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25-Jul-2021 03:05 PM
PATNA : धर्मांतरण को लेकर छिड़ी सियासी बहस और जीतन राम मांझी की तरफ से दिए गए विवादित बयान में बिहार के सियासत को गर्म कर रखा है. गया में अपनी पार्टी के स्थापना दिवस समारोह के मौके पर विवादित बयान दिया था. मांझी ने कहा था कि मस्जिद में जाकर हम ऐसे चिल्लाते हैं, जैसे लगता है कि अल्लाह बहरा हो गया है. इस बयान पर जेडीयू के विधान पार्षद गुलाम रसूल बलियावी की प्रतिक्रिया सामने आई है.
जेडीयू एमएलसी गुलाम रसूल बलियावी ने कहा है कि जीतन राम मांझी आजान का मतलब नहीं समझ सकते. आजान का मतलब यह होता है कि हम खुदा को बताना चाहते हैं कि दरअसल हम ऐलान कर रहे हैं. मांझी ने कहा कि जो लोग अल्लाह को अजान देने पर सवाल उठा रहे हैं, उन्हें यह भी समझना चाहिए कि मंदिर में घंटा बजाने से भगवान सुन नहीं लेता.
जतनीय जनगणना को लेकर गुलाम रसूल बलियावी ने कहा है कि इसके पीछे एक ही उद्देश्य है कि ये समय की जरूरत है. बिहार ने सर्वसम्मति से सदन में पास कर केंद्र सरकार से आग्रह किया था कि जब तक कि जातीय जनगणना नहीं होगा. ता तक ये कैसे पता चलेगा कि राजनैतिक, आर्थिक और सामाजिक स्तर पर कौन कहां खड़ा है. जेडीयू आग्रह करती है कि केंद्र सरकार को इसपर विचार करना चाहिए. केंद्र को पुर्नविचार करना चाहिए. न्याय के साथ विकास का यह एक पार्ट है.