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26-May-2025 10:32 AM
By First Bihar
Bihar News: किशनगंज जिले के ठाकुरगंज नगर पंचायत में निर्माण कार्यों को लेकर विवाद गहराता चला जा रहा है। पूर्व मुख्य पार्षद प्रमोद चौधरी ने नगर पंचायत प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि पिछले एक साल में एक भी कार्य का टेंडर नहीं हुआ। इसके बावजूद करोड़ों रुपये के काम बिना विभागीय आदेश और टेंडर के कराए गए। चौधरी ने सवाल उठाया कि कार्यपालक पदाधिकारी विभागीय नियमों को नजरअंदाज कर कैसे निर्माण कार्य करा रहे हैं। उन्होंने जिला प्रशासन की चुप्पी पर भी सवाल खड़े किए।
चौधरी ने वार्ड नंबर 10 में हो रहे दुकान निर्माण को लेकर भी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि खैरात की जमीन पर गरीबों का हक छीना जा रहा है। इस जमीन पर पिछले 50 साल से सब्जी विक्रेता दुकानें लगाते आ रहे हैं। अब बिना विभागीय अनुमति के वहां पक्की दुकानें बनाकर आवंटन की तैयारी हो रही है। चौधरी ने पूछा कि विस्थापित होने वाले गरीब दुकानदारों का क्या होगा। उन्होंने पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।
वहीं, नगर पंचायत के वर्तमान मुख्य पार्षद श्रीकृष्ण सिंह ने इन आरोपों को राजनीति से प्रेरित बताया। उन्होंने कहा कि दुकानों के आवंटन के लिए सभी वैधानिक प्रक्रियाओं का पालन किया जा रहा है। जल्द ही अखबारों में विज्ञापन जारी कर आवंटन प्रक्रिया शुरू की जाएगी। सिंह ने दावा किया कि सभी कार्य पारदर्शी तरीके से हो रहे हैं।
इस पूरे मामले को लेकर स्थानीय लोगों में चर्चा तेज हो गई है। नगर पंचायत के कार्यों की गुणवत्ता और पारदर्शिता पर सवाल उठ रहे हैं। अब निगाहें जिला प्रशासन पर टिकी हैं कि वह इस मामले में क्या कदम उठाता है।
नौशाद आलम की रिपोर्ट