ब्रेकिंग
कमरे में फंदे से लटका मिला पति-पत्नी का शव, बेटी ने बड़े भाई पर लगाया हत्या का आरोपचिनी मिल जमीन फर्जीवाड़ा मामले में एक्शन, राजस्व कर्मचारी सस्पेंड; डीएम ने दिए जांच के आदेशबिहार के बैंक में 3.80 करोड़ का फ्रॉड, दो बैंक मैनेजर समेत 28 लोगों के खिलाफ केस दर्जमैरिज एनिवर्सरी के आठ दिन बाद चौथी मंजिल से गिरकर युवक की संदिग्ध मौत, दो शादियों की कहानी आई सामनेBihar News : PMCH के पूर्व प्रिंसिपल डॉ. एनपी सिंह की मुश्किलें बढ़ीं,बॉडीगार्ड के बयान ने बदली कहानी कमरे में फंदे से लटका मिला पति-पत्नी का शव, बेटी ने बड़े भाई पर लगाया हत्या का आरोपचिनी मिल जमीन फर्जीवाड़ा मामले में एक्शन, राजस्व कर्मचारी सस्पेंड; डीएम ने दिए जांच के आदेशबिहार के बैंक में 3.80 करोड़ का फ्रॉड, दो बैंक मैनेजर समेत 28 लोगों के खिलाफ केस दर्जमैरिज एनिवर्सरी के आठ दिन बाद चौथी मंजिल से गिरकर युवक की संदिग्ध मौत, दो शादियों की कहानी आई सामनेBihar News : PMCH के पूर्व प्रिंसिपल डॉ. एनपी सिंह की मुश्किलें बढ़ीं,बॉडीगार्ड के बयान ने बदली कहानी

कोरोना वैक्सीन लगने के 16 दिन बाद डॉक्टर की मौत, पत्नी ने कहा- टीका लेने से पहले पूरी तरह से स्वस्थ्य थे..

DESK : कोरोना वैक्सीन लेने के 16 दिन बाद एक डॉक्टर की मौत हो गई. जिसके बाद उनकी पत्नी ने अपनी पति की मौत के लिए कोरोना वैक्सीन फाइजर को जिम्मेदार ठहराया है.पूरा मामला अमेरिक

कोरोना वैक्सीन लगने के 16 दिन बाद डॉक्टर की मौत, पत्नी ने कहा- टीका लेने से पहले पूरी तरह से स्वस्थ्य थे..
Anamika
3 मिनट

DESK : कोरोना वैक्सीन लेने के 16 दिन बाद एक डॉक्टर की मौत हो गई. जिसके बाद उनकी पत्नी ने अपनी पति की मौत के लिए कोरोना वैक्सीन फाइजर को जिम्मेदार ठहराया है.

पूरा मामला अमेरिका के मियामी का है. जहां के रहने वाले डॉक्टर ग्रेगरी माइकल ने 18 दिसंबर को फाइजर वैक्सीन लगवाई थी और इसके ठीक 16 दिन बाद उनकी मौत हो गई थी.  जिसके बाद उनकी पत्नी हेइदी नेकेलमान ने दावा किया कि उनके पति वैक्सीन लगवाने के पहले पूरी तरह स्वस्थ थे और फीट थे. टीका लगाने के पहले उन्हें कोई बीमारी नहीं थी, लेकिन वैक्सीनेशन के बाद खून में रहस्यमयी गड़बड़ी आ गई.

कोरोना वैक्सीन लगने के 16 दिन बाद डॉक्टर की मौत, पत्नी ने कहा- टीका लेने से पहले पूरी तरह से स्वस्थ्य थे..

मीडिया से बात करते हुए हेइदी ने बताया कि  'मेरे पति की मौत का सीधा संबंध फाइजर वैक्सीन से है, क्योंकि इसे लगाने से पहले उनकी हर तरह की जांच की गई थी और उनको कोई बीमारी नहीं थी.डॉक्टरों ने कैंसर की भी जांच की थी और उनके अंदर कुछ भी गलत नहीं पाया गया था.' उनके पति रेगुलर एक्सरसाइज करते थे और स्मोकिंग भी नहीं करते थे. 

डॉक्टर ग्रेगरी माइकल की मौत के बाद फाइजर कंपनी की तरफ से सफाई दी गई है. कंपनी की तरफ से कहा गया कि हमें डॉक्‍टर ग्रेगरी के मौत की जानकारी है और इसकी जांच कर रहे हैं. लेकिन हम यह नहीं मानते कि डॉक्टर ग्रेगरी की मौत का सीधा संबंध फाइजर वैक्सीन से है. वहीं मृत डॉक्टर की पत्नी का कहना है कि टीका लगाने के बाद उसका कोई साइड इफेक्ट नहीं दिखा था. लेकिर तीन दिन बाद उनके हाथ और पैर पर लाल चकत्ते दिखने लगे थे. जांच के बाद पता चला कि उनका प्‍लेटलेट्स काफी गिर गया है और यह जीरो  पहुंच गया था. इसे छोड़कर सारी जांच रिपोर्ट नॉर्मल थी. इसके बाद उन्हें आईसीयू में भर्ती किया जहां  लगातार प्लेटलेस्ट की कमी के कारण उनके सिर में रक्तस्रावी स्ट्रोक हुआ और कुछ ही मिनटों में उनकी मौत हो गई.