ब्रेकिंग न्यूज़

बिहार में नहीं थम रहा जमीन के विवाद का मामला, सासाराम में 2 लोगों की गोली मारकर हत्या बिहार में मूर्ति विसर्जन के दौरान ट्रैक्टर पलटने की घटना, समस्तीपुर में 2 की मौत बाढ़ में 20 छात्र घायल Bihar Crime News: रंगदारी की मांग को लेकर बदमाशों ने घरों पर की पत्थरबाजी, दहशत में इलाके के लोग Bihar Crime News: रंगदारी की मांग को लेकर बदमाशों ने घरों पर की पत्थरबाजी, दहशत में इलाके के लोग बिहार के बड़े उद्योगपति अजय कुमार सिंह पर जानलेवा हमला, 50 से अधिक लोगों ने की गाड़ी में तोड़फोड़ बिहार पुलिस भर्ती परीक्षा में फर्जीवाड़े का भंडाफोड़, दो आरोपी पटना से गिरफ्तार बिहार की राजनीति के औरंगजेब हैं तेजस्वी यादव, RJD के कार्यकारी अध्यक्ष बनाए जाने पर बोले युवा चेतना के सुप्रीमो, कहा..अपने पिता को ही साईड कर दिया राष्ट्रीय जनता दल के कार्यकारी अध्यक्ष बनने के बाद तेजस्वी ने किया ट्वीट, कहा..अब सत्य की विजय का दौर शुरू होगा Bihar School News: बिहार के एक लाख स्कूलों को करना होगा यह बड़ा काम, लास्ट डेट नजदीक; शिक्षा विभाग ने सभी DEO को जारी किया निर्देश Bihar School News: बिहार के एक लाख स्कूलों को करना होगा यह बड़ा काम, लास्ट डेट नजदीक; शिक्षा विभाग ने सभी DEO को जारी किया निर्देश

Bihar Teacher: बिहार में शिक्षा विभाग का अजब कारनामा, रिटायरमेंट के अगले ही दिन टीचर की करा दी विशिष्ट शिक्षक में ज्वाइनिंग

Bihar Teacher: बिहार के अररिया में शिक्षा विभाग का एक ऐसा कारनामा सामने आया है, जिसको सुनकर हर कोई हैरान है. यहां रिटायरमेंट के बाद यहां एक शिक्षक की फिर से ज्वाइनिंग करा दी गई.

Bihar Teacher News

14-Jan-2025 02:15 PM

By FIRST BIHAR

Bihar Teacher: बिहार में शिक्षा विभाग के एक अजब कारनामा सामने आया है। अररिया में रिटायरमेंट के अगले ही दिन एक शिक्षक को विशिष्ट शिक्षक में ज्वाइन करा दिया गया। मामला सामने आया तो जिले के शिक्षा महकमें में हड़कंप मच गया। आनन फानन में हेडमास्टर को शो-कॉज किया गया।


दरअसल, पूरा मामला अररिया के कुर्साकांटा प्रखंड के मवि रहटमीना का बताया जा रहा है। साल 2006 में मो. जलालुद्दीन की शारीरिक शिक्षक के तौर पर बहाली हुई थी। नियम के तहत बीते 31 दिसंबर 2024 को वह सेवानिवृत हो गए लेकिन रिटायर होने की जगह उन्हें 1 जनवरी 2025 को विशिष्ट शिक्षक के रूप में योगदान करा लिया गया। मामला सामने आने के बाद जिले के शिक्षा विभाग में हड़कंप मच गया है।


डीपीओ रवि रंजन ने मो.जलालुद्दीन के योगदान को रद्द करते हुए प्रभारी हेडमास्टर से स्पष्टीकरण मांगा है। डीपीओ ने पूछा है कि किन परिस्थितियों में रिटायर हो चुके शिक्षक को फिर से विशिष्ट शिक्षक के रूप में योगदान कराया गया है। हेडमास्टर द्वारा संतोषजनक जवाब नहीं देने पर डीपीओ ने सख्त कार्रवाई की बात कही है। लोगों का कहना है कि स्कूल के एक शिक्षक बहुत दिनों तक जिला शिक्षा कार्यालय में तैनात थे उनकी मिलीभगत से ही सारा खेल हुआ है।


पूरे मामले पर डीपीओ रवि रंजन ने बताया कि 31 दिसंबर को सेवानिवृत हो चुके शारीरिक शिक्षक मो. जलालुद्दीन द्वारा सेवानिवृति के बाद एक जनवरी को विशिष्ट शिक्षक के रूप में योगदान देने का मामला सामने आने के बाद तुरंत उनके योगदान को अस्वीकृत करते हुए हेडमास्टर से जवाब मांगा गया है। पूरे मामले में दोषियों की पहचान की जा रही है और जो लोग भी दोषी पाए जाएंगे उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

Bihar Teacher: बिहार में शिक्षा विभाग के एक अजब कारनामा सामने आया है। अररिया में रिटायरमेंट के अगले ही दिन एक शिक्षक को विशिष्ट शिक्षक में ज्वाइन करा दिया गया। मामला सामने आया तो जिले के शिक्षा महकमें में हड़कंप मच गया। आनन फानन में हेडमास्टर को शो-कॉज किया गया।


दरअसल, पूरा मामला अररिया के कुर्साकांटा प्रखंड के मवि रहटमीना का बताया जा रहा है। साल 2006 में मो. जलालुद्दीन की शारीरिक शिक्षक के तौर पर बहाली हुई थी। नियम के तहत बीते 31 दिसंबर 2024 को वह सेवानिवृत हो गए लेकिन रिटायर होने की जगह उन्हें 1 जनवरी 2025 को विशिष्ट शिक्षक के रूप में योगदान करा लिया गया। मामला सामने आने के बाद जिले के शिक्षा विभाग में हड़कंप मच गया है।


डीपीओ रवि रंजन ने मो.जलालुद्दीन के योगदान को रद्द करते हुए प्रभारी हेडमास्टर से स्पष्टीकरण मांगा है। डीपीओ ने पूछा है कि किन परिस्थितियों में रिटायर हो चुके शिक्षक को फिर से विशिष्ट शिक्षक के रूप में योगदान कराया गया है। हेडमास्टर द्वारा संतोषजनक जवाब नहीं देने पर डीपीओ ने सख्त कार्रवाई की बात कही है। लोगों का कहना है कि स्कूल के एक शिक्षक बहुत दिनों तक जिला शिक्षा कार्यालय में तैनात थे उनकी मिलीभगत से ही सारा खेल हुआ है।


पूरे मामले पर डीपीओ रवि रंजन ने बताया कि 31 दिसंबर को सेवानिवृत हो चुके शारीरिक शिक्षक मो. जलालुद्दीन द्वारा सेवानिवृति के बाद एक जनवरी को विशिष्ट शिक्षक के रूप में योगदान देने का मामला सामने आने के बाद तुरंत उनके योगदान को अस्वीकृत करते हुए हेडमास्टर से जवाब मांगा गया है। पूरे मामले में दोषियों की पहचान की जा रही है और जो लोग भी दोषी पाए जाएंगे उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।