ब्रेकिंग
पुलिस हेडक्वार्टर के सामने युवक की लाश मिलने से सनसनी, शव की पहचान करने में जुटी पुलिस धान खरीद में अनियमितता को लेकर EOU की जांच तेज, प्रशासनिक महकमे में मचा हड़कंपहोम्योपैथिक क्लिनिक की आड़ में चल रहा था अवैध स्प्रिट का काला खेल, उत्पाद विभाग संचालक को किया गिरफ्तारखराब सड़क-पुल पर ठेकेदारों की खैर नहीं, 82 अधिकारियों की टीम करेगी जांचKISHANGANJ: ठाकुरगंज में भ्रष्टाचार का बड़ा खुलासा: 4.04 लाख की निकासी पर घमासान, कागजों पर बनी सड़क, जमीन पर गायबपुलिस हेडक्वार्टर के सामने युवक की लाश मिलने से सनसनी, शव की पहचान करने में जुटी पुलिस धान खरीद में अनियमितता को लेकर EOU की जांच तेज, प्रशासनिक महकमे में मचा हड़कंपहोम्योपैथिक क्लिनिक की आड़ में चल रहा था अवैध स्प्रिट का काला खेल, उत्पाद विभाग संचालक को किया गिरफ्तारखराब सड़क-पुल पर ठेकेदारों की खैर नहीं, 82 अधिकारियों की टीम करेगी जांचKISHANGANJ: ठाकुरगंज में भ्रष्टाचार का बड़ा खुलासा: 4.04 लाख की निकासी पर घमासान, कागजों पर बनी सड़क, जमीन पर गायब

पुलिस ने जिन चार लोगों को बनाया था उग्रवादी वे सभी निकले निर्दोष

DESK : पलामू पुलिस ने वर्ष 2018 में पुलिस बल पर हमला करने के आरोप में जिन चार लोगों को उग्रवादी बता कर मामला दर्ज किया था, उन्हें सीआईडी ने क्लीन चिट दे दिया है. सीआईडी ने इस संबंध

पुलिस ने जिन चार लोगों को बनाया था उग्रवादी वे सभी निकले निर्दोष
First Bihar
2 मिनट

DESK : पलामू पुलिस ने वर्ष 2018 में पुलिस बल पर हमला करने के आरोप में जिन चार लोगों को उग्रवादी बता कर मामला दर्ज किया था, उन्हें सीआईडी ने क्लीन चिट दे दिया है. सीआईडी ने इस संबंध में न्यायालय में अपनी रिपोर्ट सौंपी दी है. पलामू पुलिस ने दर्ज प्राथमिकी में कहा था कि सुरेश ठाकुर राजेश ठाकुर अजय और रूबी अपने कई साथियों के साथ मिलकर पुलिस बल पर हमला किया था. यह सभी उग्रवादी हैं. 

पलामू के पुलिस अधिकारी के बयान पर सभी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज हुई थी. लेकिन बाद में सीआईडी के द्वारा इस मामले की जांच की गई तो इन चार आरोपियों के खिलाफ कोई साक्ष्य नहीं मिला. चारों मुठभेड़ में शामिल नहीं थे. इस वजह से सीआईडी ने सभी को निर्दोष करार दिया.

सीआइडी की जांच रिपोर्ट के अनुसार मामले में नौडीहा बाजार के तत्कालीन थाना प्रभारी सबइंस्पेक्टर दयानंद शाह की लिखित शिकायत पर केस नंबर 08/18 के तहत नौ फरवरी 2018 को केस दर्ज हुआ था. केस में 17 उग्रवादियों और नामजद व अन्य 10-12 अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया गया था. सब पर पुलिस बल पर जानलेवा हमला करते हुए अंधाधुंध फायरिंग करने, अवैध हथियार, गोली और अन्य सामान बरामद होने होने का आरोप था.

टैग्स
इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

First Bihar

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

संबंधित खबरें