पटना में अवैध अतिक्रमण के खिलाफ फिर गरजेगा जिला प्रशासन का बुलडोजर, इस दिन से शुरू होगा विशेष अभियान पटना में अवैध अतिक्रमण के खिलाफ फिर गरजेगा जिला प्रशासन का बुलडोजर, इस दिन से शुरू होगा विशेष अभियान ‘गुंडों के दम पर चल रही TMC’, गिरिराज सिंह का ममता बनर्जी पर बड़ा हमला हर्ष फायरिंग केस में बुरे फंसे जीतनराम मांझी के करीबी, HAM प्रवक्ता दानिश रिजवान के खिलाफ केस दर्ज हर्ष फायरिंग केस में बुरे फंसे जीतनराम मांझी के करीबी, HAM प्रवक्ता दानिश रिजवान के खिलाफ केस दर्ज अब पहले से भी अधिक महंगी और लग्जरी गाड़ियों से घूमेंगे बिहार के मंत्री और अधिकारी, सरकार ने जारी किया आदेश अब पहले से भी अधिक महंगी और लग्जरी गाड़ियों से घूमेंगे बिहार के मंत्री और अधिकारी, सरकार ने जारी किया आदेश ‘देश में दो ही खलनायक- पहला मुसलमान और दूसरा सवर्ण’, बृजभूषण शरण सिंह के बयान से गरमाई सियासत ‘देश में दो ही खलनायक- पहला मुसलमान और दूसरा सवर्ण’, बृजभूषण शरण सिंह के बयान से गरमाई सियासत चोरनिया कांड में बड़ा एक्शन: SHO समेत पूरी टीम सस्पेंड, लापरवाही बरतने पर SSP ने की कार्रवाई
13-Mar-2026 07:44 AM
By First Bihar
LPG Crisis Patna : राजधानी पटना समेत राज्य के कई हिस्सों में घरेलू रसोई गैस की किल्लत ने आम जनता और छोटे व्यवसायियों की परेशानी बढ़ा दी है। इस बीच राज्य सरकार ने घरेलू एलपीजी गैस सिलिंडर वितरण को लेकर अहम फैसले लिए हैं। इंडियन आयल ने तकनीकी कारणों से फिलहाल ओटीपी आधारित डिलीवरी सिस्टम को तात्कालिक रूप से हटा दिया है। अब उपभोक्ता ऑफलाइन भी गैस बुकिंग कर सकते हैं। हालांकि, सरकार ने घरेलू गैस की आपूर्ति को सामान्य बताया है, लेकिन कमर्शियल सिलिंडर की कमी से होटल, रेस्टोरेंट, ठेला और छोटे व्यवसायियों को कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। बड़े होटल वैकल्पिक साधनों जैसे इंडक्शन चूल्हा, हीटर, कोयला और चारकोल का इस्तेमाल कर रहे हैं।
गृहिणियों और अन्य उपभोक्ताओं के लिए स्थिति और जटिल हो गई है। कई क्षेत्रों में ग्राहक सुबह से ही गैस एजेंसी और गोदाम पर पहुंच रहे हैं, जबकि ऑनलाइन बुकिंग लेने वाले ग्राहक परेशान दिख रहे हैं। कई एजेंसियों में सिलिंडर की डिलीवरी में एक सप्ताह से 10 दिन तक का बैकलॉग हो गया है। पटेल नगर, बोरिंग कैनाल रोड, राजा बाजार, कंकड़बाग और राजेंद्र नगर जैसे इलाकों में मांग के मुकाबले सिलिंडर कम उपलब्ध हो रहे हैं। एजेंसी संचालकों के अनुसार, 540 सिलिंडरों की मांग होने पर केवल 341 सिलिंडर भेजे जा रहे हैं, जिससे बैकलॉग लगातार बढ़ रहा है।
इसी बीच विकास आयुक्त मिहिर कुमार सिंह ने सभी जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों के साथ समीक्षा बैठक कर गैस सिलिंडर की कालाबाजारी, अवैध भंडारण और अनधिकृत बिक्री पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि एजेंसियों, गोदामों और वितरण प्रणाली की निगरानी लगातार की जाए और किसी भी गड़बड़ी पर तुरंत कार्रवाई हो।
सिलिंडर न मिलने के कारण आम जनता की नाराजगी भी सामने आ रही है। राजधानी के कई इलाकों में लोग एजेंसियों के बाहर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। कुछ जगहों पर सिलिंडर ले जा रहे वेंडरों और ग्राहकों के बीच नोकझोंक हुई, जिसके कारण शिवपुरी, पटेल नगर और आसपास पुलिस को बुलाना पड़ा। कई एजेंसी संचालक और वेंडर सुरक्षा की मांग कर रहे हैं। उपभोक्ताओं का कहना है कि कई दिनों पहले बुकिंग कराई गई थी, फिर भी सिलिंडर नहीं मिला, जिससे घरों में खाना बनाना मुश्किल हो गया है।
समीक्षा बैठक में गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव अरविंद कुमार चौधरी ने सभी जिलों में विशेष निगरानी अभियान चलाने और घरेलू सिलिंडर के व्यावसायिक उपयोग पर रोक लगाने के निर्देश दिए। पुलिस महानिदेशक विनय कुमार ने भी सोशल मीडिया पर निगरानी रखने, अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ त्वरित कार्रवाई करने और आम जनता की शिकायतों के निवारण के लिए कंट्रोल रूम स्थापित करने का आदेश दिया। राज्य सरकार और प्रशासन ने कहा है कि उपभोक्ताओं को जल्द से जल्द गैस सिलिंडर उपलब्ध कराने के प्रयास जारी हैं। इस फैसलों के बावजूद राजधानी और बड़े शहरों में उपभोक्ताओं की परेशानी कम नहीं हुई है, लेकिन प्रशासन की सख्ती और निगरानी से अवैध कारोबारियों पर अंकुश लगने की उम्मीद जताई जा रही है।