गोपालगंज में दर्दनाक हादसा: तालाब में डूबने से दो स्कूली छात्रों की मौत मुजफ्फरपुर: केंद्रीय कारागार के विचाराधीन बंदी की SKMCH में मौत, गंभीर बीमारी और ड्रग एडिक्शन से था ग्रसित मुजफ्फरपुर कोर्ट का बड़ा फैसला: अपहरण और बाल विवाह मामले में मुकेश सहनी को 3 साल की सजा Bihar News: हड़ताली अंचल अधिकारियों पर बड़ा प्रहार...एक साथ कई CO को किया गया सस्पेंड, डिप्टी CM विजय सिन्हा का चला हथौड़ा WhatsApp कॉलिंग में बड़ा बदलाव: अब मिलेगी पूरी तरह शोर-मुक्त बातचीत की सुविधा, जानिए कैसे? बिहटा के NSMCH में CME का आयोजन: "BIHAR में हीमोग्लोबिनोपैथी निदान को सुदृढ़ बनाना स्क्रीनिंग से मॉलिक्यूलर टेस्टिंग तक” सवारी बिठाने के लिए टोटो चालकों के बीच जमकर मारपीट, चाकू से किया हमला Bihar News: रेस्टोरेंट की आड़ में चल रहा गंदा काम, पुलिस ने किया पर्दाफाश, तीन गिरफ्तार पटना हाईकोर्ट का बड़ा फैसला: मस्जिद-कब्रिस्तान विवाद सुलझा, आमस-दरभंगा एक्सप्रेसवे का रास्ता हुआ साफ बिहार में तेज रफ्तार का कहर: हाईवा की टक्कर से बाइक सवार की मौके पर मौत, गुस्साए ग्रामीणों ने NH किया जाम
12-Nov-2025 10:38 AM
By First Bihar
Success Story: UPSC सिविल सर्विस 2024 का फाइनल रिजल्ट जारी होते ही पूरे देश में आस्था सिंह की चर्चा होने लगी। महज 21 साल की उम्र में उन्होंने देश की सबसे कठिन परीक्षा को पहले प्रयास में क्रैक कर रैंक 21 हासिल की। खास बात यह है कि आस्था ने इस परीक्षा को कोई कोचिंग लिए बिना ही खुद की मेहनत और रणनीति से पास किया। उनकी कहानी युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गई है।
आस्था सिंह मूल रूप से पंजाब की रहने वाली हैं। उनकी स्कूली पढ़ाई भोपाल और पंचकुला में हुई। उन्होंने 2023 में श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स (SRCC), दिल्ली यूनिवर्सिटी से BA (Hons.) Economics में ग्रेजुएशन पूरा किया। बचपन से ही पढ़ाई में तेज होने के बावजूद उनका करियर चुनाव कई बार बदलता रहा। कभी वे वैज्ञानिक बनने का सपना देखती थीं, तो कभी साइकिएट्रिस्ट। उनके दादाजी अक्सर कहते थे, “ये कलेक्टर बनेगी।” 12वीं बोर्ड के बाद आस्था ने UPSC की तैयारी करने का निर्णय लिया और अपने ग्रेजुएशन के विषय इकोनॉमिक्स को ऑप्शनल के तौर पर चुनने का रणनीतिक निर्णय किया।
कॉलेज खत्म होने के बाद आस्था ने दिल्ली की बजाय जिरकपुर लौटना चुना। उनका कहना है कि दिल्ली में रहकर तैयारी करना उनके लिए थोड़ा चुनौतीपूर्ण था, इसलिए उन्होंने सेल्फ-स्टडी का रास्ता अपनाया। उन्होंने किसी फाउंडेशन कोर्स में दाखिला नहीं लिया, क्योंकि उनके पास तैयारी के लिए एक साल से भी कम समय था।
UPSC की तैयारी के दौरान ही आस्था ने हरियाणा पब्लिक सर्विस कमीशन (HPSC) की HCS परीक्षा भी पास की, जिसमें उन्हें AIR 31 मिली। इसके बाद वे हरियाणा सरकार में Assistant Excise and Taxation Officer के रूप में ट्रेनिंग कर रही थीं। आस्था बताती हैं कि अगस्त 2024 में HCS की ट्रेनिंग शुरू होने के बाद भी उन्होंने हर दिन 6-7 घंटे UPSC की पढ़ाई जारी रखी। इस दौरान उन्हें समझ आया कि केवल मेहनत ही नहीं, बल्कि स्मार्ट वर्क और रणनीति भी इस परीक्षा में सफलता के लिए बेहद जरूरी है।
आस्था सिंह ने UPSC की तैयारी में मुख्य रूप से सेल्फ-स्टडी, रोजाना टाइम-टेबल और वर्तमान घटनाओं पर फोकस किया। उन्होंने नोट्स बनाना, पिछले वर्षों के प्रश्न पत्र हल करना और मॉक टेस्ट के जरिए अपनी तैयारी को लगातार जांचते रहना अपने अध्ययन का हिस्सा बनाया। उनका मानना है कि सही प्लानिंग और कंसिस्टेंसी के बिना UPSC जैसी कठिन परीक्षा को क्रैक करना मुश्किल है।
आस्था का यह सफर साबित करता है कि कोचिंग की कमी कभी बाधा नहीं बनती, अगर इरादा मजबूत और मेहनत निरंतर हो। उन्होंने न केवल UPSC में रैंक 21 हासिल की, बल्कि यह भी दिखाया कि युवाओं के लिए सेल्फ-स्टडी भी उतनी ही प्रभावी हो सकती है। आस्था सिंह अब देश की सबसे युवा IAS अधिकारी बन चुकी हैं और उनका यह सफर प्रेरणा देता है कि कठिन परिश्रम और सही रणनीति से कोई भी चुनौती संभव है।