Bihar News: वन विभाग के भ्रष्ट रेंजर को 28 सालों बाद मिली सजा, 1500 रुपये लेते हुआ था गिरफ्तार Bihar News: वन विभाग के भ्रष्ट रेंजर को 28 सालों बाद मिली सजा, 1500 रुपये लेते हुआ था गिरफ्तार Bihar Crime News: बिहार में नाबालिक छात्रा से दुष्कर्म, लड़की को कमरे में बंद कर जबरन किया गंदा काम सत्यदेव हॉस्पिटल ने किया फ्री हेल्थ कैंप का आयोजन, मरीजों को दी गई मुफ्त चिकित्सीय सलाह सत्यदेव हॉस्पिटल ने किया फ्री हेल्थ कैंप का आयोजन, मरीजों को दी गई मुफ्त चिकित्सीय सलाह Inland Water Transport: बिहार में अंतर्देशीय जल परिवहन को मिलेगा बड़ा विस्तार, गंगा की तरह विकसित होंगे ये राष्ट्रीय जलमार्ग Inland Water Transport: बिहार में अंतर्देशीय जल परिवहन को मिलेगा बड़ा विस्तार, गंगा की तरह विकसित होंगे ये राष्ट्रीय जलमार्ग Bihar Crime News: घर से गायब महिला का नाले से मिला शव, पति पर हत्या करने का आरोप Bihar Crime News: घर से गायब महिला का नाले से मिला शव, पति पर हत्या करने का आरोप बिहार में अजब प्रेम की गजब कहानी: प्रेमी जोड़े ने घर से भागकर रचाई शादी, वीडियो शेयर कर लगा रहे यह गुहार
13-Sep-2023 06:40 PM
By First Bihar
AURANGABAD: बिहार के शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक लगातार लापरवाह शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई का निर्देश दे रहे हैं. लेकिन उनके निर्देश का पालन कराने में लगे शिक्षा विभाग के एक पदाधिकारी को दूसरे ऑफिसर ने जमकर मां-बहन की गालियां दी. इसका ऑडियो वायरल हो गया है, जो पूरे जिले के प्रशासनिक महकमे में चर्चा का विषय बना हुआ है.
मामला औरंगाबाद के गोह प्रखंड का है. गोह प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी यानि बीपीआरओ कौशल किशोर सिन्हा पर प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी नंदलाल प्रसाद को फोन पर बेहद भद्दी भद्दी गालियां देने का आरोप लगा है. इसका ऑडियो वायरल है. प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी नंदलाल कुमार ने इस ऑडियो क्लीप के साथ पत्र भेजकर आलाधिकारियों से बीपीआरओ के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है.
शिक्षक के निलंबन की फाइल दबाकर बैठे बीपीआरओ
दरअसल औरंगाबाद के गोह प्रखंड के अहियापुर मध्य विद्यालय के शिक्षक दीपक कुमार पर बीईओ के साथ गाली गलौज तथा मारपीट करने का आरोप लगा है. इस मामले की जांच शिक्षा विभाग ने करायी थी. 5 अगस्त 2023 को ही औरंगाबाद के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना) ने शिक्षक दीपक कुमार को निलंबित करने के साथ ही उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई करने का निर्देश दिया था. लेकिन तकनीकी तौर पर प्रखंड शिक्षक पंचायत समिति के अधीन होता है. लिहाजा उसके निलंबन या दूसरी कार्रवाई का पत्र पंचायत समिति से जारी होता है.
पंचायत समिति के प्रखंड शिक्षक नियोजन इकाई के सचिव प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी होते हैं. उन्हें ही पत्र जारी करना था लेकिन उन्होंने शिक्षक के निलंबन का पत्र जारी नहीं किया. इस बीच औरंगाबाद के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने 28 अगस्त को फिर से बीपीआरओ यानि प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी को पत्र लिखा कि वे शिक्षक के निलंबन का लेटर निकालें. लेकिन बीपीआरओ ने कुछ नहीं किया.
बीईओ ने फोन किया तो जमकर दी गालियां
शिक्षक के निलंबन के आदेश के बावजूद उसका पत्र नहीं निकाले जाने पर प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी नंदलाल कुमार ने बीपीआरओ कौशल किशोर को फोन कर कारण पूछा. बीपीआरओ ने कहा कि कोरम पूरा नहीं हो रहा है इसके कारण निलंबन का पत्र नहीं निकाला जा रहा है. फोन पर हो रही इस बातचीत में बीईओ ने पंचायती राज पदाधिकारी पर पैसे लेने का आरोप लगा दिया. इसके बाद बीपीआरओ ने शिक्षा पदाधिकारी को बेहद गंदी-गंदी गालियां देनी शुरू कर दीं. फोन पर हुए गाली गलौज का ऑडियो वायरल हो गया है. हालांकि फर्स्ट बिहार इस ऑडियो की पुष्टि नहीं करता है.
उधर प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी नंदलाल प्रसाद ने आलाधिकारियों को पत्र लिख कर पूरे मामले की जानकारी दी है. प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी ने बताया कि शिक्षक दीपक का निलंबन का आदेश शिक्षा विभाग ने पिछले पांच अगस्त को जारी कर दिया था. लेकिन बीपीआरओ उस आदेश को दबाकर बैठे थे. शिक्षा पदाधिकारी ने कहा कि मैंने उन्हें फोन कर कहा कि लगता है कि आपका शिक्षक से लेनदेन हो गया है. इसके बाद बीपीआरओ ने मुझे मां-बहन की गालियां देनी शुरू कर दी.