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BIHAR के पूर्व CM भोला पासवान शास्त्री को भारत रत्न देने की मांग, पटना में प्रतिमा-म्यूजियम की भी मांग, आंदोलन की चेतावनी

बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री भोला पासवान शास्त्री को भारत रत्न देने की मांग उठी है। बिहार प्रदेश कांग्रेस अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ ने पटना में उनकी प्रतिमा और म्यूजियम बनाने की भी मांग की है। मांगें नहीं माने जाने पर पूरे बिहार में आंदोलन की चेतावनी दी..

बिहार न्यूज
कांग्रेस ने सम्राट सरकार से की मांग
© सोशल मीडिया
Jitendra Vidyarthi
2 मिनट

PATNA: बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री भोला पासवान शास्त्री को भारत रत्न देने की मांग की गई है। बिहार प्रदेश कांग्रेस अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ की ओर से यह डिमांड की गई। साथ ही पटना के प्रमुख चौराहे पर भोला प्रसाद शास्त्री की प्रतिमा लगाने और पटना में एक म्यूजियम बनाने की भी मांग की गई।


बिहार प्रदेश कांग्रेस अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के अध्यक्ष रबीन्द्र कुमार पासवान ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि यह मांगे नहीं मानी गई तो बिहार में बड़ा आंदोलन किया जाएगा। बता दें कि भोला पासवान शास्त्री एक बार नहीं बल्कि तीन बार बिहार के मुख्यमंत्री रह चुके हैं। वही चार बार विधानसभा में विपक्ष के नेता भी थे। भोला प्रसाद शास्त्री इंदिरा गांधी की सरकार में शहरी विकास मंत्री भी रह चुके हैं। 


वो बिहार के पहले दलित मुख्यमंत्री थे। जब बिहार में पहली बार अनुसूचित जाति का आयोग बना तो भोला पासवान शास्त्री पहले अध्यक्ष बने थे। उन्होंने ही पहली बार वृद्धा पेंशन की शुरुआत की थी। इनके ही कार्यकाल में पिछड़ा आयोग बना था। बिहार प्रदेश कांग्रेस अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के अध्यक्ष रबीन्द्र कुमार पासवान का कहना है कि भोला प्रसाद शास्त्री बिहार के पहले दलित मुख्यमंत्री थे, जिनको वर्तमान सरकार भूल चुकी है।


कांग्रेस नेता रबीन्द्र कुमार पासवान ने सरकार से भोला पासवान शास्त्री को भारत का सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न से सम्मानित करने की मांग की है। साथ ही पटना में उनकी प्रतिमा और म्यूजियम बनाने की बात दोहराई है। कहा है कि यदि मांगे नहीं पूरी हुई तो पूरे बिहार में बड़ा आंदोलन होगा।


कांग्रेस नेता का कहना है कि बिहार के पहले दलित सीएम भोला पासवान शास्त्री के वंशज आज भी मिट्टी के घर में रहते हैं, उन्हें इंदिरा आवास योजना का भी लाभ नहीं मिल पाया है। उन्होंने कहा कि ऐसा लगता है कि वर्तमान सरकार भोला बाबू को भूल चुकी है।