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Bihar Bhumi: CO के बाद अब DCLR की बारी ! जजमेंट की क्वालिटी जांच होगी, डिप्टी CM विजय सिन्हा तैयार कर रहे प्लान....

Bihar Bhumi: बिहार में राजस्व कार्यों को दुरुस्त करने के लिए डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा ने बड़ा कदम उठाया है। DCLR के फैसलों की क्वालिटी जांच के लिए माइक्रो मॉनिटरिंग टीम बनेगी, 15 जनवरी तक लंबित मामलों के निष्पादन पर इनाम और कार्रवाई तय।

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07-Jan-2026 04:26 PM

By Viveka Nand

Bihar Bhumi: बिहार में बेपटरी हो चुके राजस्व कार्यों को पटरी पर लाने के लिए युद्ध स्तर पर काम हो रहे हैं. डिप्टी सीएम सह राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के मंत्री विजय कुमार सिन्हा प्रयास में जुटे हैं. इसके सकारात्मक परिणाम भी दिखने लगे हैं. आमलोगों की सबसे अधिक शिकायत सीओ-डीसीएलआर के निर्णयों से होती है. विभागीय मंत्री के जन कल्याण संवाद के दौरान डीसीएलआर द्वारा दिए गए निर्णय पर सवाल खड़े किए जा रहे हैं. इसके बाद अब डीसीएलआर पर नकेल कसने की तैयारी है. डिप्टी सीएम ने बजाप्ता सभी भूमि सुधार उप समाहर्ताओं से स्पष्ट तौर पर बता दिया है. 

जजमेंट की क्वालिटी होगी जांच 

उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने कहा है कि निष्पादन की हड़बड़ी में जैसे–तैसे लिए गए निर्णयों की शिकायतें जनकल्याण संवाद के दौरान सामने आ रहीं हैं। इसे देखते हुए विभाग स्तर पर एक माइक्रो मॉनिटरिंग टीम का गठन किया जा रहा है, जो जजमेंट की क्वालिटी की जांच करेगी। उन्होंने सभी अधिकारियों से बेहतर निर्णयों को आपस में साझा करने का आग्रह किया है, ताकि कार्यों में पारदर्शिता और गुणवत्ता दोनों बढ़ सके। उपमुख्यमंत्री ने विभाग के प्रधान सचिव सीके अनिल से कहा है कि टॉप 5 उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले भूमि सुधार उप समाहर्ताओं की एक विशेष टीम बनाई जाए, जो कमजोर प्रदर्शन वाले अनुमंडलों में जाकर तेज निष्पादन सुनिश्चित करेगी।

उपमुख्यमंत्री सिन्हा ने कहा कि भूमि सुधार उप समाहर्ता विभाग की रीढ़ हैं . उनके पास पूरे अनुमंडल क्षेत्र की बड़ी जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि न्यायालय संबंधी कार्यों में अधिकतम समय देने से ही राजस्व प्रशासन की स्थिति को बेहतर बनाया जा सकता है। उपमुख्यमंत्री ने यह भी रेखांकित किया कि उनके कार्यभार संभालने के बाद से लगातार हो रही समीक्षाओं का सकारात्मक असर कई अनुमंडलों में दिखाई देने लगा है। कई DCLR बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं, जबकि कुछ अनुमंडलों में अब भी अपेक्षित प्रगति नहीं हो पाई है।

मंगलवार को राज्यभर के भूमि सुधार उप समाहर्ता (DCLR) के कार्यों की गहन समीक्षा बैठक आयोजित की गई थी। बैठक पूरी तरह परिणाम आधारित थी, जिसमें लंबित मामलों के निष्पादन को लेकर स्पष्ट और सख्त निर्देश जारी किए गए। उपमुख्यमंत्री ने सभी अधिकारियों के लिए स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित करते हुए निर्देश दिया कि 15 जनवरी तक परिमार्जन प्लस के तहत लंबित सभी मामलों का निष्पादन सुनिश्चित करने वाले अधिकारी पुरस्कृत किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि सभी को 31 जनवरी तक दाखिल–खारिज के सभी लंबित मामलों का निपटारा करने का भी आदेश दिया गया है। इन मामलों के निपटारे से किसानों के कागजात अपडेट हो सकेंगे और वे विभिन्न सरकारी सुविधाओं से लाभान्वित हो पाएंगे।