ब्रेकिंग न्यूज़

Bihar Crime News: फायरिंग मामले में पुलिस का बड़ा एक्शन, छह लोगों को किया गिरफ्तार; पिस्टल और गोलियां बरामद Bihar Crime News: फायरिंग मामले में पुलिस का बड़ा एक्शन, छह लोगों को किया गिरफ्तार; पिस्टल और गोलियां बरामद Bihar News: राज्यसभा की पांचों सीट पर NDA प्रत्याशी जीते, जेडीयू महासचिव बोले– नीतीश कुमार के नेतृत्व की जीत सरकारी भवनों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने राज्य में 10 उड़नदस्ता टीमें गठित, विशेष जांच अभियान ‘राज्यसभा चुनाव में BJP ने की विधायकों की खरीद-फरोख्त’, मुकेश सहनी का बड़ा आरोप ‘राज्यसभा चुनाव में BJP ने की विधायकों की खरीद-फरोख्त’, मुकेश सहनी का बड़ा आरोप Bihar Ips Officer: बिहार के 2 आईपीएस अधिकारियों की CBI में हुई नियुक्ति...बनाए गए SP, सरकार ने किया विरमित बिहार में पैक्स और एफपीओ को उद्यमी के रूप में किया जाएगा विकसित, ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ेंगे रोजगार के अवसर बिहार में पैक्स और एफपीओ को उद्यमी के रूप में किया जाएगा विकसित, ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ेंगे रोजगार के अवसर चिराग पासवान की इफ्तार पार्टी में शामिल हुए CM नीतीश, राज्यसभा चुनाव जीतने के बाद पहुंचे पार्टी कार्यालय

Home / news / तेज प्रताप की सदस्यता को चुनौती, नामांकन पत्र में संपत्ति छुपाने का आरोप

तेज प्रताप की सदस्यता को चुनौती, नामांकन पत्र में संपत्ति छुपाने का आरोप

05-Aug-2021 05:44 PM

PATNA : इस वक्त एक बड़ी खबर पटना से सामने आ रही है. बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेजप्रताप यादव की मुश्कलें बढ़ गई हैं. राजद विधायक तेज प्रताप यादव की विधानसभा सदस्यता को हाईकोर्ट में चुनौती दी गई है. बिहार के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री के ऊपर नामांकन पत्र में संपत्ति छुपाने का आरोप लगा है. याचिका में चुनाव आयोग समेत अन्य को प्रतिवादी बनाया गया है.


इस मामले को लेकर पटना हाईकोर्ट में अगली सुनवाई 2 सितंबर होगी. हाईकोर्ट के जज जस्टिस बीरेंद्र कुमार की एकल पीठ ने विजय कुमार यादव की याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश पारित किया. याचिकाकर्ता ने तेजप्रताप यादव के निर्वाचन को अमान्य करार देकर हारे हुए जदयू के उम्मीदवार राज कुमार राय को विजयी घोषित करने की मांग की है. याचिकाकर्ता विजय ने नामांकन पत्र के साथ अपनी संपत्ति का सही-सही पूर्ण विवरण नहीं देने का का आरोप लगाया है.


आरजेडी विधायक और पूर्व स्वास्थ्य मंत्री तेज प्रताप यादव के वकील जगन्नाथ सिंह ने बताया कि याचिकाकर्ता ने जनप्रतिनिधि एक्ट, 1951 की धारा 100 का हवाला देते हुए तेज प्रताप के निर्वाचन को अमान्य अर्थात वॉइड करार देने के लिए याचिका दायर किया है.