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26-Oct-2020 05:06 PM
DESK : बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर जानकार अपने अपने तरीके से विश्लेषण कर रहे हैं. देश की बड़ी हस्तियों ने बिहार चुनाव को लेकर अपनी राय रखी है लेकिन जाने-माने कवि कुमार विश्वास की राय बिहार चुनाव को लेकर थोड़ी अलग है. कुमार विश्वास का मानना है कि बिहार चुनाव के नतीजे चुनाव विश्लेषकों को चौंका सकते हैं.
कुमार विश्वास ने कहा है कि रामविलास पासवान, लालू यादव, शरद यादव और रघुवंश बाबू जैसे पारंपरिक महारथियों की गैर हाजिरी में पाटलिपुत्र की लड़ाई को एकतरफा समझने वाले चुनाव विश्लेषकों को परिणाम चौंका सकते हैं. कुमार विश्वास ने कहा है कि मुखर युवा और खामोश महिलाएं निर्णायक भूमिका अदा कर सकती हैं. इतना ही नहीं कुमार विश्वास ने यह भी कहा है कि सीधा-सधा संवाद मतपेटी की कुंजी है,शेष तो जनता-जनार्दन ही जानें.
रामविलास जी,लालू जी,शरद यादव व रघुवंश बाबू जैसे पारम्परिक महारथियों की अनुपस्थिति में लड़ी जा रही पाटलिपुत्र की लड़ाई को एकतरफा समझ रहे चुनाव-विश्लेषक चौंक सकते है ! मुखर युवा व ख़ामोश महिलाएँ निर्णायक हो सकती हैं !सीधा-सधा संवाद मतपेटी की कुंजी है,शेष तो जनता-जनार्दन ही जाने🇮🇳🙏
— Dr Kumar Vishvas (@DrKumarVishwas) October 26, 2020
बता दें कि इस बार बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए से दिवंगत नेता रामविलास पासवान की पार्टी लोक जनशक्ति पार्टी अलग हो चुकी है और उनके बेटे चिराग पासवान पार्टी का चुनावी मैदान में नेतृत्व कर रहे हैं. हालांकि, एलजेपी केंद्र की मोदी सरकार में सत्ता साझा कर रही है. रामविलास पासवान का इसी महीने निधन हो चुका है. उनके अंतिम संस्कार और बाकी विधि-विधान करने के बीच ही चिराग पासवान ने चुनावी तैयारियां की हैं. उनके निशाने पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार बने हुए हैं.