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कैमूर के शशांक का सीके नायडू ट्रॉफी में हुआ चयन, परिजनों में खुशी की लहर

KAIMUR: कैमूर जिले के रामगढ़ प्रखंड क्षेत्र के डरवन गांव के रहने वाले होनहार शशांक ने अपने विकेट कीपिंग और बल्लेबाजी के तौर पर बिहार में डंका बजा अपने प्रतिभा का लोहा मनवाया है। शश

कैमूर के शशांक का सीके नायडू ट्रॉफी में हुआ चयन, परिजनों में खुशी की लहर
Jitendra Vidyarthi
3 मिनट

KAIMUR: कैमूर जिले के रामगढ़ प्रखंड क्षेत्र के डरवन गांव के रहने वाले होनहार शशांक ने अपने विकेट कीपिंग और बल्लेबाजी के तौर पर बिहार में डंका बजा अपने प्रतिभा का लोहा मनवाया है। शशांक का चयन सीके नायडू ट्रॉफी के तीसरे मैच के लिए किया गया है। रविवार को मकर संक्रांति के मौके पर पटना के मोइनुल हक स्टेडियम में शशांक ने चंडीगढ़ के खिलाफ मैच खेला।


बता दें कि 2019 में शशांक का अंडर-19 विनू मांकड ट्रॉफी में भी बतौर विकेटकीपर बल्लेबाज का चयन हुआ था। जहां उसने अपने खेल का डंका बजाया था। उसको देखते हुए सीके नायडू ट्रॉफी के लिए विकेट कीपर और बल्लेबाज के तौर पर चयन किया गया है। शशांक एक भाई बहन हैं जहां बहन डॉक्टर हैं और पिता हमीरपुर में इंस्पेक्टर के पद पर तैनात हैं। शशांक को भी पिता डॉक्टर बनाना चाहते थे लेकिन इन्होंने उसको दरकिनार कर क्रिकेट का रास्ता चुना। शशांक के चाचा भी रामगढ़ में चिकित्सक हैं।


शशांक के दादा रामनिवास उपाध्याय बताते हैं शशांक का चयन क्रिकेट में होने के बाद हम लोग काफी खुश हैं। इस बात की जानकारी मिलने के बाद बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। शशांक की दादी शारदा देवी बताती हैं शशांक फोन करके बताया था कि क्रिकेट में मेरा चयन हो गया है। आज उसका मैच भी है, हम लोग काफी खुश हैं। उनका पढ़ाई में दिल्ली में एडमिशन कराया गया लेकिन उनका मन नहीं लगा और उनका मन क्रिकेट खेलने में लगा। उनकी बहन भी डॉक्टर हैं लेकिन यह क्रिकेट में रूचि दिखाएं।


शशांक के चाचा डॉक्टर एम के उपाध्याय ने जानकारी देते बताया क्रिकेट में रुझान शशांक का बचपन से ही था। कैमूर से मैट्रिक पास किया इंटर का पढ़ाई भी कर ली। उसके बाद वह खेल की तरफ जाने लगा। हमीरपुर में शशांक के पिता संजय उपाध्याय इंस्पेक्टर हैं और बड़ी बहन डॉक्टर हैं ।


पिता चाहते थे बेटा डॉक्टर बने लेकिन शशांक पढ़ाई की जगह खेल में रुचि दिखाने लगा तो मैने भी शशांक को सपोर्ट किया। कैमूर का क्रिकेट एसोसिएशन काफी सपोर्ट किया और गाइड भी किया। बिहार क्रिकेट एसोसिएशन के उपाध्यक्ष दिलिप कुमार सिंह का मार्गदर्शन और सहयोग काफी अच्छा मिला जिसका नतीजा रहा वह आगे बढ़ता गया और उसका चयन साल 2019 में अंदर 19 में हुआ। जिसमें वह अच्छा खेला जिससे आगे बढ़ता गया। एस्पेशली यह विकेटकीपर बैट्समैन है । आज उनका पहला मैच चंडीगढ़ के खिलाफ है। पूरे परिवार का आशीर्वाद उसके साथ है । आगे बढ़े हम सभी लोग चाहते हैं कि अपने खेल में वह हंड्रेड परसेंट दें और बेहतर करें।


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RANJAN

FirstBihar संवाददाता