ब्रेकिंग
बिहार में बड़ा फर्जीवाड़ा: सरकारी पोखर पर कब्जा कर कराई फर्जी रजिस्ट्री, मेयर के बेटे और डिप्टी मेयर समेत 47 लोगों के खिलाफ केसBihar News : बांकीपुर उपचुनाव में बड़ा आदेश! अब बिना अनुमति सभा-जुलूस किया तो होगी कार्रवाईBihar News : 35 साल पुराने विस्फोट केस में बड़ा फैसला! पूर्व सांसद सूरजभान सिंह समेत 3 आरोपित बरीBihar News: अब नहीं बचेगा कोई अपराधी! बिहार पुलिस मुख्यालय ने सभी एसपी को जारी किए सख्त निर्देशBihar Weather Today: पटना में उमस से लोग बेहाल, दरभंगा-मधुबनी समेत कई जिलों में बारिश और वज्रपात का अलर्टबिहार में बड़ा फर्जीवाड़ा: सरकारी पोखर पर कब्जा कर कराई फर्जी रजिस्ट्री, मेयर के बेटे और डिप्टी मेयर समेत 47 लोगों के खिलाफ केसBihar News : बांकीपुर उपचुनाव में बड़ा आदेश! अब बिना अनुमति सभा-जुलूस किया तो होगी कार्रवाईBihar News : 35 साल पुराने विस्फोट केस में बड़ा फैसला! पूर्व सांसद सूरजभान सिंह समेत 3 आरोपित बरीBihar News: अब नहीं बचेगा कोई अपराधी! बिहार पुलिस मुख्यालय ने सभी एसपी को जारी किए सख्त निर्देशBihar Weather Today: पटना में उमस से लोग बेहाल, दरभंगा-मधुबनी समेत कई जिलों में बारिश और वज्रपात का अलर्ट

पटना: रेनबो हॉस्पिटल का निदेशक गिरफ्तार, रेमडेसिविर की कर रहे थे कालाबाजारी, ईओयू ने की कार्रवाई

PATNA: कोरोना मरीजों के लिए रेमडेसिविर इंजेक्शन की मांग बढ़ते ही कालाबाजारी भी शुरू हो गयी है। ईओयू और गांधी मैदान थाने की पुलिस ने धंधेबाज को दबोचा। इस दौरान धंधेबाज डॉ. अशफा

पटना: रेनबो हॉस्पिटल का निदेशक गिरफ्तार, रेमडेसिविर की कर रहे थे कालाबाजारी, ईओयू ने की कार्रवाई
Santosh Singh
2 मिनट

PATNA: कोरोना मरीजों के लिए रेमडेसिविर इंजेक्शन की मांग बढ़ते ही कालाबाजारी भी शुरू हो गयी है। ईओयू और गांधी मैदान थाने की पुलिस ने धंधेबाज को दबोचा। इस दौरान धंधेबाज डॉ. अशफाक अहमद और उसके साले मो. अल्ताफ को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। ये दोनों जुबीआर इंजेक्शन को 50 हजार रुपये में बेच रहे थे। ईओयू की टीम ने एसपी वर्मा रोड स्थित अशफाक के रेनबो अस्पताल से दो वायल जुबीआर इंजेक्शन बरामद किया है। 





इंजेक्शन का एमआरपी 3400 रुपये है जबकि इसे पचास हजार रुपये में बेचा जा रहा था। ड्रग विभाग के अधिकारी के बयान पर दोनों पर गांधी मैदान थाना में केस दर्ज किया गया है। डॉ. अशफाक रेनबो अस्पताल के निदेशक भी हैं। ईओयू के डीएसपी भास्कर रंजन को कालाबाजी की सूचना मिली थी जिसके उन्होंने ग्राहक बनकर जाल बिछाया जिसमें दोनों फंस गये। ईओयू की इस कार्रवाई से लोग भी खुश है। क्यों कि इन कालाबाजारियों के कारण ही उन्हें महंगे दामों पर इंजेक्शन खरीदना पड़ रहा था।