ब्रेकिंग
EO विमल हत्याकांड: CM से मिली मृतक की पत्नी, सम्राट चौधरी ने स्पीडी ट्रायल चलाने का दिया निर्देशपरिवार में एक सदस्य सरकारी नौकरी में तो दूसरे को नहीं मिलेगी अनुकंपा नियुक्ति, पटना हाई कोर्ट का अहम फैसलामंत्री दीपक प्रकाश बने MLC,प्रस्ताव पर राज्यपाल ने दी सहमति, उपेंद्र कुशवाहा बोले..यह तो होना ही थाबिहार में गंगा नदी में प्रदूषण पर NGT सख्त, गंदा पानी बहाने वाले शहरों से वसूला जाएगा जुर्मानाबिहार में स्वास्थ्य व्यवस्था की खुली पोल: अस्पताल में इलाज के नाम पर टूटे पैर में बांध दिया कार्टन... VIDEO वायरलEO विमल हत्याकांड: CM से मिली मृतक की पत्नी, सम्राट चौधरी ने स्पीडी ट्रायल चलाने का दिया निर्देशपरिवार में एक सदस्य सरकारी नौकरी में तो दूसरे को नहीं मिलेगी अनुकंपा नियुक्ति, पटना हाई कोर्ट का अहम फैसलामंत्री दीपक प्रकाश बने MLC,प्रस्ताव पर राज्यपाल ने दी सहमति, उपेंद्र कुशवाहा बोले..यह तो होना ही थाबिहार में गंगा नदी में प्रदूषण पर NGT सख्त, गंदा पानी बहाने वाले शहरों से वसूला जाएगा जुर्मानाबिहार में स्वास्थ्य व्यवस्था की खुली पोल: अस्पताल में इलाज के नाम पर टूटे पैर में बांध दिया कार्टन... VIDEO वायरल

यहां बैन हो गया छाती पीटना और खून बहाना, मोहर्रम के बीच मुस्लिम देश का बड़ा फैसला

DESK: मुस्लिम समुदाय के लोग आज मोहर्रम मना रहे हैं हालांकि इसी बीच एक मुस्लिम देश ने मोहर्रम में छाती पीटने और खून बहाने को बैन कर दिया है। शरिया कानून के तहत चलने वाले देश अफगानिस

यहां बैन हो गया छाती पीटना और खून बहाना, मोहर्रम के बीच मुस्लिम देश का बड़ा फैसला
Mukesh Srivastava
2 मिनट

DESK: मुस्लिम समुदाय के लोग आज मोहर्रम मना रहे हैं हालांकि इसी बीच एक मुस्लिम देश ने मोहर्रम में छाती पीटने और खून बहाने को बैन कर दिया है। शरिया कानून के तहत चलने वाले देश अफगानिस्तान में तालिबानी शासन ने इसे गलत करार देते हुए पूरी तरह से बैन कर दिया है।


इसके साथ ही साथ इसको लेकर तालिबान ने कड़े कानून बनाए हैं, जिसमें कहा गया है कि शोक मनाने वाले समूहों को अब खुद को मारना मना है। मोहर्रम में छाती पीटना और खून बहाना पूरी तरह से वर्जित है। आदेश नहीं मानने को बुरे अंजाम भुगतने की चेतावनी दी गई है। कानून बनाने से पहले शिया धर्म के गुरुओ से सहमति ली गई है।


रिपोर्ट्स के मुताबिक, अफगानिस्तान में कानून बनाने से पहले तालिबानी शासन ने बैठक बुलाई। जिसमें शिया धर्म गुरुओं से सहमति पत्र लिए गए और उनसे हस्ताक्षर कराए गए हैं। तालिबान ने स्पष्ट तौर पर कह दिया है कि इस कानून के तहत किसी भी को मोहर्रम को मजाक बनाने की अनुमति नहीं दी जाएगी और जो शर्तों को नहीं मानेंगे उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।