Bihar Teacher News: बक्सर जिले में सरकारी स्कूल की नाबालिग छात्राओं से कथित यौन शोषण और अश्लील वीडियो से जुड़े मामले में पुलिस ने आरोपी शिक्षक अरविंद कुमार को गिरफ्तार कर लिया है. उसे शुक्रवार को ब्रह्मपुर स्थित नंदनी मॉल से पकड़ा गया. इस मामले में स्कूल के हेडमास्टर इमाम अली को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि आरोपी शिक्षक वीरेंद्र प्रसाद अभी फरार है.
मामला डुमरांव प्रखंड के नथुनी अहिर के डेरा मध्य विद्यालय से जुड़ा है. कृष्णाब्रह्म थाना में दोनों शिक्षकों और हेडमास्टर के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है. शिक्षक अरविंद कुमार और वीरेंद्र प्रसाद पर नाबालिग छात्राओं के साथ कथित यौन शोषण और अश्लील वीडियो बनाने का आरोप है. वहीं, हेडमास्टर इमाम अली पर मामले की जानकारी होने के बावजूद कथित तौर पर उसे छिपाने का आरोप लगाया गया है.
दो थानों की पुलिस को चकमा देकर भागा था शिक्षक
एफआईआर दर्ज होने के बाद पुलिस आरोपी शिक्षकों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही थी. इसी दौरान बुधवार की देर रात कृष्णाब्रह्म थाना पुलिस अरविंद कुमार को गिरफ्तार करने के लिए ब्रह्मपुर स्थित उसके घर पहुंची.
पुलिस के पहुंचने के बाद उसके परिजनों ने कथित तौर पर चोर-चोर का शोर मचा दिया और ब्रह्मपुर थाना पुलिस को भी घर में चोर आने की सूचना दे दी. सूचना मिलने पर ब्रह्मपुर थाना की गश्ती टीम भी मौके पर पहुंची.
दोनों थानों की पुलिस के मौके पर पहुंचने के बाद कुछ देर के लिए स्थिति उलझ गई. इसी दौरान अरविंद कुमार घर के पीछे के रास्ते से निकलकर फरार हो गया. इसके बाद पुलिस ने उसके संभावित ठिकानों पर छापेमारी शुरू कर दी.
मॉल से पुलिस ने किया गिरफ्तार
पुलिस की लगातार दबिश के बीच शुक्रवार को अरविंद कुमार ने खुद पुलिस को फोन किया और ब्रह्मपुर के नंदनी मॉल में मौजूद होने की जानकारी दी. सूचना मिलते ही पुलिस टीम वहां पहुंची और उसे गिरफ्तार कर लिया.
पुलिस अब उससे पूछताछ कर मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जानकारी जुटा रही है. वहीं फरार शिक्षक वीरेंद्र प्रसाद की गिरफ्तारी के लिए भी लगातार छापेमारी की जा रही है.
मामले से जुड़े कथित अश्लील वीडियो को सोशल मीडिया पर शेयर करने को लेकर पुलिस ने सख्त चेतावनी दी है. साइबर डीएसपी समीर कुमार ने कहा है कि अगर किसी व्यक्ति ने वीडियो को व्हाट्सएप या किसी अन्य माध्यम से दूसरे लोगों के साथ साझा किया, तो उसके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की जाएगी.
वीडियो के प्रसार पर नजर रखने के लिए विशेष साइबर टीम को लगाया गया है. टीम सोशल मीडिया और मैसेजिंग प्लेटफॉर्म के जरिए वीडियो साझा करने वाले लोगों की पहचान करने में जुटी है.
29 अगस्त को स्कूल में हुआ था हंगामा
यह मामला उस समय सामने आया जब नथुनी अहिर के डेरा मध्य विद्यालय की एक नाबालिग छात्रा से जुड़े कथित अश्लील वीडियो के वायरल होने की जानकारी ग्रामीणों को मिली. इसके बाद 29 अगस्त को स्कूल में जमकर हंगामा हुआ था.
ग्रामीणों ने आरोपी शिक्षक अरविंद कुमार को पकड़ लिया था. उसे बचाने पहुंचे दूसरे शिक्षक वीरेंद्र प्रसाद को भी लोगों ने पकड़ लिया और उसके मोबाइल की जांच की. ग्रामीणों ने दावा किया कि मोबाइल में अन्य छात्राओं से जुड़े कथित अश्लील वीडियो मिले थे. इसके बाद ग्रामीणों ने दोनों शिक्षकों के साथ मारपीट की थी.
हालांकि, पुलिस के अनुसार जिस मोबाइल में कथित वीडियो होने की बात कही जा रही है, वह मोबाइल अभी तक पुलिस के हाथ नहीं लगा है.
दोनों शिक्षकों को किया गया निलंबित
मामला सामने आने के बाद दोनों आरोपी शिक्षकों को निलंबित कर दिया गया था. बिहार पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर सीआईडी की टीम भी डुमरांव पहुंची और मामले की जांच शुरू की.
पीड़ित छात्रा की मां की शिकायत पर प्राथमिकी दर्ज की गई है. वहीं शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने बक्सर डीएम को दोनों शिक्षकों के खिलाफ बर्खास्तगी की प्रक्रिया शुरू करने का निर्देश दिया है.
सरकार की ओर से आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई के साथ मामले में स्पीडी ट्रायल के जरिए कड़ी सजा दिलाने की बात कही गई है.
पुलिस जांच में जुटी
पुलिस मामले में यह पता लगाने में जुटी है कि कथित वीडियो कहां बनाए गए और इस पूरे प्रकरण में कितने लोग शामिल हैं. पुलिस ने डुमरांव के कुछ होटलों की भी जांच की है. हालांकि, कथित वायरल वीडियो में दिखाई देने वाली जगह की अभी तक आधिकारिक पहचान नहीं हो सकी है.
फिलहाल पुलिस गिरफ्तार शिक्षक अरविंद कुमार से पूछताछ के साथ फरार शिक्षक वीरेंद्र प्रसाद की तलाश कर रही है.





