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30-Jul-2025 02:13 PM
By FIRST BIHAR
IAS Rinku Singh: सोशल मीडिया पर आजकर एक वीडियो खूब वायरल हो रहा है। वायरल वीडियों में आईएएस अधिकारी रिंकू सिंह वकीलों के सामने कान पकड़कर उठक-बैठक लगाते नजर आ रहे हैं। उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर में एसडीएम के पद पर तैनात रिंकू सिंह राही की कहानी संघर्षों से भरी हुई है।
दरअसल, एसडीएम रिंकू सिंह राही धरने पर बैठे वकीलों को समझाने गए थे, लेकिन अचानक वह खुद उनके सामने उठक-बैठक लगाने लगे। आइए जानते हैं कि एसडीएम रिंकू सिंह राही कौन हैं, उन्होंने यूपीएससी परीक्षा कब पास की थी और उनकी कहानी क्या है। रिंकू सिंह राही भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई में सबसे आगे रहने वाले आईएएस अधिकारियों में से एक हैं।
रिंकू सिंह राही ने 100 करोड़ रुपये के भ्रष्टाचार का खुलासा किया था, जिसके कारण उनपर जानलेवा हमला भी हुआ था। साल 2008 की बात है, जब रिंकू सिंह मुजफ्फरनगर में जिला समाज कल्याण अधिकारी थे। उन्होंने छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति योजना में हुए करोड़ों रुपये के भ्रष्टाचार का पर्दाफाश किया।
इसके बाद 2009 में जब वह सुबह बैडमिंटन खेल रहे थे, तो उनपर ताबड़तोड़ गोलियां चलाई गईं। इस हमले में वे बुरी तरह घायल हो गए और एक आंख की रोशनी भी खो बैठे। कई महीनों तक अस्पताल में रहने के बाद भी उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और ठीक होकर वापस अपनी जिम्मेदारी निभाने लौट आए।
अलीगढ़ के निम्न-मध्यमवर्गीय परिवार में जन्मे रिंकू सिंह राही ने NIT जमशेदपुर से मेटलर्जी में बीटेक किया है। उन्होंने गेट परीक्षा में 17वीं रैंक हासिल की थी। 2004 में प्रवर अधीनस्थ सेवा परीक्षा पास कर जिला समाज कल्याण अधिकारी बने। फिर 2022 में दिव्यांग कोटे से यूपीएससी परीक्षा पास कर आईएएस बने। आज वह ईमानदारी की मिसाल माने जाते हैं और देश के लिए एक प्रेरणा हैं।