ब्रेकिंग
राहत भरी खबर: भारत को मिला डेंगू का पहला वैक्सीन, जाने कैसे लगेगी डोज?CRPF में कांस्टेबल के पदों पर भर्ती का नोटिफिकेशन जारी, 10वीं पास युवाओं के लिए सुनहरा मौकाअक्षय तृतीया के दिन पटना में बड़ी वारदात, दिनदहाड़े ज्वेलरी शॉप से 20 लाख की लूटबिहार में शादी का पंडाल बना मैदान-ए-जंग: बाराती और सराती आपस में भिड़े, जयमाला के बाद दुल्हन ने शादी से किया इनकारपटना के इस इलाके में 20 अप्रैल को नहीं चलेंगे ऑटो और ई-रिक्शा, ट्रैफिक पुलिस ने जारी किया विशेष रूट प्लानराहत भरी खबर: भारत को मिला डेंगू का पहला वैक्सीन, जाने कैसे लगेगी डोज?CRPF में कांस्टेबल के पदों पर भर्ती का नोटिफिकेशन जारी, 10वीं पास युवाओं के लिए सुनहरा मौकाअक्षय तृतीया के दिन पटना में बड़ी वारदात, दिनदहाड़े ज्वेलरी शॉप से 20 लाख की लूटबिहार में शादी का पंडाल बना मैदान-ए-जंग: बाराती और सराती आपस में भिड़े, जयमाला के बाद दुल्हन ने शादी से किया इनकारपटना के इस इलाके में 20 अप्रैल को नहीं चलेंगे ऑटो और ई-रिक्शा, ट्रैफिक पुलिस ने जारी किया विशेष रूट प्लान

मंगल पांडेय का बंगाल सरकार पर हमला: महिला आरक्षण बिल रोकने का टीएमसी-कांग्रेस पर लगाए आरोप, ममता बनर्जी को बताया महिला विरोधी

Bihar Politics: मंगल पांडेय ने ममता बनर्जी सरकार पर महिला विरोधी होने का आरोप लगाते हुए महिला आरक्षण बिल रोकने के लिए टीएमसी और कांग्रेस को जिम्मेदार ठहराया है।

Bihar Politics
© Google
Mukesh Srivastava
3 मिनट

Bihar Politics: पूर्व मंत्री व पश्चिम बंगाल भाजपा प्रभारी मंगल पांडेय ने ममता बनर्जी की सरकार के खिलाफ कड़ा रुख अख्तियार करते हुए उन्हें निशाने पर लिया। उन्होंने संसद में महिला आरक्षण बिल न पास होने का ठीकरा ममता की पार्टी टीएमसी पर फोड़ा। मंगल पांडेय ने कहा कि बंगाल की निर्मम सरकार महिला विरोधी है। यहां महिलाओं के साथ हिंसक घटनाएं व अत्याचार के मामले देशभर में सबसे अधिक हैं। बंगाल की ‘क्रूर सरकार’ के खिलाफ राज्यभर में जन-आक्रोश है। अब बंगाल की जनता परिवर्तन के लिए तैयार है। 


मंगल पांडेय ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को टीएमसी और कांग्रेस ने पास नहीं होने दिया। पीएम मोदी के नेतृत्व में महिला आरक्षण को नई दिशा मिलती। मगर ममता बनर्जी की महिला विरोधी मानसिकता ने उसे रोक दिया। ‘बंगाल की महिलाएं 33 प्रतिशत आरक्षण चाहती थीं और पीएम मोदी ने इसे सुनिश्चित किया। टीएमसी को डर था कि अगर बंगाल की बेटियां बड़ी संख्या में विधायक और सांसद बन गईं, तो उनके ‘महा जंगलराज’ का अंत हो जाएगा। इसीलिए टीएमसी और कांग्रेस ने मिलकर साजिश रची और महिलाओं को उनका हक मिलने से रोक दिया।


मंगल पांडेय ने कहा कि पीएम मोदी ने महिला सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए अनगितन कार्य किए हैं। यही कारण है कि देश के हर राज्य में बहनें और बेटियां भाजपा को सबसे अधिक आशीर्वाद देती हैं। मगर यहां बंगाल की बेटियों को सबसे ज्यादा प्रताड़ित किया गया है। विकसित भारत के निर्माण में बेटियों की भूमिका बढ़ाने के लिए उन्हें राजनीति में लाना अनिवार्य है, लेकिन टीएमसी ने एक बार फिर बंगाल की बहनों के साथ विश्वासघात किया है। पीएम मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र की सरकार असल में महिला हितैषी है, जबकि टीएमसी केवल सत्ता बचाने के लिए महिलाओं के अधिकारों का सौदा कर रही है।


उन्होंने कहा कि पीएम मोदी का सपना है कि बंगाल में ‘भ्रष्टाचार’ को समाप्त कर ‘महिला सम्मान और अधिकार’ पर केंद्रित विकसित राज्य बनाया जाए। बंगाल की करोड़ों महिला मतदाता बहनों का विश्वास सीएम ममता ने खो दिया है। बंगाल में ममता बनर्जी की सफलता का सबसे बड़ा आधार महिला मतदाता ही रही हैं। अब महिला आरक्षण विधेयक पर ममता की पार्टी का साथ न देना महिलाओं को अधिकार से वंचित रखने का सबसे बड़ा आधार बना है। तृणमूल कांग्रेस जैसे दलों की स्वार्थपूर्ण राजनीति का दुष्प्रभाव देश की नारी शक्ति को झेलना पड़ा है।

इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

Mukesh Srivastava

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

संबंधित खबरें