Rajya Sabha Chunav: राज्यसभा चुनाव को लेकर बिहार में हलचल तेज, चिराग पासवान ने बुलाई पार्टी की अहम बैठक; रणनीति पर होगी चर्चा

Rajya Sabha Chunav: राज्यसभा चुनाव से पहले चिराग पासवान ने लोजपा (रामविलास) की अहम बैठक बुलाई है. 2 मार्च को 19 विधायकों संग राज्यसभा चुनाव की रणनीति पर चर्चा होगी.

1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Mar 01, 2026, 5:11:25 PM

Rajya Sabha Chunav

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Rajya Sabha Chunav: आगामी राज्यसभा चुनाव को लेकर बिहार की सियासत में हलचल तेज हो गई है। इसी कड़ी में केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने अपनी पार्टी लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) की महत्वपूर्ण बैठक बुलाई है। सोमवार को होने वाली इस बैठक में पार्टी के सभी 19 विधायक और वरिष्ठ पदाधिकारी शामिल होंगे।


हाल के दिनों में चिराग पासवान की मां रीना पासवान को एनडीए की ओर से राज्यसभा प्रत्याशी बनाए जाने की अटकलें चल रही थीं। हालांकि, चिराग पासवान ने इन अटकलों को सिरे से खारिज कर दिया था और स्पष्ट किया था कि उनकी मां राजनीति में नहीं आ रही हैं और न ही राज्यसभा सीट को लेकर कोई दावेदारी है।


रविवार को पटना में मीडिया से बातचीत के दौरान चिराग पासवान ने कहा कि यह बैठक एक निरंतर प्रक्रिया का हिस्सा है। हाल ही में संपन्न हुए बिहार विधानसभा के बजट सत्र को लेकर विधायकों के अनुभव साझा किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि पार्टी के अधिकांश विधायक पहली बार सदन में अपनी बात रख रहे थे, ऐसे में उनके अनुभवों और सुझावों पर चर्चा जरूरी है।


चिराग पासवान ने यह भी संकेत दिया कि बैठक में आगामी राज्यसभा चुनाव को लेकर रणनीति पर विस्तार से चर्चा होगी। नामांकन प्रक्रिया जारी है और ऐसे में पार्टी के 19 विधायकों की भूमिका अहम है। गठबंधन के भीतर चल रही बातचीत को विधायकों के साथ साझा कर आगे की रणनीति तय की जाएगी।


बता दें कि बिहार की पांच राज्यसभा सीटों पर इसी महीने चुनाव होना है और नामांकन की अंतिम तिथि 5 मार्च निर्धारित है। इनमें से तीन सीटें एनडीए और दो सीटें महागठबंधन के खाते में रही हैं। मौजूदा विधानसभा संख्याबल के अनुसार चार सीटों पर सत्तारूढ़ गठबंधन की जीत लगभग तय मानी जा रही है, जबकि एक सीट के लिए एनडीए को अतिरिक्त विधायकों के समर्थन की आवश्यकता होगी।


उधर, विपक्ष की ओर से राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) ने भी एक सीट पर अपना प्रत्याशी उतारने की घोषणा कर दी है। हालांकि महागठबंधन के पास भी एक सीट जीतने के लिए पर्याप्त संख्याबल नहीं है। ऐसे में राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।