Bihar State Housing Board : बिहार राज्य आवास बोर्ड ने अवैध कब्जाधारियों को फ्लैट खाली करने का जारी किया निर्देश, 750 से अधिक फ्लैट पर है कब्ज़ा

बिहार राज्य आवास बोर्ड ने पटना प्रमंडल-2 की बहादुरपुर कॉलोनी में अवैध कब्जा कर रहे अतिक्रमणकारियों को 15 दिनों के भीतर फ्लैट खाली करने की अंतिम चेतावनी जारी की।

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Fri, 16 Jan 2026 09:41:29 AM IST

Bihar State Housing Board : बिहार राज्य आवास बोर्ड ने अवैध कब्जाधारियों को फ्लैट खाली करने का जारी किया निर्देश, 750 से अधिक फ्लैट पर है कब्ज़ा

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Bihar State Housing Board : बिहार राज्य आवास बोर्ड के पटना प्रमंडल-2 के अंतर्गत बहादुरपुर आवासीय कॉलोनी में अनावंटित फ्लैटों पर अवैध रूप से कब्जा कर रहे अतिक्रमणकारियों को बोर्ड ने अंतिम चेतावनी जारी की है। यह चेतावनी बोर्ड की ओर से सभी अतिक्रमणकारियों को यह स्पष्ट करने के लिए जारी की गई है कि संबंधित फ्लैटों पर किए गए अवैध कब्जे एवं अतिक्रमण को सूचना के प्रकाशन की तिथि से 15 दिनों के भीतर हटाना अनिवार्य है। बोर्ड ने कहा है कि यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर कब्जा हटाया नहीं गया, तो जिला प्रशासन के सहयोग से बलपूर्वक कार्रवाई की जाएगी और अतिक्रमणकारियों के खिलाफ विधिसम्मत प्रक्रिया शुरू की जाएगी।


सूत्रों के अनुसार, बहादुरपुर कॉलोनी में लगभग 750 से अधिक फ्लैटों को अवैध कब्जा या अतिक्रमण के लिए चिन्हित किया गया है। इनमें कई ऐसे मामले हैं, जहां लोग लंबे समय से फ्लैटों पर अवैध रूप से रह रहे हैं। बोर्ड ने कहा है कि यह कदम संपत्तियों के वैध प्रबंधन और आवास बोर्ड द्वारा उपलब्ध कराई गई सुविधाओं के सुचारू संचालन के लिए उठाया जा रहा है।


बोर्ड की चेतावनी में यह भी स्पष्ट किया गया है कि अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान किसी भी तरह की संपत्ति को होने वाली हानि के लिए संबंधित अतिक्रमणकारी स्वयं जिम्मेदार होंगे। इसके अलावा, किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए अतिक्रमणकारियों को बोर्ड ने अपने कब्जे को स्वेच्छा से हटाने की अपील भी की है।


बिहार राज्य आवास बोर्ड के सचिव राहुल बर्मन ने बताया कि अतिक्रमणकारियों को यह अंतिम चेतावनी दी गई है और यदि इसके बावजूद कब्जा नहीं हटाया गया, तो नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि बोर्ड का उद्देश्य केवल कानून और नियमों के अनुसार फ्लैटों का प्रबंधन करना है, और किसी को भी अतिक्रमण जारी रखने की अनुमति नहीं दी जाएगी।


स्थानीय लोगों और अतिक्रमणकारियों के बीच इस सूचना के बाद हड़कंप मच गया है। कई लोग लंबे समय से फ्लैटों पर रह रहे थे और अब उन्हें जल्द ही खाली करने के लिए मजबूर होना पड़ सकता है। अधिकारियों का कहना है कि फ्लैटों पर अवैध कब्जा और अतिक्रमण की समस्या सिर्फ पटना प्रमंडल-2 तक ही सीमित नहीं है, बल्कि यह पूरे राज्य में देखा गया है।


अधिकारी यह भी बता रहे हैं कि अतिक्रमण हटाने के लिए विशेष टीमें बनाई जाएंगी, जो निर्धारित समय सीमा के भीतर कार्रवाई सुनिश्चित करेंगी। इन टीमों में जिला प्रशासन के अधिकारी और स्थानीय पुलिस शामिल होंगे ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके। उन्होंने कहा कि कार्रवाई के दौरान किसी भी तरह की संपत्ति क्षति के लिए जिम्मेदारी अतिक्रमणकारियों की होगी, जिससे उन्हें स्वयं सावधानी बरतनी होगी।


बोर्ड की ओर से यह संदेश स्पष्ट है कि नियमों का उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और अवैध कब्जा हटाना अनिवार्य है। अधिकारियों ने यह भी चेतावनी दी है कि जो लोग समय रहते कब्जा नहीं हटाएंगे, उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई के साथ-साथ फ्लैटों को खाली कराने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।


हालांकि बोर्ड ने अतिक्रमणकारियों को चेतावनी देते हुए अपील भी की है कि वे स्वेच्छा से कब्जा हटाकर किसी भी प्रकार की कानूनी या प्रशासनिक परेशानी से बचें। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह कदम कॉलोनी में अव्यवस्था और अतिक्रमण की समस्या को दूर करने में मदद करेगा और भविष्य में फ्लैटों का सही उपयोग सुनिश्चित करेगा।


पटना प्रमंडल-2 के अधिकारियों ने यह भी संकेत दिया कि भविष्य में इस तरह के अतिक्रमण की रोकथाम के लिए नई नीतियां और सख्त निगरानी लागू की जाएगी। इससे न केवल बोर्ड की संपत्तियों की सुरक्षा बढ़ेगी, बल्कि आम नागरिकों के लिए भी आवास सुविधाओं का सही उपयोग सुनिश्चित होगा।बोर्ड की इस कार्रवाई से साफ संदेश गया है कि बिहार राज्य आवास बोर्ड ने अवैध कब्जा और अतिक्रमण के खिलाफ कोई समझौता नहीं किया है और नियमों का पालन कराना उसकी प्राथमिकता है।