गोपालगंज में दर्दनाक हादसा: तालाब में डूबने से दो स्कूली छात्रों की मौत मुजफ्फरपुर: केंद्रीय कारागार के विचाराधीन बंदी की SKMCH में मौत, गंभीर बीमारी और ड्रग एडिक्शन से था ग्रसित मुजफ्फरपुर कोर्ट का बड़ा फैसला: अपहरण और बाल विवाह मामले में मुकेश सहनी को 3 साल की सजा Bihar News: हड़ताली अंचल अधिकारियों पर बड़ा प्रहार...एक साथ कई CO को किया गया सस्पेंड, डिप्टी CM विजय सिन्हा का चला हथौड़ा WhatsApp कॉलिंग में बड़ा बदलाव: अब मिलेगी पूरी तरह शोर-मुक्त बातचीत की सुविधा, जानिए कैसे? बिहटा के NSMCH में CME का आयोजन: "BIHAR में हीमोग्लोबिनोपैथी निदान को सुदृढ़ बनाना स्क्रीनिंग से मॉलिक्यूलर टेस्टिंग तक” सवारी बिठाने के लिए टोटो चालकों के बीच जमकर मारपीट, चाकू से किया हमला Bihar News: रेस्टोरेंट की आड़ में चल रहा गंदा काम, पुलिस ने किया पर्दाफाश, तीन गिरफ्तार पटना हाईकोर्ट का बड़ा फैसला: मस्जिद-कब्रिस्तान विवाद सुलझा, आमस-दरभंगा एक्सप्रेसवे का रास्ता हुआ साफ बिहार में तेज रफ्तार का कहर: हाईवा की टक्कर से बाइक सवार की मौके पर मौत, गुस्साए ग्रामीणों ने NH किया जाम
03-Dec-2023 07:08 AM
By First Bihar
PATNA : बॉडीगार्ड हत्याकांड मामले में सुनवाई करते हुए पटना हाई कोर्ट ने बड़ा निर्देश दिया है। कोर्ट ने इस मामले में आरजेडी के बनियापुर विधायक केदारनाथ सिंह, उनके भाई दीनानाथ सिंह और भतीजा सुधीर सिंह पर राज्य सरकार को कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है। अब इस मामले पर अगली सुनवाई की तारीख 4 जनवरी तय की गई है।
दरअसल, बॉडीगार्ड हत्याकांड मामले में बनियापुर से राजद विधायक केदार नाथ सिंह समेत भाई दीना नाथ सिंह और भतीजा सुधीर सिंह के खिलाफ चल रहे ट्रायल में पटना हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। जिसके बाद कोर्ट ने स्पेशल पीपी की बहाली करने के बारे में राज्य सरकार को कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। इस मामले की सुनवाई जस्टिस राजीव रंजन प्रसाद ने अन्नू देवी व अन्य की ओर से दायर याचिका पर की है।
इस मामले की सुनवाई करते हुए कोर्ट ने निचली अदालत में चार साल से लंबित क्रिमिनल रिविजन पर चार सप्ताह के भीतर सुनवाई पूरी करने का आदेश दिया। वहीं विधायक केदार नाथ सिंह, भाई दीना नाथ सिंह और भतीजा सुधीर सिंह को चार सप्ताह के भीतर जवाबी हलफनामा दायर करने का आदेश दिया। इसके साथ ही मामले पर अगली सुनवाई की तारीख 4 जनवरी तय की गई।
आपको बताते चलें कि, यह मामला उस समय का है जब विधायक अंगरक्षकों के साथ सूचक के आदमी के साथ मारपीट करने लगे. जिसे देख दौड़े और मीटिंग हॉल से सभी को बाहर करने की मांग करने लगे और बैठक का बहिष्कार करने का उच्च अधिकारी से गुहार लगाने लगे। उसके बाद सभी हॉल से बाहर आ गये और विधायक दलबल के साथ चले गये। उसके बाद वापस आ कर विधायक के भाई दीना नाथ सिंह ने रायफल से गोली चला दी। इसी दौरान अंगरक्षक मुन्ना सिंह बचाने के लिए आगे आ गये। गोली उसके बाह में लगी, तभी केदार नाथ सिंह और सुधीर सिंह को भी गोली मार दी। दीना नाथ सिंह कमर से रिवाल्वर निकाल सूचक को खोजने लगे। इसी बीच पुलिस फोर्स आ गई और सभी भाग गये।