BIHAR NEWS : बिहार की सियासत में आज बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। मुख्यमंत्री Nitish Kumar आज कैबिनेट की बैठक के बाद अपने पद से इस्तीफा देने जा रहे हैं। लंबे समय से सत्ता की कमान संभाल रहे नीतीश कुमार का यह फैसला राज्य की राजनीति में नए अध्याय की शुरुआत मानी जा रही है।
इस्तीफे से पहले राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। कैबिनेट बैठक से ठीक पहले बिहार के उपमुख्यमंत्री और भाजपा विधायक दल के नेता Samrat Choudhary मुख्यमंत्री आवास पहुंचे और नीतीश कुमार से मुलाकात की। सूत्रों के मुताबिक, इस मुलाकात को सत्ता परिवर्तन की प्रक्रिया का अहम हिस्सा माना जा रहा है। इसके बाद दोनों नेता राजकीय कार्यक्रम के तहत B. R. Ambedkar जयंती के अवसर पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे।
जानकारी के अनुसार, श्रद्धांजलि कार्यक्रम के बाद कैबिनेट की अहम बैठक होगी। इस बैठक के समाप्त होते ही नीतीश कुमार लोक भवन पहुंचकर राज्यपाल को अपना इस्तीफा सौंपेंगे। इस पूरे घटनाक्रम पर राज्य की राजनीतिक पार्टियों और जनता की नजरें टिकी हुई हैं।
उधर, नई सरकार के गठन को लेकर भी गतिविधियां तेज हो गई हैं। सूत्रों की मानें तो बिहार में नए मुख्यमंत्री के तौर पर सम्राट चौधरी का नाम सबसे आगे चल रहा है और संभावना जताई जा रही है कि वह कल शपथ ले सकते हैं। हालांकि, इससे पहले एनडीए विधायक दल की बैठक होगी, जिसमें औपचारिक रूप से नेता का चयन किया जाएगा। उसी नेता को मुख्यमंत्री पद की शपथ दिलाई जाएगी।
इस महत्वपूर्ण बैठक के लिए भाजपा की ओर से पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए हैं। इनमें मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री Shivraj Singh Chouhan और भाजपा के वरिष्ठ नेता Nitin Nabin शामिल हैं, जो पटना पहुंच चुके हैं। शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में ही एनडीए विधायक दल की बैठक होगी, जिसमें सर्वसम्मति से नेता का चयन किए जाने की संभावना है।
इसके साथ ही जदयू और अन्य सहयोगी दलों में भी विधायक दल की बैठकें आयोजित की जा रही हैं। इन बैठकों में विधायकों से राय-मशविरा कर आगे की रणनीति तय की जाएगी, ताकि नई सरकार का गठन सुचारू रूप से किया जा सके।
कुल मिलाकर, बिहार की राजनीति में आज का दिन बेहद अहम माना जा रहा है। जहां एक ओर नीतीश कुमार का इस्तीफा तय माना जा रहा है, वहीं दूसरी ओर नई सरकार के गठन की प्रक्रिया भी अंतिम चरण में पहुंच चुकी है। अब सबकी नजरें एनडीए विधायक दल की बैठक और नए मुख्यमंत्री के नाम की आधिकारिक घोषणा पर टिकी हैं।





