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INDIA गठबंधन में दरार! दिल्ली में सभी 7 सीटों पर कांग्रेस ने चुनाव लड़ने का किया ऐलान, आप ने कहा- ऐसी बातें आती रहेंगी

DELHI: NDA को टक्कर देने के लिए 26 विपक्षी दलों ने मिलकर I.N.D.I.A गठबंधन बनाया है। पटना के बाद बेंगलूरू में हुई बैठक में विपक्षी पार्टियां ने इस गठबंधन का नाम 'इंडिया&#39

INDIA गठबंधन में दरार! दिल्ली में सभी 7 सीटों पर कांग्रेस ने चुनाव लड़ने का किया ऐलान, आप ने कहा- ऐसी बातें आती रहेंगी
Jitendra Vidyarthi
5 मिनट

DELHI: NDA को टक्कर देने के लिए 26 विपक्षी दलों ने मिलकर I.N.D.I.A गठबंधन बनाया है। पटना के बाद बेंगलूरू में हुई बैठक में विपक्षी पार्टियां ने इस गठबंधन का नाम 'इंडिया' (इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इन्क्लूसिव अलायंस) रखा। बेंगलूरू में एकजुट हुए समान विचारधारा वाले दलों ने इस नाम पर सहमति जतायी थी और अगले लोकसभा चुनाव में भाजपा को सत्ता से बेदखल करने का संकल्प लिया था। लेकिन दिल्ली में इस गठबंधन में दरार पड़ती नजर आ रही है इसका कारण यह है कि कांग्रेस ने दिल्ली की सभी 7 लोकसभा सीटों से चुनाव लड़ने का ऐलान कर दिया है। 


बता दें कि दिल्ली की बैठक में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन, सांसद राहुल गांधी, केसी वेणुगोपाल सहित कई वरिष्ठ नेता दिल्ली में आयोजित बैठक में शामिल हुए थे। बैठक के बाद कांग्रेस के नेताओं ने कहा था कि उनकी पार्टी आगामी लोकसभा चुनाव में दिल्ली की सभी सीटों पर अपना उम्मीदवार उतारेगी। बैठक में आम आदमी पार्टी या फिर गठबंधन की कोई चर्चा नहीं हुई थी। ऐसे में कांग्रेस का यह फैसला विपक्षी गठबंधन के लिए किसी झटके से कम नहीं है। कांग्रेस नेता अनिल चौधरी ने बताया कि हमारा रास्ता अलग है। कांग्रेस ने केजरीवाल सरकार की नीतियों को एक्सपोज करने के लिए पोल खोल यात्रा की। 2024 में लोकसभा चुनाव हम ही जीतेंगे। 2025 के चुनाव में अरविंद केजरीवाल दिल्ली के सीएम नहीं होंगे। यह हमारी कोशिश रहेगी। 


वही कांग्रेस नेता अलका लांबा ने बताया कि तीन घंटे तक चली बैठक में राहुल गांधी, कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, के.सी. वेणुगोपाल और दीपक बाबरिया मौजूद थे। संगठन को मज़बूत करने, आगामी लोकसभा चुनाव की तैयारी करने पर बात हुई। 7 महीने और 7 सीटें(दिल्ली लोकसभा) हैं। सभी सीटों पर हर नेता को आज से अभी से निकलना है, संगठन की तरफ से जिसको जो भी ज़िम्मेदारी दी जा रही है, उसे हम निभाएंगे। मुद्दों को लेकर जनता के बीच जाना है। अलका लांबा ने भी साफ तौर पर कह दिया है कि कांग्रेस की बैठक में यह फैसला लिया गया है कि हम दिल्ली की सभी 7 सीटों पर चुनाव लड़ेंगे। सभी कार्यकर्ताओं को तैयारी करने को कहा गया है। वही आम आदमी पार्टी के नेता व दिल्ली सरकार में मंत्री सौरभ भारद्वाज ने कहा कि ऐसी बातें आती रहेंगी। जब INDIA के घटक दल मिलकर बैठेंगे, जब सभी पार्टियों का शीर्ष नेतृत्व एक साथ बैठकर सीटों के बंटवारे पर चर्चा करेगा तब पता चलेगा कि किस पार्टी को कौन सी सीटें मिल रही हैं।


जबकि बीजेपी नेता व केन्द्रीय मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान ने कहा कि" अब कांग्रेस दिल्ली की 7 लोकसभा सीटों पर चुनाव लड़ने की बात कर रही है। साफ है कि आम आदमी पार्टी ने दिल्ली में कांग्रेस के पैरों से दरी खींच ली है। 'घमंडिया गठबंधन' की तरफ से ये अभी पहला रुझान है। आगे कांग्रेस को यूपी में सपा, बंगाल में तृणमूल कांग्रेस, बिहार में RJD-JDU के साथ भी कुछ ऐसा ही  देखने को मिल सकता है। कांग्रेस को या तो अकेले चुनाव लड़ना होगा या फिर किसी गठबंधन में तीसरे दर्जे की पार्टी रहकर पूरे देश में 100 सीट भी लड़ने को मिल पाना मुश्किल है। अब साफ हो रहा कि 'घमंडिया गठबंधन' केवल सदन में गतिरोध पैदा कर कामकाज रोकने की गलत नीयत व दिखावे के लिए बना था। यह गठबंधन ही 2024 तक नहीं टिकेगा।


बता दें कि आगामी 31 अगस्त और 1 सितंबर को मुंबई में विपक्षी गठबंधन की महत्वपूर्ण बैठक होने वाली है। जिसमें I.N.D.I.A. गठबंधन में शामिल सभी 26 राजनीतिक दल के नेता शामिल होंगे। इसी दिन गठबंधन के संयोजक के नाम पर फैसला हो सकता है और समन्वय समिति का गठन हो सकता है। मुंबई में होने वाली विपक्षी दलों की तीसरी बैठक में कांग्रेस के इस रुख पर चर्चा होने की संभावना है। मुंबई में होने वाली बैठक में इसे लेकर क्या नतीजा निकलकर सामने आएगा यह देखने वाली बात होगी।