चुपके से आधीरात को इंस्पेक्टर ने महिला मित्र को बुलाया घर, सिपाही ने कर दिया वीडियो वायरल, SP को किया सेंड

1st Bihar Published by: Updated Sat, 10 Apr 2021 10:14:47 PM IST

चुपके से आधीरात को इंस्पेक्टर ने महिला मित्र को बुलाया घर, सिपाही ने कर दिया वीडियो वायरल, SP को किया सेंड

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NAWADA : बिहार पुलिस के कई कारनामे सामने आते रहते हैं, जिसकी काफी चर्चाएं होती हैं. ऐसा ही एक ताजा मामला नवादा जिले से सामने आया है, जो काफी हैरान करने वाला है. दरअसल आधीरात को अकेले में एक महिला मित्र को बुलाना इंस्पेक्टर को भारी पड़ गया. क्योंकि एक सिपाही ने वीडियो बनाकर वायरल कर दिया. उसने एसपी को मोबाइल पर सेंड कर दिया. जिसके बाद काफी हाई वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला.


मामला नवादा जिले के रजौली थाना क्षेत्र की है, जहां चितरकोली पंचायत में जांच चौकी पर एक अजीबोगरीब घटना हुई. दरअसल आधी रात को अपनी महिला मित्र को बुलाना उत्पाद विभाग के इंस्‍पेक्‍टर को भारी पड़ गया. बताया जा रहा है कि जिस महिला मित्र को इंस्पेक्टर ने बुलाया था, उस महिला को बीच रास्ते में रोककर सिपाही ने बवाल खड़ा कर दिया. कांस्टेबल ने महिला का वीडियो रिकार्ड कर एसपी को भेज दिया. जब ये बात महिला को बुलाने वाले इंस्पेक्टर को पता चली तो वह सिपाही के साथ लड़ बैठा. 


इस घटना के संबंध में जानकारी मिली है कि उत्पाद विभाग का इंस्‍पेक्‍टर हर एक दिन पर अपनी रात में बुलाता है. वह महिला अक्सर आती-जाती रहती है. जानकारी के अनुसार जांच चौकी पर तैनात उत्पाद निरिक्षक ने अपनी महिला मित्र को निजी गाड़ी से जांच चौकी स्थित अपने डेरे पर बुलाया. रात को लगभग 11 बजे महिला मित्र को लेकर गाड़ी जांच चौकी पर परिवहन कार्यालय की तरफ जाने के लिए मुड़ी. शराब जांच के लिए तैनात उत्पाद सिपाही संतोष कुमार झा ने वाहन को रोकने का इशारा किया. उन्होंने वाहन में बैठी महिला से पूछा कि कहां जाना है. इसपर महिला भड़क गई और कहा कि इंस्पेक्टर साहब के यहां जा रहीं हूं. फिर सिपाही ने अपने मोबाइल से महिला की तस्वीर ले ली और वीडियो बनाकर उत्पाद एसपी को भेज दिया. 


सिपाही की इस हरकत पर इंस्पेक्टर काफी नाराज हो गया. स्थिति इतनी बिगड़ गई कि इंस्‍पेक्‍टर और सिपाही के बीच विवाद हो गया. इंस्पेक्टर पहुंचे और सिपाही की क्लास लगा दी. उत्‍पाद अधीक्षक ने मामले की नजाकत को देखते हुए इसे उत्पाद अवर निरीक्षक राजेश कुमार सिन्हा को भेजा. लेकिन जब मामला शांत नहीं हुआ तो एसडीओ और उत्पाद अधीक्षक अनिल कुमार आजाद खुद पहुंचे और दोनों को समझा-बुझाकर मामले को शांत कराया.