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BIHAR: सैकड़ों महिलाओं को साक्षर बनाने वाली अनामिका देवी ने किया नेत्रदान, मौत के बाद भी मानवता की सेवा

दरभंगा के रसियारी गांव की 65 वर्षीय अनामिका देवी के निधन के बाद उनके संकल्प के अनुसार नेत्रदान किया गया। उन्होंने 2024 में पति प्रो. शंभू प्रसाद मिश्र के साथ नेत्रदान का संकल्प लिया था।

बिहार न्यूज
नेत्रदान का LIVE वीडियो आया सामने
© सोशल मीडिया
Jitendra Vidyarthi
2 मिनट

DARBHANGA: दरभंगा के घनश्यामपुर प्रखंड के रसियारी गांव निवासी 65 वर्षीय अनामिका देवी के निधन के बाद उनके नेत्रदान से समाजसेवा का संकल्प पूरा हुआ। शनिवार देर रात निधन के बाद परिजनों ने डीएमसीएच को सूचना दी। इसके बाद मेडिकल टीम ने गांव पहुंचकर निर्धारित प्रक्रिया के तहत उनका नेत्रदान कराया। नेत्रदान की प्रक्रिया का लाइव वीडियो भी सामने आया है।


अनामिका देवी ने अपने पति प्रो. शंभू प्रसाद मिश्र के साथ वर्ष 2024 में मृत्यु के बाद नेत्रदान का संकल्प लिया था। दोनों ने डीएमसीएच में इसके लिए पंजीकरण कराया था।


अनामिका देवी कवयित्री और हिंदी-मैथिली की साहित्य साधिका थीं। उन्होंने 100 से अधिक महिलाओं को पढ़ना-लिखना सिखाया और जरूरतमंदों की सहायता के लिए हमेशा आगे रहीं। बाढ़ प्रभावित क्षेत्र की समस्याओं को लेकर भी वे सक्रिय थीं।


उनके पुत्र डॉ. पारस मणि ने कहा कि उनकी मां ने हमेशा कर्म के जरिए सेवा का संदेश दिया। उनका मानना था कि मृत्यु के बाद भी आंखें किसी दूसरे व्यक्ति के जीवन में रोशनी ला सकती हैं।


उनके निधन की खबर मिलते ही अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण उनके घर पहुंचे। लोगों ने उनके नेत्रदान को समाज के लिए प्रेरणादायी पहल बताया।

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