Bihar News : Jeetan Ram Manjhi पर शुक्रवार शाम गया जिले में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान पथराव की सनसनीखेज घटना सामने आई। इस घटना के बाद कार्यक्रम स्थल पर अफरा-तफरी मच गई और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं। राहत की बात यह रही कि केंद्रीय मंत्री पूरी तरह सुरक्षित रहे, लेकिन उनके पीछे तैनात एक बॉडीगार्ड को गंभीर चोट आई है। घटना के तुरंत बाद पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड में आ गईं और मामले की जांच शुरू कर दी गई।
जानकारी के अनुसार, गया जिले के खिजरसराय प्रखंड के सीसवर गांव स्थित संत थॉमस इंग्लिश स्कूल में एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया था। समारोह में स्थानीय लोगों, जनप्रतिनिधियों और स्कूल प्रबंधन की बड़ी संख्या में मौजूदगी थी। केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी को कार्यक्रम का मुख्य अतिथि बनाया गया था। उनके पहुंचते ही स्कूल प्रबंधन और आयोजकों की ओर से फूल-मालाओं और तालियों के साथ जोरदार स्वागत किया गया।
कार्यक्रम अपने निर्धारित समय के अनुसार आगे बढ़ रहा था। मंच पर स्वागत भाषण और सम्मान समारोह के बाद जैसे ही केंद्रीय मंत्री लोगों को संबोधित करने के लिए पोडियम के पास पहुंचे, तभी अचानक माहौल बदल गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, कार्यक्रम स्थल के बाहर की ओर से किसी अज्ञात व्यक्ति ने मंच की तरफ पत्थर फेंक दिया। पत्थर तेज रफ्तार से सीधे मंत्री की ओर आया, लेकिन वे बाल-बाल बच गए।
हालांकि, मंत्री के ठीक पीछे सुरक्षा में तैनात उनका अंगरक्षक पत्थर की चपेट में आ गया। पत्थर लगते ही बॉडीगार्ड घायल होकर पीछे हट गया, जिससे कुछ देर के लिए मंच पर अफरा-तफरी मच गई। वहां मौजूद लोगों में दहशत फैल गई और कई लोग इधर-उधर भागने लगे। सुरक्षा कर्मियों ने तुरंत केंद्रीय मंत्री को घेर लिया और सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया।
घटना के बाद कार्यक्रम को कुछ देर के लिए रोक दिया गया। मौके पर मौजूद पुलिस बल और सुरक्षाकर्मियों ने पूरे इलाके को घेर लिया और संदिग्ध लोगों की तलाश शुरू कर दी। खिजरसराय थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मौके से दो संदिग्ध युवकों को हिरासत में लिया है। दोनों से पूछताछ की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि पथराव के पीछे आखिर क्या मंशा थी।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि घटना अचानक गुस्से या शरारत में हुई या फिर इसके पीछे कोई पूर्व नियोजित साजिश थी। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है। इसके अलावा कार्यक्रम में मौजूद प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय लोगों से पूछताछ कर घटनाक्रम की जानकारी जुटाई जा रही है।
घटना के बाद इलाके में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। पुलिस ने कार्यक्रम स्थल के आसपास अतिरिक्त जवानों की तैनाती कर दी। सुरक्षा एजेंसियां इस बात की भी जांच कर रही हैं कि कार्यक्रम स्थल में प्रवेश के दौरान सुरक्षा मानकों का पूरी तरह पालन हुआ था या नहीं। केंद्रीय मंत्री जैसे वीआईपी कार्यक्रम में इस तरह की घटना ने सुरक्षा इंतजामों पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार, कार्यक्रम शांतिपूर्ण तरीके से चल रहा था और किसी प्रकार के तनाव की स्थिति नहीं थी। ऐसे में अचानक हुई इस घटना ने सभी को हैरान कर दिया। कई लोगों का मानना है कि यदि सुरक्षा कर्मी समय पर सक्रिय नहीं होते तो बड़ा हादसा हो सकता था।
घायल बॉडीगार्ड को प्राथमिक उपचार के लिए नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहां उसका इलाज किया गया। डॉक्टरों के मुताबिक उसकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। वहीं केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने घटना के बाद संयम बनाए रखा और सुरक्षा अधिकारियों से पूरी जानकारी ली।
पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि यह हमला किसी व्यक्तिगत नाराजगी का परिणाम था या फिर इसके पीछे कोई संगठित योजना थी। फिलहाल हिरासत में लिए गए दोनों युवकों से लगातार पूछताछ जारी है और जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किए जाने की संभावना जताई जा रही है।

