Bihar News: बिहार में डेयरी कारोबार अब एक नए प्रयोग की ओर बढ़ रहा है। सुधा डेयरी ने उपभोक्ताओं को गाय और भैंस के दूध के साथ अब बकरी का दूध भी उपलब्ध कराने की तैयारी कर ली है। इसके लिए रोहतास जिले के डेहरी स्थित डेयरी प्लांट परिसर में आधुनिक गोट फार्म तैयार किया गया है। इस पहल के तहत बकरी के दूध को ब्रांडेड पैकिंग में बाजार में उतारा जाएगा, ताकि उपभोक्ताओं को आसानी से इसकी उपलब्धता हो सके।
शाहाबाद दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लिमिटेड की इस परियोजना के तहत डेहरी में आधुनिक गोट फार्म बनाया गया है। फिलहाल इस फार्म में 100 बकरियां रखी गई हैं। इनके लिए आधुनिक शेड और जरूरी सुविधाओं की व्यवस्था की गई है।
इन बकरियों से प्रतिदिन करीब 50 लीटर दूध का उत्पादन हो रहा है। डेयरी अधिकारियों की योजना भविष्य में बकरियों की संख्या बढ़ाकर 200 करने की है। इससे दूध उत्पादन में भी बढ़ोतरी होने की उम्मीद है। इस परियोजना के जरिए सुधा डेयरी बकरी के दूध की व्यवस्थित आपूर्ति और वितरण का नेटवर्क तैयार करना चाहती है।
इस परियोजना की सबसे खास बात इसकी आधुनिक पैकेजिंग है। बकरी के दूध को स्टेरलाइज यानी जीवाणुरहित करने के बाद 200 ML की कांच की बोतलों में पैक किया जाएगा। फिलहाल दूध की पैकेजिंग और गुणवत्ता से जुड़ी प्रक्रियाओं का ट्रायल रन चल रहा है। ट्रायल सफल होने के बाद इसे आम उपभोक्ताओं के लिए बाजार में उतारने की तैयारी है। हालांकि, अभी तक बकरी के दूध की कीमत और इसकी आधिकारिक लॉन्चिंग की तारीख की जानकारी सामने नहीं आई है।
सुधा डेयरी की योजना बकरी के दूध को केवल अपने नियमित बूथों तक सीमित रखने की नहीं है। इसके वितरण के लिए अलग नेटवर्क तैयार किया जा रहा है। योजना के अनुसार, सुधा बूथों के अलावा मेडिकल स्टोर और प्रमुख अस्पतालों में भी बकरी का दूध उपलब्ध कराया जाएगा। इससे उन उपभोक्ताओं को सुविधा मिल सकती है, जिन्हें विशेष रूप से बकरी का दूध खरीदना होता है।
हालांकि, इसकी उपलब्धता और वितरण का अंतिम नेटवर्क उत्पाद की लॉन्चिंग के समय स्पष्ट होगा। सुधा डेयरी की इस पहल का उद्देश्य केवल बाजार में नया दूध उत्पाद उतारना नहीं है, बल्कि बकरी पालन को भी प्रोत्साहित करना है। परियोजना का विस्तार होने पर स्थानीय पशुपालकों को दूध उत्पादन से जुड़ने के नए अवसर मिल सकते हैं। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और पशुपालन आधारित कारोबार को बढ़ावा मिलने की संभावना है।
बकरी का दूध अपने पोषक तत्वों के लिए जाना जाता है। इसे कई लोग गाय और भैंस के दूध के विकल्प के रूप में इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में सुधा डेयरी की ओर से इसकी ब्रांडेड पैकिंग में उपलब्धता उपभोक्ताओं के लिए एक नया विकल्प बन सकती है। अब सबकी नजर इस बात पर है कि सुधा डेयरी कब इसकी आधिकारिक लॉन्चिंग करती है और बाजार में इसकी कीमत कितनी रखी जाती है।





