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गोपालगंज में SIR के दौरान 20 दिन से BDO गायब, निलंबन की सिफारिश

गोपालगंज के सदर बीडीओ जितेंद्र सिंह SIR कार्य के दौरान 20 दिन से लापता, डीएम ने निलंबन की सिफारिश की, चुनाव आयोग से शिकायत दर्ज।

गोपालगंज में SIR के दौरान 20 दिन से BDO गायब, निलंबन की सिफारिश
DM ने चुनाव आयोग को लिखा पत्र
© SOCIAL MEDIA
Jitendra Vidyarthi
3 मिनट

GOPALGANJ: बिहार विधानसभा चुनाव से पहले Special Intensive Revision (SIR) लेकर जहां एक ओर विपक्ष लगातार सवाल उठा रहा है, वहीं गोपालगंज से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां सदर प्रखंड विकास पदाधिकारी यानी BDO जितेंद्र सिंह अचानक मतदाता पुनरीक्षण कार्य को बीच में छोड़कर गायब हो गए। इस गंभीर मामले पर अब जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए चुनाव आयोग से इस बात की शिकायत की है और बीडीओ के खिलाफ विभागीय कार्रवाही की सिफारिश की है।


बिहार के गोपालगंज जिले में उस वक्त हड़कंप मच गया जब सदर बीडीओ जितेंद्र सिंह एसआईआर (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) के दौरान अपने काम को बीच में छोड़कर अचानक लापता हो गए। जानकारी के अनुसार, यह मामला तब सामने आया जब गोपालगंज में एसआईआर का काम शुरू हुआ और प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा जब बीडीओ से समन्वय साधने की कोशिश की गई तो वह गायब पाए गए। जिला पदाधिकारी पवन कुमार सिन्हा ने खुद इस मामले की पुष्टि करते हुए कहा कि एसआईआर कार्य के दौरान बीडीओ जितेंद्र सिंह का लापता हो जाना एक गंभीर प्रशासनिक लापरवाही है, जिससे चुनाव पूर्व तैयारी प्रभावित हुई है।


उन्होंने बताया कि इस पूरे घटनाक्रम को लेकर चुनाव आयोग को एक लिखित शिकायत भेजी गई है, साथ ही बीडीओ के निलंबन की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। डीएम ने विभागीय कार्रवाई की सिफारिश करते हुए कहा है कि इस प्रकार से संवेदनशील चुनावी कार्य के दौरान जिम्मेदारी छोड़कर भाग जाना न सिर्फ कर्तव्यहीनता है, बल्कि यह जन-विश्वास के साथ भी खिलवाड़ है। चुनाव आयोग को भेजी गई शिकायत, निलंबन की प्रक्रिया प्रारंभ, सदर अंचल पदाधिकारी को दिया गया प्रभार एवं प्राथमिकी अब तक दर्ज नहीं किया गया है।


 बीडीओ के लापता होने के बाद प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सदर अंचल पदाधिकारी रजत कुमार बरनवाल को बीडीओ का अतिरिक्त प्रभार सौंप दिया है। फिलहाल उनके पर्यवेक्षण में एसआईआर का काम जारी है। उधर, विपक्षी दल इस पूरे मामले को लेकर हमलावर हो गए हैं। पहले से ही वे एसआईआर की प्रक्रिया पर सवाल उठा रहे थे और अब एक जिम्मेदार अधिकारी के इस तरह लापता हो जाने को लेकर प्रशासन की नीयत पर सवाल खड़े कर रहे हैं। बिहार में आगामी कुछ महीनों में विधानसभा चुनाव प्रस्तावित हैं और ऐसे में चुनाव आयोग ने सभी जिलों में मतदाता सूची के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन की प्रक्रिया तेज कर दी है। इस प्रक्रिया के तहत मतदाताओं की पहचान, नाम जोड़ने और हटाने जैसे महत्वपूर्ण कार्य किए जा रहे हैं। फिलहाल गोपालगंज जिला प


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