1st Bihar Published by: First Bihar Updated Mar 24, 2026, 9:25:15 PM
पुलिस पर लगाया गंभीर आरोप - फ़ोटो रिपोर्टर
MUZAFFARPUR: बिहार में अपराधियों का मनोबल सातवें आसमान पर है, यही कारण है कि वो एक के बाद एक आपराधिक वारदातों को बेखौफ अंजाम देकर पुलिस को चुनौती देने का काम कर रहे हैं। सासाराम, बेगूसराय के बाद अब मुजफ्फरपुर में अपराधियों ने हत्या की वारदात को अंजाम दिया है। बिहार के पूर्व मंत्री और भाजपा नेता रामसूरत राय के बेहद करीबी की गोली मारकर हत्या कर दी गयी है।
घटना की जानकारी देते हुए मीडिया के सामने ही रामसूरत राय फूट फूटकर रोने लगे। उनके आंखों से अचानक आंसू निकल पड़े। पूर्व मंत्री रामसूरत राय ने कहा कि मृतक मेरे घर परिवार का लड़का था। जिसकी सिर में गोली लगने से मौत हो गयी। यह दुखद घटना है, प्रशासनिक कार्रवाई हो..उन्होंने बताया कि छह महीने पहले भी उसके ऊपर फायरिंग हुई थी लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की।
मुजफ्फरपुर:जिले में बेखौफ अपराधियों ने एक बार फिर पुलिसिया इकबाल को चुनौती दी है। गरहा थाना क्षेत्र के मुरादपुर गांव में बाइक सवार बदमाशों ने एक पिता की उनके बेटे के सामने ही गोली मारकर निर्मम हत्या कर दी। मृतक की पहचान हरि भगत के रूप में हुई है, जो भाजपा नेता और पूर्व मंत्री रामसूरत राय के बेहद करीबी माने जाते थे।
घटना का विवरण: बेटे के सामने हुई वारदात:जानकारी के अनुसार, हरि भगत अपने बेटे के साथ खेत से गेहूं की दौनी कराकर घर लौट रहे थे। उनके आगे गेहूं से लदा ट्रैक्टर चल रहा था और पीछे वह अपने बेटे के साथ बाइक पर सवार थे। मुरादपुर स्थित बुझावन भगत स्कूल के समीप अचानक एक बाइक पर सवार अज्ञात बदमाशों ने उन्हें ओवरटेक कर रोका। इससे पहले कि कोई कुछ समझ पाता, अपराधियों ने फायरिंग शुरू कर दी।
पहली गोली हरि भगत के पेट में लगी। पिता को लहूलुहान देख बेटा जान बचाने के लिए बाइक से कूदकर पास के खेतों की ओर भागा। इसके बाद अपराधियों ने हरि भगत के सिर में दूसरी गोली मारी और मौके से फरार हो गए। स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
भावुक हुए पूर्व मंत्री रामसूरत राय:घटना की सूचना मिलते ही पूर्व मंत्री और विधायक रामसूरत राय अस्पताल पहुंचे। वह मीडिया से बात करते हुए फफक-फफक कर रो पड़े। उन्होंने कहा, "मृतक हरि भगत मेरे पंचायत का था और मेरे बच्चे जैसा था। करीब छह महीने पहले भी बदमाशों ने उसके दरवाजे पर गोली चलाई थी, लेकिन मुजफ्फरपुर प्रशासन ने उस समय कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। अगर पुलिस तब सजग होती, तो आज यह हत्या नहीं होती।" उनकी पत्नी ने भी पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए।
SSP का बयान और पुलिस की कार्रवाई: मामले की गंभीरता को देखते हुए मुजफ्फरपुर के एसएसपी कांतेस कुमार मिश्रा ने बताया कि पुलिस सभी बिंदुओं पर जांच कर रही है। शुरुआती जांच में परिजनों ने पुराने जमीन विवाद की बात कही है। एसएसपी ने कहा, "शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम गठित की गई है।
साथ ही, पूर्व में दर्ज मामले में पुलिस ने क्या कार्रवाई की, इसकी भी समीक्षा की जाएगी। यदि कोई पुलिसकर्मी लापरवाही का दोषी पाया गया, तो उस पर भी सख्त कार्रवाई होगी।" इस घटना के बाद इलाके में भारी तनाव और आक्रोश का माहौल है। स्थानीय लोग पुलिस की सुस्ती और बढ़ते अपराध को लेकर खासे नाराज हैं। अब देखना यह है कि प्रशासन कब तक इन हत्यारों को सलाखों के पीछे भेज पाता है।
