ब्रेकिंग
Bihar MLC Election 2026 : अनंत सिंह की बगावत के बाद एक्शन में नीतीश कुमार, नीरज की जीत के लिए चला 'अमोघ अस्त्र'! ललन सिंह से मुलाकात के बाद क्या बदलेगा खेल?अनंत-नीरज की लड़ाई में क्यों चुप हैं नीतीश कुमार? ‘पंच परमेश्वर’ बनने से क्यों बच रहे JDU के राष्ट्रीय अध्यक्ष, कहीं यह सोची-समझी रणनीति तो नहीं?Bihar News : डायल-112 टीम पर हमला पड़ेगा महंगा, थानेदार पर होगी कार्रवाई; बिहार पुलिस मुख्यालय का सख्त आदेशBihar News : ‘पार्टी में बर्तन बजते रहते हैं’, अनंत-नीरज विवाद पर संजय झा ने संभाला मोर्चा; ललन सिंह को लेकर भी दिया जवाबBihar News: बिहार में 5 साल में लगेंगे 10 हजार उद्योग, CM सम्राट ने बताया बड़ा लक्ष्यBihar MLC Election 2026 : अनंत सिंह की बगावत के बाद एक्शन में नीतीश कुमार, नीरज की जीत के लिए चला 'अमोघ अस्त्र'! ललन सिंह से मुलाकात के बाद क्या बदलेगा खेल?अनंत-नीरज की लड़ाई में क्यों चुप हैं नीतीश कुमार? ‘पंच परमेश्वर’ बनने से क्यों बच रहे JDU के राष्ट्रीय अध्यक्ष, कहीं यह सोची-समझी रणनीति तो नहीं?Bihar News : डायल-112 टीम पर हमला पड़ेगा महंगा, थानेदार पर होगी कार्रवाई; बिहार पुलिस मुख्यालय का सख्त आदेशBihar News : ‘पार्टी में बर्तन बजते रहते हैं’, अनंत-नीरज विवाद पर संजय झा ने संभाला मोर्चा; ललन सिंह को लेकर भी दिया जवाबBihar News: बिहार में 5 साल में लगेंगे 10 हजार उद्योग, CM सम्राट ने बताया बड़ा लक्ष्य

2.70 करोड़ रुपये गबन का खुलासा, 3 आरोपी गिरफ्तार

SAMASTIPUR: समस्तीपुर पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने एटीएम में पैसा जमा करने वाली कंपनी पर 2 करोड़ 70 लाख रुपये गबन का खुलासा किया है। इस मामले मे एटीएम कैश मैनेजमेंट

2.70 करोड़ रुपये गबन का खुलासा, 3 आरोपी गिरफ्तार
Jitendra Vidyarthi
2 मिनट

SAMASTIPUR: समस्तीपुर पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने एटीएम में पैसा जमा करने वाली कंपनी पर 2 करोड़ 70 लाख रुपये गबन का खुलासा किया है। इस मामले मे एटीएम कैश मैनेजमेंट की बेगूसराय शाखा प्रबंधक राजेश कुमार द्वारा समस्तीपुर नगर थाना में कुछ दिन पहले ही मामला दर्ज कराया था। जिसके बाद नगर पुलिस ने जांच के बाद इस मामले में 3 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों के पास से 3.37 लाख कैश, सोने की चेन, अंगूठी, सोने की कंगन, 11 ATM कार्ड, 9 बैंको का चेक बुक और  2 मोबाइल बरामद किया है। पुलिस ने बताया कि मामले का उद्भेदन होने के बाद मास्टरमाइंड फरार हो गया था। जिसकी हैदराबाद एयरपोर्ट पर होने की सूचना के बाद गिरफ्तार किया गया। उसी की निशानदेही के आधार पर दो अन्य आरोपियों की भी गिरफ्तारी हुई। 


सदर डीएसपी ने बताया कि आउटसाेर्सिंग कम्पनी द्वारा शहर के विभिन्न बैंकों के ATM में कैश जमा कराया जाता था। इस दौरान कर्मचारियों को एटीएम में कैश जमा करने के लिए 15 लाख रुपए मिलते थे। कर्मचारी एटीएम में सिर्फ 5 लाख रुपए ही डालते थे और बचे 10 लाख रुपए अपने पास रख लेते थे। और इसी रकम को वे सूद पर लगाते थे। इन कर्मचारियों द्वारा यह गोरखधंधा करीब 6 महीने से चल रहा था। आउटसोर्सिंग कंपनी की 6 महीने की ऑडिट में मामला उजागर हुआ। हालांकि इस मामले की जांच आगे भी जारी रहेगी। इस बात की जानकारी डीएसपी प्रीतिश कुमार ने दी। आखिर इतने बड़े पैमाने पर किस तरह से गबन किया गया। इसमें कंपनी और बैंक के वरीय अधिकारियों की भी संलिप्तता से इनकार नहीं किया जा सकता।

रिपोर्टिंग
R

रिपोर्टर

Ramesh Rai

FirstBihar संवाददाता