ब्रेकिंग न्यूज़

Nitish Kumar Yojana : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 25 लाख महिलाओं के खाते में भेजे 10-10 हजार रुपये, लिस्ट में आपका नाम भी है शामिल Crime News Bihar : सिगरेट पीने से रोका तो युवक को दौड़ाकर मारी गोली, भीड़ ने आरोपी को जमकर पीटा Bihar crime news : आजमगढ़ की डांसर के साथ बिहार में गंदा काम, पुलिस ने तीन लोगों को पकड़ा,बहला-फुसलाकर दिया घटना को अंजाम viral video : ममता हुई शर्मसार: स्कूल बैग में 7 ईंटें भरकर मां ने बच्ची को पीटा, वीडियो वायरल Patna smart bus stop : अब बस का इंतजार होगा आसान, पटना में शुरू होगी स्मार्ट ग्रीन बस स्टॉप योजना; यात्रियों को मिलेगी यह सुविधा Bihar Assembly News : बिहार विधानमंडल का 10वां दिन आज, लॉ एंड ऑर्डर पर सरकार को घेरने की तैयारी में विपक्ष Land for Job Scam : लैंड फॉर जॉब केस में आज सुनवाई, लालू प्रसाद यादव परिवार समेत 41 आरोपियों पर चलेगा ट्रायल Bihar Budget 2026 : इतने हज़ार करोड़ रुपए सिर्फ सैलरी में बाटेंगी नीतीश सरकार , ताबड़तोड़ भर्तियों से बढ़ा खर्च Bihar Teacher Rules : बिहार में टीईटी खत्म, अब प्राइमरी टीचर बनने के लिए बस करना होगा यह काम; सीधे मिलेगी नौकरी Katihar fire incident : कटिहार में 500 दुकानें जली, 10 करोड़ से ज्यादा का नुकसान; सिलेंडर ब्लास्ट से भीषण आग

बिहार में अब बच्चों पर आई आफत, पटना के अस्पतालों में बेड फुल वाले हालात.. तेजी से बढ़ रहे मामले

बिहार में अब बच्चों पर आई आफत, पटना के अस्पतालों में बेड फुल वाले हालात.. तेजी से बढ़ रहे मामले

07-Sep-2021 08:02 AM

PATNA : कोरोना महामारी को लेकर विशेषज्ञों ने जब भी तीसरी लहर की आशंका जताई तो उनकी चिंता में सबसे पहले मासूम बच्चे रहे। देश कोरोना की तीसरी की आशंका के बीच खड़ा है लेकिन बिहार में अब बच्चों की तबीयत तेजी के साथ बिगड़ने लगी है। पटना के साथ-साथ राज्य के सभी जिलों में वायरल बुखार का कहर देखने को मिल रहा है। सबसे हैरत की बात यह है कि वायरल बुखार की चपेट में सबसे ज्यादा बच्चे ही हैं। हालात ऐसे हो गए हैं कि पटना के सभी बड़े सरकारी अस्पतालों में बच्चों के इलाज के लिए उपलब्ध बेड फुल होने की स्थिति में है। पटना के पीएमसीएच, एनएमसीएच, आईजीआईएमएस और यहां तक कि पटना एम्स में भी बच्चों के लिए मौजूद बेड फुल होने की स्थिति में हैं। 


राज्य भर से मिले आंकड़ों के मुताबिक सारण में अब तक इस वायरल बुखार की चपेट में आने से 3 बच्चों की मौत हो चुकी है जबकि गोपालगंज में एक बच्चे की मौत हुई है। भागलपुर के मेडिकल कॉलेज अस्पताल में 70 बेड के शिशु वार्ड में 50 बच्चों का इलाज चल रहा है, जिसमें 20 बच्चे वायरल बुखार से पीड़ित हैं। सारण के अमनौर प्रखंड के सिरसा खेमकरण टारापुर गांव में पिछले 4 दिनों के अंदर वायरल बुखार की वजह से तीन बच्चियों की मौत हुई है। अभी भी इस गांव में तकरीबन 5 दर्जन बच्चे बीमार हैं। मेडिकल टीम इस गांव में कैंप कर रही है। चिंता की बात यह है कि बच्चों को बुखार के दौरान सांस लेने में तकलीफ का सामना करना पड़ रहा है। गोपालगंज में चमकी बुखार के लक्षण वाले एक बच्चे की मौत के बाद मेडिकल कर्मियों और डॉक्टरों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं। सरकार इस पूरी स्थिति को लेकर अलर्ट मोड में आ चुकी है। 


एसकेएमसीएच के पीकू वार्ड में सीवान, गोपालगंज, पूर्वी चंपारण सीतामढ़ी के कई बच्चे एडमिट हैं। शिशु रोग विशेषज्ञ के मुताबिक यह वायरल बुखार कोरोना के वेरिएंट हो सकते हैं हालांकि पांच बच्चों की रिपोर्ट अब तक के निगेटिव आई है। छह माह तक के बच्चे इस वायरल बुखार की चपेट में सबसे ज्यादा आ रहे हैं। डॉक्टरों के मुताबिक बच्चों को ना तो कोरोना है और ना ही चमकी बुखार, यह वायरल बुखार है और सही समय पर डॉक्टरों की सलाह लेना जरूरी है। पटना के चार बड़े अस्पतालों में 80 फ़ीसदी से ज्यादा बच्चों के बेड भर चुके हैं। पटना में शिशु विभाग के जो जनरल बेड है जो सभी फुल हो चुके हैं। एनएमसीएच में 136 बेड हैं जिनमें 85 बेड पर बच्चे एडमिट हैं।