ब्रेकिंग
2 करोड़ लोग ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ से जुड़े, बोले प्रशांत किशोर..जनता की नाराजगी सरकार को समझनी चाहिएपटना के होटल में पॉलिटेक्निक छात्रा से छेड़छाड़ का प्रयास, पिता के सामने अगवा करने की कोशिशजन्मदिन पर नितिन नवीन से मिलने पहुंचे खेसारी लाल यादव, भाजपा में शामिल होने के सवाल पर बोले- ‘मैं RJD के साथ था, हूं और रहूंगा’विजय बनकर इमरान शेख ने हिंदू युवती से किया निकाह, जबरन धर्म बदलने और गोमांस खिलाने का आरोप, मुख्य आरोपी दो भाईयों के साथ गिरफ्तार‘कॉकरोच जनता पार्टी’ की वेबसाइट ठप, अभिजीत दिपके ने केंद्र पर लगाया तानाशाही का आरोप2 करोड़ लोग ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ से जुड़े, बोले प्रशांत किशोर..जनता की नाराजगी सरकार को समझनी चाहिएपटना के होटल में पॉलिटेक्निक छात्रा से छेड़छाड़ का प्रयास, पिता के सामने अगवा करने की कोशिशजन्मदिन पर नितिन नवीन से मिलने पहुंचे खेसारी लाल यादव, भाजपा में शामिल होने के सवाल पर बोले- ‘मैं RJD के साथ था, हूं और रहूंगा’विजय बनकर इमरान शेख ने हिंदू युवती से किया निकाह, जबरन धर्म बदलने और गोमांस खिलाने का आरोप, मुख्य आरोपी दो भाईयों के साथ गिरफ्तार‘कॉकरोच जनता पार्टी’ की वेबसाइट ठप, अभिजीत दिपके ने केंद्र पर लगाया तानाशाही का आरोप

कोझिकोड विमान हादसा : बेहद अनुभवी पायलट साठे उड़ा रहे थे फ्लाइट, भाई कारगिल वार में हुए थे शहीद

DESK : कोझिकोड विमान हादसे को लेकर एक बात साफ हो गई है कि फ्लाइट खराब मौसम के कारण क्रैश हुई। कोझीकोड एयरपोर्ट एक खतरनाक टेबल टॉप एयरपोर्ट माना जाता है लिहाजा यहां फ्लाइट उतार

FirstBihar
Santosh Singh
2 मिनट

DESK : कोझिकोड विमान हादसे को लेकर एक बात साफ हो गई है कि फ्लाइट खराब मौसम के कारण क्रैश हुई। कोझीकोड एयरपोर्ट एक खतरनाक टेबल टॉप एयरपोर्ट माना जाता है लिहाजा यहां फ्लाइट उतारने वाले पायलट बेहद एक्सपोर्ट होते हैं। एयर इंडिया एक्सप्रेस की जो फ्लाइट क्रैश हुई उसे भी बेहद अनुभवी दीपक वसंत साठे उड़ा रहे थे। वायुसेना के विंग कमांडर रह चुके दीपक वसंत साठे का अनुभव बेहतरीन रहा है। 


साल 1981 में वायु सेना के लिए कमीशन हुए दीपक वसंत साठे का पूरा परिवार सेना से जुड़ा रहा है। उनके पिता ब्रिगेडियर रहे हैं और एक भाई भी सेना के अधिकारी। दीपक वसंत साठे के भाई कारगिल वार में शहीद हो गए थे और अब कोझीकोड विमान हादसे में उनकी मौत हो गई है। 



वायुसेना के पूर्व विंग कमांडर का 6 साल 2003 में रिटायर हुए और उसके बाद उन्होंने एयर इंडिया को ज्वाइन किया। कैप्टन साथी का अनुभव कितना शानदार था इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि एयर फोर्स अकैडमी में उन्होंने तोड़ ऑफ ऑनर का खिताब जीता।