्त चेकर अभिषेक गुप्ता और लोन एजेंट रमेश झा ने अपराधियों को बैंक के अंदर रखे आभूषणों और सुरक्षा व्यवस्था की गोपनीय जानकारी दी थी। अपराधियों ने 9.75 किलोग्राम सोना और 15 लाख रुपये नकद लूटे थे। गिरफ्तार आरोपियों में रविश कुमार, करमवीर कुमार, बिट्टू कुमार, दीपक साह, हरिश्चन्द्र राय, रंधीर कुमार, दीपक कुमार, अनुराधा देवी, फूलपरी देवी, रमेश झा, अभिषेक गुप्ता, अखिलेश राय उर्फ गोलू यादव, और सविता देवी शामिल हैं। पुलिस ने इनके पास से 3 किलो सोना बरामद किया है। जिसकी कीमत लगभग 2.1 करोड़ रुपये है।
STF के अनुसार गिरफ्तार अपराधियों का आपराधिक इतिहास पुराना और गंभीर है। रविश कुमार के खिलाफ वैशाली, समस्तीपुर और पश्चिम बंगाल के राणाघाट थाने में लूट, डकैती और आर्म्स एक्ट के तहत 9 मामले दर्ज हैं। करमवीर उर्फ धर्मवीर के खिलाफ 14, रंधीर कुमार के खिलाफ 8, दीपक कुमार उर्फ मुंशी के खिलाफ 8 और अखिलेश राय उर्फ गोलू यादव के खिलाफ 21 मामले दर्ज हैं। यह गिरोह संगठित तरीके से अपराध करता था और पहले भी कई बड़ी वारदातों को अंजाम दे चुका है। पुलिस ने बताया कि लूट की योजना में बैंक के अंदरूनी कर्मियों की मिलीभगत ने अपराधियों को आसानी से वारदात को अंजाम देने में मदद की।
पुलिस ने इस मामले में वैज्ञानिक और तकनीकी जांच का सहारा लिया। CCTV फुटेज, मोबाइल लोकेशन और गुप्त सूचनाओं के आधार पर STF और समस्तीपुर पुलिस ने बिहार और उत्तर प्रदेश में कई ठिकानों पर छापेमारी की। समस्तीपुर के ASP संजय कुमार पांडेय ने बताया कि लूट में शामिल कुछ और संदिग्धों की तलाश जारी है। बरामद सोने की शुद्धता और मूल्य का आकलन करने के लिए विशेषज्ञों की मदद ली जा रही है।