ब्रेकिंग न्यूज़

Nitish Kumar Yojana : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 25 लाख महिलाओं के खाते में भेजे 10-10 हजार रुपये, लिस्ट में आपका नाम भी है शामिल Crime News Bihar : सिगरेट पीने से रोका तो युवक को दौड़ाकर मारी गोली, भीड़ ने आरोपी को जमकर पीटा Bihar crime news : आजमगढ़ की डांसर के साथ बिहार में गंदा काम, पुलिस ने तीन लोगों को पकड़ा,बहला-फुसलाकर दिया घटना को अंजाम viral video : ममता हुई शर्मसार: स्कूल बैग में 7 ईंटें भरकर मां ने बच्ची को पीटा, वीडियो वायरल Patna smart bus stop : अब बस का इंतजार होगा आसान, पटना में शुरू होगी स्मार्ट ग्रीन बस स्टॉप योजना; यात्रियों को मिलेगी यह सुविधा Bihar Assembly News : बिहार विधानमंडल का 10वां दिन आज, लॉ एंड ऑर्डर पर सरकार को घेरने की तैयारी में विपक्ष Land for Job Scam : लैंड फॉर जॉब केस में आज सुनवाई, लालू प्रसाद यादव परिवार समेत 41 आरोपियों पर चलेगा ट्रायल Bihar Budget 2026 : इतने हज़ार करोड़ रुपए सिर्फ सैलरी में बाटेंगी नीतीश सरकार , ताबड़तोड़ भर्तियों से बढ़ा खर्च Bihar Teacher Rules : बिहार में टीईटी खत्म, अब प्राइमरी टीचर बनने के लिए बस करना होगा यह काम; सीधे मिलेगी नौकरी Katihar fire incident : कटिहार में 500 दुकानें जली, 10 करोड़ से ज्यादा का नुकसान; सिलेंडर ब्लास्ट से भीषण आग

महिलाओं के खिलाफ बढ़ रहे अपराध, गंभीर मामलों की जांच के लिए बनी स्पेशल टीम

महिलाओं के खिलाफ बढ़ रहे अपराध, गंभीर मामलों की जांच के लिए बनी स्पेशल टीम

12-Jan-2022 09:32 AM

PATNA : प्रदेशभर में महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराध को लेकर पुलिस मुख्यालय अब गंभीर है. महिलाओं के खिलाफ हो रहे गंभीर अपराधों की त्वरित कार्रवाई व वैज्ञानिक जांच के लिए सभी जिलों में विशेष अन्वेषण इकाई का गठन किया गया है. 


यौन हिंसा से जुड़े मामलों के वैज्ञानिक अनुसंधान और साक्ष्य जमा करने के लिए राज्य के 98 पुलिस अनुमंडल को विशेष किट भी उपलब्ध कराई गई है. पुलिस मुख्यालय के आदेश पर बनीं ये इकाइयां ऐसे मामलों में समय पर चार्जशीट कर जल्द ट्रायल शुरू करने का काम भी कर रही हैं. 


महिलाओं के साथ ही बच्चों से जुड़े अपराध को रोकने के लिए भी पुलिस तत्पर है. प्रदेश भर में महिला थाना बनाए जाने के बाद पुलिस अब बाल मित्र थाने के निर्माण पर काम कर रही है. पुलिस मुख्यालय के अनुसार अभी पूर्णिया और नालंदा में बाल मित्र डेस्क कार्यरत है. 


अन्य जिलों में इसे जल्द शुरू करने की प्रक्रिया जारी है. इसके अलावा बाल मित्र थानों का निर्माण भी कराया जा रहा है, जहां बच्चों के लिए मनोवैज्ञानिक रूप से वातावरण तथा सामग्री उपलब्ध कराई जाएगी.