ब्रेकिंग न्यूज़

मधुबनी पुलिस की बड़ी कार्रवाई: TOP-10 अपराधी और गांजा तस्कर नरेश यादव गिरफ्तार झारखंड के बोकारो में हाथियों का तांडव, एक ही परिवार के 3 लोगों की रौंदा मुजफ्फरपुर में सरकारी गाड़ी के दुरुपयोग का वीडियो वायरल, तिमुल अध्यक्ष की फैमिली पर सवाल, ग्रामीण SP ने दिए जांच के आदेश पटना में बिना निशान थायरॉइड सर्जरी की ऐतिहासिक सफलता, रुबन मेमोरियल हॉस्पिटल में नई मेडिकल उपलब्धि Bihar News: होली पर घर आना चाहते हैं तो आपके लिए है 285 स्पेशल ट्रेन, ECR ने दी जानकारी Bihar News: बिहार में अवैध खनन के खिलाफ सरकार सख्त, एक महीने में करीब पांच हजार जगहों पर छापेमारी; 673 वाहन जब्त Bihar News: बिहार में अवैध खनन के खिलाफ सरकार सख्त, एक महीने में करीब पांच हजार जगहों पर छापेमारी; 673 वाहन जब्त बिहटा के NSMCH में Annual College Fest “ADRENERGY 2.0” का भव्य शुभारंभ, 8 दिनों तक चलेगा कार्यक्रम मधुबनी: अंतर्राष्ट्रीय साइबर फ्रॉड गिरोह का पर्दाफाश, चार ठग गिरफ्तार Bihar News: होली-ईद पर यात्रियों को बड़ी राहत, बिहार के इस शहर से दिल्ली, गुरुग्राम और अंबाला के लिए विशेष बस सेवा शुरू

जिंदा व्यक्ति को कर दिया मृत घोषित, वृद्धा पेंशन चालू कराने के लिए बुजुर्ग लगा रहा सरकारी कार्यालयों का चक्कर

जिंदा व्यक्ति को कर दिया मृत घोषित, वृद्धा पेंशन चालू कराने के लिए बुजुर्ग लगा रहा सरकारी कार्यालयों का चक्कर

01-Sep-2024 09:50 PM

By Dhiraj Kumar Singh

JAMUI: जमुई जिले के खैरा प्रखंड क्षेत्र के रहने वाले बुजुर्ग रविंद्र सिंह को सरकारी कागजों में मरा हुआ घोषित कर दिया गया है। रविंद्र सिंह को जब से इस बात की जानकारी लगी तब से ही वो खुद को जिंदा होने का सबूत पेश करने के लिए सरकारी कार्यालयों का चक्कर लगा रहे हैं। सरकारी अधिकारियों से सरकार द्वारा दिये जाने वाले वृद्धा पेंशन को शुरू कराने की गुहार लगा रहे हैं लेकिन उनकी बात सुनने वाला कोई नहीं है।


 रविंद्र कुमार सिंह ने बताया कि उन्होंने वृद्धावस्था पेंशन योजना के लिए आवेदन किया था. लेकिन उनके आवेदन को निरस्त कर दिया गया. जब उन्होंने आवेदन निरस्त करने का कारण पूछा, तब उन्हें बताया गया कि उनकी मौत हो गई है. जिस कारण उनके आवेदन को स्वीकृत नहीं किया जा सकता है. 


पहले भी रद्द कर दिया गया था उनका आवेदन 


रविंद्र सिंह ने बताया कि उनका आवेदन पहले भी दो बार रद्द किया जा चुका है. उन्होंने इससे पूर्व में दो और बार वृद्धावस्था पेंशन के लिए आवेदन किया था. लेकिन उनका आवेदन दोनों बार रद्द कर दिया गया. लेकिन तब उन्हें कारण नहीं पता चल सका था. जब तीसरी बार उनका आवेदन रद्द किया गया तब उन्होंने प्रखंड कार्यालय जाकर इसके बारे में पता करने का प्रयास किया. 


प्रखंड कार्यालय से उन्हें जो बताया गया उसके बाद उनके पैरों तले जमीन खिसक गई. उन्हें बताया गया कि उनकी मौत हो चुकी है और इस कारण उन्होंने योजना का लाभ नहीं दिया जा सकता. अब रविंद्र कुमार सिंह मामले मेंकार्रवाई करने की गुहार लगाई है. वही जीवित व्यक्ति को मरा हुआ घोषित करने का यह मामला जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है. 


पूरे मामले पर प्रखंड विकास पदाधिकारी चंदन कुमार चक्रवर्ती ने कहा कि कई बार केवाईसी नहीं करने के कारण ऐसा होता है. उन्होंने कहा कि मामले में जांच कराई जाएगी और जो गलती हुई है उसे सुधार लिया जाएगा. बहरहाल जमुई जिले का यह अनोखा मामला अब चर्चा में बना हुआ है.