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06-Feb-2026 12:06 PM
By First Bihar
NEET student case : नीट छात्रा हत्या मामले को लेकर राजनीतिक तापमान बढ़ता जा रहा है। इस मामले में पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी द्वारा दिए गए बयान को लेकर बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बड़ा हमला बोला है। उन्होंने साफ कहा कि यदि राबड़ी देवी के पास इस मामले से जुड़ा कोई ठोस सबूत है, तो उन्हें तुरंत पेश करना चाहिए। उन्होंने 24 घंटे का अल्टीमेटम देते हुए कहा कि सबूत मिलने पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी।
सम्राट चौधरी ने कहा, “यदि इस मामले में किसी मंत्री या किसी मंत्री के बेटे का नाम सामने आता है, तो सरकार 24 घंटे के भीतर कार्रवाई करने में कोई कोर-कसर नहीं छोड़ेगी। हमारा उद्देश्य बेटियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और उन्हें सुरक्षित वातावरण प्रदान करना है।” उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी राजनीतिक दबाव या प्रभाव के बिना सरकार इस मामले की निष्पक्ष जांच कर रही है।
उपमुख्यमंत्री ने राबड़ी देवी को लेकर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि अगर वह कोई सबूत पेश नहीं कर रही हैं, तो इसका मतलब यह है कि वह जानबूझकर सच्चाई को छुपा रही हैं। उन्होंने कहा, “राजनीति या व्यक्तिगत लाभ के लिए किसी भी तरह की देरी या छुपाने की कोशिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यह मामला संवेदनशील है और इसमें किसी भी तरह की अनदेखी की गुंजाइश नहीं है।”
इससे पहले पुलिस ने मामले की प्रारंभिक जांच की थी और बाद में एसआईटी ने अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंप दी। रिपोर्ट में कुछ ऐसे पहलुओं की पहचान हुई, जिन्हें सरकार ने और गहराई से जांचने की जरूरत समझी। इसके बाद सरकार ने केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को मामला सौंपकर विस्तृत जांच की अनुमति दी।
इस पूरे मामले में उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने सरकार के प्रतिनिधि के रूप में पीड़ित परिवार से मुलाकात की। उन्होंने परिवार को आश्वस्त किया कि उनकी न्यायिक और कानूनी सुरक्षा के लिए हर संभव कदम उठाए जा रहे हैं। विजय सिन्हा ने परिवार के सदस्यों को विश्वास दिलाया कि सरकार इस मामले में किसी भी स्तर पर समझौता नहीं करेगी और दोषियों को सजा दिलाने में कोई कमी नहीं रखेगी।
राजनीतिक गलियारों में यह मामला और भी संवेदनशील बन गया है क्योंकि राबड़ी देवी का बयान सीधे तौर पर सरकार की जांच प्रक्रिया और उसकी निष्पक्षता पर सवाल खड़ा कर रहा है। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि सरकार के पास पहले से ही पर्याप्त सबूत हैं और यदि और सबूत सामने आते हैं, तो उन्हें तत्काल न्यायालय और पुलिस के समक्ष रखा जाएगा।
सरकार की ओर से यह भी स्पष्ट किया गया कि यह मामला केवल एक हत्या का मामला नहीं है, बल्कि यह समाज में बेटियों की सुरक्षा और उनके अधिकारों की रक्षा से जुड़ा हुआ है। इस दिशा में सरकार ने कई कदम उठाए हैं और आगे भी ऐसे कदम उठाए जाएंगे जो सुनिश्चित करें कि कोई भी बच्ची अपने परिवार और समाज में सुरक्षित महसूस करे।
सम्राट चौधरी ने अंत में यह भी कहा कि यह मामला राजनीति का विषय नहीं है। “हम न्याय सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास कर रहे हैं। चाहे स्थिति कितनी भी संवेदनशील क्यों न हो, हमारी प्राथमिकता हमेशा पीड़ित परिवार की न्यायिक सुरक्षा और समाज में कानून व्यवस्था का पालन सुनिश्चित करना है।”
इस मामले के लगातार बढ़ते राजनीतिक और कानूनी पहलुओं के बीच अब सबकी नजरें राबड़ी देवी के अगले कदम और CBI जांच के परिणामों पर लगी हुई हैं। विपक्ष और समाजजन इस मामले में सरकार की कार्रवाई को लेकर भी सतर्क नजर रखते हुए देख रहे हैं कि क्या 24 घंटे के भीतर कोई ठोस कदम उठाया जाएगा।