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RJD के बाद अब लेफ्ट ने भी खोला मोर्चा: CPI विधायक ने केके पाठक को नौकर बताया, कहा- ऐसे अफसर को कचड़े में फेंके नीतीश-तेजस्वी

PATNA: शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर और शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक के बीच जारी विवाद को लेकर सियासत तेज है। आरजेडी के बाद अब सीपीआई ने भी केके पाठक के खिलाफ मोर्चा खोल दिया

RJD के बाद अब लेफ्ट ने भी खोला मोर्चा: CPI विधायक ने केके पाठक को नौकर बताया, कहा- ऐसे अफसर को कचड़े में फेंके नीतीश-तेजस्वी
Mukesh Srivastava
3 मिनट

PATNA: शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर और शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक के बीच जारी विवाद को लेकर सियासत तेज है। आरजेडी के बाद अब सीपीआई ने भी केके पाठक के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है और सरकार के ऐसे अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर दी है। सीपीआई विधायक सत्येंद्र यादव ने तो केके पाठक को नौकर तक कह दिया और सरकार से ऐसे अधिकारी को कचरे में डाल देने की मांग कर दी।


मानसून सत्र के पहले दिन की कार्यवाही में शामिल होने विधानसभा पहुंचे सीपीआई विधायक सत्येन्द्र यादव केके पाठक पर जमकर बरसे और उन्हें एक बदतमीज अधिकारी बता दिया। उन्होंने कहा कि केके पाठक को चाहिए कि वे विधायिका का सम्मान करें लेकिन वे कुछ ज्यादा ही इधर-उधर कर रहे हैं। सरकार को चाहिए कि ऐसे अधिकारी को उठाकर कचरा में डाल दे। उन्होंने अपनी ही सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा कि नीतीश कुमार की सरकार में पहले भी अफसरशाही हावी थी और आज भी चरम पर है और सीपीआई अफसरशाही के साथ नहीं है। अफसरशाही बिहार की जनता के लिए ठीक नहीं है।


उन्होने कहा कि मंत्री सरकार होता है और विभाग में सरकार की चलनी चाहिए, नौकर की क्या हैसियत होती है। अगर कोई नौकर बोल रहा है तो उसके पीछ जरूर कोई खड़ा है जो सरकार और मंत्री के कद को छोटा करने की कोशिश कर रहा है। बिहार की जनता इसे कभी भी बर्दाश्त नहीं करेगी। महागठबंधन की सरकार में कुछ लोग हैं जो अधिकारियों का पाल पोशकर रखते हैं और उनके चाहने पर मंत्री को बेईज्जत करने का काम करते हैं। पिछली सरकार में मदन सहनी को बेईज्जत किया गया था और इस सरकार में चंद्रशेखर को बेईज्जत किया जा रहा है।


सीपीआई विधायक ने बिना मुख्यमंत्री का नाम लिए कहा कि सत्ता के सिंहासन पर जो बैठे हुए हैं उन्हें इस बात को समझना चाहिए कि बिहार की जनता अपने पर आ गई तो कहीं ठहरने के लिए जगह नहीं मिलेगी। उन्होंने कहा कि सरकार को केके पाठक पर हर हाल में लगाम लगाना पड़ेगा नहीं तो कल से और अधिकारी भी उसी रास्ते पर चल देंगे। उन्होंने इसको लेकर सदन के अंदर आवाज उठाने की बात कही है।

रिपोर्टिंग
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रिपोर्टर

Ganesh Samrat

FirstBihar संवाददाता