बिहार के कई जिलों में जहरीली शराब से मौत का तांडव, अजीत शर्मा ने CM नीतीश पर साधा निशाना

बिहार के कई जिलों में जहरीली शराब से मौत का तांडव, अजीत शर्मा ने CM नीतीश पर साधा निशाना

BHAGALPUR : बिहार में शराबबंदी के दावों की पोल इस बार होली में खोलकर रख दी है। यहां बिहार के अलग-अलग जिलों से शराब बंदी के बावजूद शराब पीने की वजह से लगभग 19 लोगों की मौत हो चुकी है। भागलपुर, बांका और मधेपुरा में कई लोगों की जान शराब पीने की वजह से हुई है। हालांकि अधिकारिक पुष्टि अब तक नहीं की जा रही है। संदिग्ध हालत में भागलपुर के अंदर 7 लोगों की मौत हुई है जबकि बांका में 8 और मधेपुरा में 4 लोगों की जान चली गई है।


वहीं शराब पीने से हुई मौत पर कांग्रेस विधायक दल के नेता अजीत शर्मा ने सरकार और प्रशासन पर जमकर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि जब भागलपुर के साहेबगंज मोहल्ले के रहने वाले गौरव कुमार ने तीन थानों को फोन कर शराब की सूचना दी तब थाना क्षेत्र का मामला बताकर तीनों थाना ने पल्ला झाड़ लिया। वहीं वरीय पुलिस अधीक्षक के द्वारा भी फोन नहीं उठाया गया, तो समझा जा सकता है कि बिहार में शराबबंदी का क्या हाल है। 


उन्होंने कहा कि बिहार के कई जिलों में जहरीली शराब से मौत हो रही है। लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। वहीं उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन के लोग की मिलीभगत से राज्य में धड़ल्ले से शराब की बिक्री हो रही है। विधायक दल के नेता ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि बिहार में शराबबंदी खत्म कर ऊंचे दामों पर शराब की बिक्री की मांग की। जिससे बिहार का भी विकास होगा और जहरीली शराब से मौत भी रुकेगी। उन्होंने लापरवाह पुलिस पदाधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है। 


वहीं प्रत्यक्षदर्शी गांव के ही रहने वाले कुमार गौरव ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि शराब विक्रेता के बारे में मैं कई दफे स्थानीय थाने को बताया उसके बाद वरीय पदाधिकारियों को भी बताया लेकिन किसी ने भी मेरी बात नहीं सुनी और उन लोगों का कहना होता था यह हमारे क्षेत्र से बाहर का है, इसलिए इस केस को मैं हैंडल नहीं करूंगा। अगर उसी समय इस विषय पर संज्ञान लिया जाता तो शायद यह मौत नहीं होती।