ब्रेकिंग
दो युवकों की मौत पर सदर अस्पताल में बवाल, हॉस्पिटल मैनेजर की पिटाई; परिजनों का आरोप- जिंदा लाए थे, इलाज नहीं मिलाजेडीयू की राष्ट्रीय परिषद बैठक में नीतीश कुमार के अध्यक्ष पद पर लगी मुहर, उमेश कुशवाहा को तीसरी बार प्रदेश अध्यक्ष की कमान जेडीयू कार्यालय पहुंचे नीतीश कुमार पर कार्यकर्ताओं ने की फूलों की बारिश, फादर्स डे पर पिता के पैर छूकर निशांत ने लिया आशीर्वादपटना में नवनिर्मित मकान से युवक का शव मिलने से सनसनी, परिजनों ने जताई हत्या की आशंकासुप्रीम कोर्ट पहुंचा भरत तिवारी एनकाउंटर मामला, न्यायिक जांच और पुलिस कर्मियों पर हत्या का केस दर्ज करने की मांगदो युवकों की मौत पर सदर अस्पताल में बवाल, हॉस्पिटल मैनेजर की पिटाई; परिजनों का आरोप- जिंदा लाए थे, इलाज नहीं मिलाजेडीयू की राष्ट्रीय परिषद बैठक में नीतीश कुमार के अध्यक्ष पद पर लगी मुहर, उमेश कुशवाहा को तीसरी बार प्रदेश अध्यक्ष की कमान जेडीयू कार्यालय पहुंचे नीतीश कुमार पर कार्यकर्ताओं ने की फूलों की बारिश, फादर्स डे पर पिता के पैर छूकर निशांत ने लिया आशीर्वादपटना में नवनिर्मित मकान से युवक का शव मिलने से सनसनी, परिजनों ने जताई हत्या की आशंकासुप्रीम कोर्ट पहुंचा भरत तिवारी एनकाउंटर मामला, न्यायिक जांच और पुलिस कर्मियों पर हत्या का केस दर्ज करने की मांग

Paush Amavasya: पौष अमावस्या और ब्लैक मून, जानें इसका विशेष महत्व और अद्भुत नजारा

Paush Amavasya: सनातन धर्म में अमावस्या तिथि का विशेष धार्मिक महत्व है। इस दिन विशेष रूप से महादेव की पूजा, पितरों का तर्पण और पिंडदान किया जाता है। धार्मिक दृष्टिकोण से अमावस्या के दिन स्नान, ध्या

Paush Amavasya: पौष अमावस्या और ब्लैक मून, जानें इसका विशेष महत्व और अद्भुत नजारा
User1
3 मिनट

Paush Amavasya: सनातन धर्म में अमावस्या तिथि का विशेष धार्मिक महत्व है। इस दिन विशेष रूप से महादेव की पूजा, पितरों का तर्पण और पिंडदान किया जाता है। धार्मिक दृष्टिकोण से अमावस्या के दिन स्नान, ध्यान, पूजा, जप-तप और दान-पुण्य से व्यक्ति को मनोवांछित फल की प्राप्ति होती है और जीवन के सभी संकट दूर होते हैं। खासकर पौष माह की अमावस्या तिथि का विशेष महत्व है। इस दिन भगवान शिव की पूजा करने से विशेष आशीर्वाद प्राप्त होते हैं।


ब्लैक मून क्या है?

ब्लैक मून एक दुर्लभ खगोलीय घटना है, जो आमतौर पर तब होती है जब एक महीने में दो अमावस्या तिथियां होती हैं। जब दूसरा अमावस्या आता है, तो इसे ब्लैक मून कहा जाता है। ब्लैक मून के दौरान चाँद दिखता तो है, लेकिन वह काले रंग का प्रतीत होता है। यह एक अद्भुत आकाशीय दृश्य है जिसे देखने का अनुभव बहुत ही खास होता है।


ब्लैक मून कब और कैसे दिखाई देगा?

साल 2024 में पौष अमावस्या, यानी 30 दिसंबर को ब्लैक मून दिखाई देगा। इस दिन भारत समेत कई देशों में यह अद्भुत दृश्य दिखाई देगा। खास बात यह है कि अगर मौसम साफ रहेगा, तो बिना किसी उपकरण के भी ब्लैक मून को देखा जा सकता है। हालांकि, अगर कोहरा या बादल होंगे, तो यह दृश्य नहीं दिखाई देगा।


ब्लैक मून देखने का सही समय ब्रह्म मुहूर्त में होगा। भारतीय समयानुसार यह सुपर मून रात 03:57 बजे दिखाई देगा। इसके बाद अगला ब्लैक मून 23 अगस्त, 2025 को दिखाई देगा, और फिर 31 अगस्त, 2027 को भी ब्लैक मून देखा जा सकेगा।


ब्लैक मून के प्रभाव:

ब्लैक मून को लेकर विश्वास है कि यह समय बहुत ही शक्तिशाली और शुभ होता है। इस समय व्यक्ति के जीवन में नए बदलाव और सकारात्मक घटनाएं हो सकती हैं। इसके अलावा, यह समय पूजा, ध्यान और आत्मिक उन्नति के लिए भी उपयुक्त माना जाता है। अतः इस पौष अमावस्या के दिन ब्लैक मून को देखना और अमावस्या का व्रत करना आपके जीवन में सुख, समृद्धि और शांति ला सकता है।