ब्रेकिंग
सीतामढ़ी में दर्दनाक हादसा... छोटी बहन को बचाने पानी में उतरी बड़ी बहन, दोनों की डूबने से मौत✦गंडक का जलस्तर घटा, लेकिन खतरा बरकरार... बिहार के कई जिलों में बाढ़ से हाहाकार✦गंगा की तेज धार में बहे चाचा-भतीजा, साइकिल से लौटते समय हादसा; दोनों की मौत✦किशनगंज में 5 नए ROB को मिली मंजूरी... जमीन अधिग्रहण की तैयारी शुरू, जानिए किन जगहों पर होगा निर्माण✦पटना के चांदनी मार्केट में लगी भीषण आग, दमकल की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं; इलाके में मची अफरातफरी✦सीतामढ़ी में दर्दनाक हादसा... छोटी बहन को बचाने पानी में उतरी बड़ी बहन, दोनों की डूबने से मौत✦गंडक का जलस्तर घटा, लेकिन खतरा बरकरार... बिहार के कई जिलों में बाढ़ से हाहाकार✦गंगा की तेज धार में बहे चाचा-भतीजा, साइकिल से लौटते समय हादसा; दोनों की मौत✦किशनगंज में 5 नए ROB को मिली मंजूरी... जमीन अधिग्रहण की तैयारी शुरू, जानिए किन जगहों पर होगा निर्माण✦पटना के चांदनी मार्केट में लगी भीषण आग, दमकल की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं; इलाके में मची अफरातफरी

कांटी NTPC में स्टेज-I चिमनी को किया गया ध्वस्त, बिना किसी दुर्घटना के पूरा हुआ अभियान

मुजफ्फरपुर के कांटी NTPC में बंद पड़े स्टेज-I संयंत्र की चिमनी का नियंत्रित और सुरक्षित ध्वस्त किया गया। विशेषज्ञों की निगरानी में संपन्न इस अभियान में किसी प्रकार की दुर्घटना, जनहानि या पर्यावरणीय क्षति नहीं हुई।

बिहार न्यूज
सुरक्षित गिराया गया चिमनी
© सोशल मीडिया
Jitendra Vidyarthi
2 मिनट

MUZAFFARPUR: मुजफ्फरपुर स्थित एनटीपीसी कांटी में बंद पड़े स्टेज-I संयंत्र से जुड़ी संरचनाओं को हटाने की प्रक्रिया के तहत स्टेज-I की चिमनी का सुरक्षित एवं नियंत्रित तरीके से सफल ध्वस्तीकरण किया गया। यह कार्य सभी आवश्यक वैधानिक अनुमतियां प्राप्त करने के बाद विशेषज्ञों की निगरानी और निर्धारित सुरक्षा मानकों के अनुरूप संपन्न हुआ।


मिली जानकारी के अनुसार, एनटीपीसी कांटी का स्टेज-I संयंत्र लंबे समय से बंद था। संयंत्र से संबंधित पुरानी एवं अनुपयोगी मशीनों और संरचनाओं को चरणबद्ध तरीके से हटाने का कार्य जारी है। इसी क्रम में स्टेज-I की चिमनी को भी योजनाबद्ध ढंग से ध्वस्त किया गया, जो इस प्रक्रिया का एक महत्वपूर्ण हिस्सा था।


ध्वस्तीकरण से पहले सभी संबंधित विभागों और सक्षम प्राधिकारियों से आवश्यक स्वीकृतियां ली गईं। साथ ही एक विस्तृत सुरक्षा योजना तैयार कर उसका सख्ती से पालन सुनिश्चित किया गया। पूरे अभियान के दौरान विशेषज्ञ एजेंसियों और तकनीकी विशेषज्ञों की टीम मौके पर मौजूद रही तथा हर गतिविधि की लगातार निगरानी की गई।


कार्यस्थल और उसके आसपास के क्षेत्रों में व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। कर्मचारियों, स्थानीय लोगों और परियोजना की अन्य परिसंपत्तियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी जरूरी एहतियाती कदम उठाए गए। नियंत्रित तकनीक के इस्तेमाल से चिमनी को पूर्व निर्धारित योजना के अनुसार सुरक्षित रूप से गिराया गया।


एनटीपीसी कांटी प्रबंधन के अनुसार, यह पूरा ध्वस्तीकरण अभियान बिना किसी दुर्घटना, जनहानि, चोट, पर्यावरणीय क्षति या संपत्ति के नुकसान के सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। प्रबंधन ने इसे संयंत्र के आधुनिकीकरण और परिसंपत्तियों के सुव्यवस्थित प्रबंधन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया है। 

टैग्स
रिपोर्टिंग
M

रिपोर्टर

MANOJ KUMAR

FirstBihar संवाददाता