1st Bihar Published by: First Bihar Updated Thu, 19 Jun 2025 08:41:27 AM IST
बिहार की राजीनीति में हलचल - फ़ोटो GOOGLE
Bihar Politics: बिहार की सियासत में हलचल तेज़ है। आगामी विधानसभा चुनाव से पहले राष्ट्रीय जनता दल (RJD) संगठन को मजबूत करने में जुट गया है। इसी कड़ी में आज यानि गुरुवार को पटना स्थित ज्ञान भवन में राज्य परिषद की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जा रही है, जो सुबह 11 बजे से शुरू होगी। इस बैठक में राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव, नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव, पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी, सहित पार्टी के सभी प्रमुख नेता, विधायक, पूर्व विधायक, सांसद, विधान पार्षद, जिलाध्यक्ष और संगठन से जुड़े वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहेंगे।
यह साल बिहार में चुनावी वर्ष है, ऐसे में यह बैठक कई मायनों में अहम मानी जा रही है। बैठक में जिन बिंदुओं पर विशेष रूप से चर्चा होगी, जिसमें पार्टी संगठन को और अधिक मजबूत और धारदार कैसे बनाया जाए। पार्टी में अनुशासन, सांगठनिक मजबूती और जमीनी स्तर पर कार्यकर्ताओं की सक्रियता, चुनावी रणनीतियों और प्रचार अभियानों को धार देना और पंचायत, प्रखंड और जिला स्तरीय संगठनात्मक चुनावों की समीक्षा करने के साथ कई पहलुओं पर चर्चा किया जाएगा। वहीं, हाल ही में चुने गए राज्य परिषद सदस्यों का परिचय और दायित्व निर्धारण किया गया है।
इस बैठक का एक बड़ा आकर्षण होगा राजद के नए प्रदेश अध्यक्ष की औपचारिक घोषणा। सूत्रों के अनुसार, इस पद के लिए मंगनी लाल मंडल का नामांकन एकमात्र था, जिससे अब यह तय हो गया है कि वही प्रदेश अध्यक्ष होंगे। मंगनी लाल मंडल अति पिछड़ा वर्ग (EBC) से आते हैं, जो बिहार की आबादी में लगभग 36% हिस्सा रखते हैं। उनके चयन को पार्टी द्वारा सामाजिक समीकरण साधने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है। आरजेडी की राजनीतिक गतिविधियाँ यहीं नहीं रुकतीं। आगामी 5 जुलाई 2025 को पार्टी अपना 28वां स्थापना दिवस मनाएगी। इसी दिन राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव की घोषणा भी होगी। इसके लिए 23 जून को लालू प्रसाद यादव नामांकन दाखिल करेंगे, और ऐसा माना जा रहा है कि पार्टी उन्हें फिर से सर्वसम्मति से राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनेगी।
इस बैठक को RJD के लिए एक संगठनात्मक शक्ति प्रदर्शन और चुनावी रणनीति की दिशा तय करने वाले अहम पड़ाव के रूप में देखा जा रहा है। तेजस्वी यादव के नेतृत्व में पार्टी अब जमीनी स्तर तक पहुँच बनाने और पिछड़े तबकों को एकजुट करने की रणनीति पर काम कर रही है। वहीं, लालू यादव की सक्रियता भी कार्यकर्ताओं में जोश भरने का काम करेगी।