ब्रेकिंग
पाकिस्तानी नंबर से डिजिटल अरेस्ट का डर दिखाकर लाखों की ठगी, मुजफ्फरपुर पुलिस ने यूपी से आरोपी को दबोचा✦दुर्गा पूजा में हुड़दंगियों की खैर नहीं, ट्रैफिक रूल तोड़ा तो होगी सख्त कार्रवाई, बिना हेलमेट घर से ना निकलें✦पटना में प्रदर्शन के बीच गजब का खेल… पुलिस वैन की चाबी लेकर भागे प्रदर्शनकारी, मीडियाकर्मियों से उलझा ड्राइवर✦गुटखा-पान खाने वाले की कोर्ट में एंट्री नहीं, सिगरेट पर भी प्रतिबंध की तैयारी✦UPI पेमेंट पर MDR चार्ज फिलहाल टला, दिवाली के बाद होगा नए नियमों पर फैसला; यूजर्स को बड़ी राहत✦पाकिस्तानी नंबर से डिजिटल अरेस्ट का डर दिखाकर लाखों की ठगी, मुजफ्फरपुर पुलिस ने यूपी से आरोपी को दबोचा✦दुर्गा पूजा में हुड़दंगियों की खैर नहीं, ट्रैफिक रूल तोड़ा तो होगी सख्त कार्रवाई, बिना हेलमेट घर से ना निकलें✦पटना में प्रदर्शन के बीच गजब का खेल… पुलिस वैन की चाबी लेकर भागे प्रदर्शनकारी, मीडियाकर्मियों से उलझा ड्राइवर✦गुटखा-पान खाने वाले की कोर्ट में एंट्री नहीं, सिगरेट पर भी प्रतिबंध की तैयारी✦UPI पेमेंट पर MDR चार्ज फिलहाल टला, दिवाली के बाद होगा नए नियमों पर फैसला; यूजर्स को बड़ी राहत

बिहार के सरकारी स्कूलों में नामांकन के आधार पर तय होंगे शिक्षकों के पद, नई गाइडलाइन जारी

Bihar Education News: बिहार के सरकारी प्रारंभिक विद्यालयों में अब शिक्षकों की संख्या छात्रों के वास्तविक नामांकन, कक्षा संरचना और विषयगत आवश्यकता के आधार पर तय की जाएगी। प्राथमिक शिक्षा निदेशालय ने नई गाइडलाइन जारी की है।

Bihar Education News
प्रतिकात्मक तस्वीर
© Google
Mukesh Srivastava
2 मिनट

Bihar Education News: बिहार के सरकारी प्रारंभिक विद्यालयों में अब शिक्षकों की संख्या बच्चों के वास्तविक नामांकन, कक्षा संरचना और विषयगत आवश्यकता के आधार पर निर्धारित की जाएगी। इस संबंध में प्राथमिक शिक्षा निदेशालय ने नई गाइडलाइन जारी कर दी है।


नई व्यवस्था के तहत पहली से आठवीं कक्षा तक संचालित विद्यालयों में शिक्षक आवश्यकता निर्धारण के लिए कक्षा 1 से 5 और कक्षा 6 से 8 को अलग-अलग शैक्षणिक इकाई माना जाएगा। हालांकि, पूरे विद्यालय के लिए एक ही प्रधानाध्यापक नियुक्त रहेगा।


निर्देश के अनुसार कक्षा 6 से 8 तक के लिए प्रत्येक विद्यालय में विज्ञान, गणित, सामाजिक अध्ययन और भाषा (सामान्यतः हिंदी) विषय के कम-से-कम एक-एक शिक्षक की नियुक्ति अनिवार्य होगी। इसके अलावा नामांकन संख्या के आधार पर अतिरिक्त शिक्षकों की व्यवस्था की जाएगी। 105 से 140 छात्रों के नामांकन पर चौथा अतिरिक्त शिक्षक अंग्रेजी विषय का होगा।


140 से 175 छात्रों के नामांकन पर पांचवां शिक्षक संस्कृत या उर्दू विषय का नियुक्त किया जाएगा। 175 से अधिक छात्रों के नामांकन होने पर आवश्यकता के अनुसार अतिरिक्त शिक्षकों के पद स्वीकृत किए जाएंगे। शिक्षा विभाग का मानना है कि इससे विद्यालयों में विषयवार शिक्षकों की उपलब्धता सुनिश्चित होगी और छात्रों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सकेगा।


इधर, सोमवार को पटना विश्वविद्यालय में सांविधिक वेतन निर्धारण समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता कुलपति प्रो. अजय सिंह ने की। बैठक में स्क्रीनिंग समिति द्वारा स्वीकृत 50 शिक्षकेतर कर्मियों को एसीपी (ACP) और एमएसीपी (MACP) का लाभ प्रदान करते हुए परिणामी वेतन निर्धारण को मंजूरी दी गई।

रिपोर्टिंग
F

रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता